लैपटॉप में 3 USB-C पोर्ट होने के बावजूद चार्जिंग सिर्फ एक से क्यों होती है? जानिए असली वजह

अगर आपके लैपटॉप में 2 या 3 USB-C पोर्ट हैं, लेकिन चार्जिंग सिर्फ एक ही पोर्ट से होती है, तो इसके पीछे अहम तकनीकी वजह है. जानिए क्यों एक ही पोर्ट से चार्ज होता है लैपटॉप.

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आज USB-C तकनीक ने चार्जिंग को पहले से कहीं ज्यादा आसान बना दिया है. यह एक समान चार्जिंग स्टैंडर्ड की ओर बड़ा कदम माना जाता है, जो इलेक्ट्रॉनिक कचरे को कम करने के साथ-साथ USB Power Delivery (PD) 3.1 के जरिए 240W तक पावर सपोर्ट करता है. फिर भी कई लैपटॉप में एक से ज्यादा USB-C पोर्ट होने के बावजूद चार्जिंग केवल किसी एक या चुनिंदा पोर्ट से ही होती है.

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हर USB-C पोर्ट चार्जिंग के लिए नहीं बना होता

हर USB-C पोर्ट चार्जिंग के लिए नहीं बना होता2 / 7

दिखने में सभी USB-C पोर्ट एक जैसे लगते हैं, लेकिन उनकी क्षमताएं अलग-अलग हो सकती हैं. केवल वही USB-C पोर्ट लैपटॉप चार्जिंग को सपोर्ट करते हैं, जिनमें USB Power Delivery (USB-C PD) का सपोर्ट दिया गया हो. इसी वजह से हर पोर्ट से चार्जिंग संभव नहीं होती. यही बात Thunderbolt जैसी तकनीकों पर भी लागू होती है, क्योंकि सभी USB-C पोर्ट Thunderbolt 5 को सपोर्ट नहीं करते.

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USB-C तकनीक समय के साथ काफी बदली है

USB-C तकनीक समय के साथ काफी बदली है3 / 7

USB-C को पहली बार 2014 में पेश किया गया था, जबकि USB Power Delivery (USB PD) का पहला संस्करण 2012 में पुराने USB-A और USB-B कनेक्टर के लिए आया था. USB-C के साथ USB PD 2.0 लॉन्च हुआ, जो 5V से 20V तक और अधिकतम 100W पावर सपोर्ट करता था. अब USB PD 3.1 के जरिए 5V से 48V तक डायनेमिक वोल्टेज और 240W तक पावर डिलीवरी संभव है. ये भी पढ़ें- फोन की एक सेटिंग बताएगी आपके इलाके में किस कंपनी का नेटवर्क है सबसे दमदार

सभी USB-C पोर्ट की क्षमता एक जैसी नहीं होती

सभी USB-C पोर्ट की क्षमता एक जैसी नहीं होती4 / 7

USB-C के अलग-अलग वर्जन और फीचर्स होने की वजह से यह समझना आसान नहीं होता कि कौन-सा पोर्ट क्या काम करेगा. इसी कारण USB-IF संगठन ने पोर्ट और केबल की क्षमताएं बताने के लिए अलग-अलग लोगो और आइकन बनाए हैं. हालांकि, इन्हें इस्तेमाल करना कंपनियों के लिए अनिवार्य नहीं है, इसलिए कई लैपटॉप पर यह जानकारी दिखाई भी नहीं देती. ये भी पढ़ें- फोन के ऊपर-नीचे बने छोटे छेद आखिर किस काम आते हैं? 90% लोग नहीं जानते इसका जवाब

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सही पोर्ट पहचानने का सबसे आसान तरीका

सही पोर्ट पहचानने का सबसे आसान तरीका5 / 7

अगर आप जानना चाहते हैं कि आपके लैपटॉप का कौन-सा USB-C पोर्ट चार्जिंग, डिस्प्ले आउटपुट या हाई-स्पीड डेटा ट्रांसफर सपोर्ट करता है, तो सबसे अच्छा तरीका है कि डिवाइस का यूजर मैनुअल या आधिकारिक स्पेसिफिकेशन देखें. इससे हर पोर्ट की वास्तविक क्षमता की जानकारी मिल जाती है.

अलग-अलग लैपटॉप में अलग हो सकते हैं फीचर्स

अलग-अलग लैपटॉप में अलग हो सकते हैं फीचर्स6 / 7

उदाहरण के तौर पर, कई Chromebook मॉडल में USB-C पोर्ट चार्जिंग और DisplayPort दोनों को सपोर्ट करते हैं. यानी आप लैपटॉप चार्ज करते हुए बाहरी मॉनिटर भी कनेक्ट कर सकते हैं. वहीं 2025 MacBook Air में Thunderbolt 4 पोर्ट दिया गया है, लेकिन उसकी सभी क्षमताओं की पुष्टि करने के लिए कंपनी की स्पेसिफिकेशन जरूर देखनी चाहिए.

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केबल चुनते समय न करें यह गलती

केबल चुनते समय न करें यह गलती7 / 7

USB-C पोर्ट का पूरा फायदा तभी मिलता है, जब आप सही और प्रमाणित केबल का इस्तेमाल करें. पुराने USB-A से USB-C केबल कई बार जरूरी सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरते, इसलिए उनका उपयोग जोखिम भरा हो सकता है. प्रमाणित USB-C केबल की पहचान के लिए USB-IF के मुफ्त सर्च टूल का उपयोग किया जा सकता है, जिससे सुरक्षित और बेहतर चार्जिंग सुनिश्चित होती है. (Images Credit- Magnific)

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लेखक के बारे में

Mikita Acharya

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मिकिता आचार्य News24 में ऑटो एंड टेक राइटर हैं. पत्रकारिता में उन्हें 6 साल से ज्यादा का अनुभव है. मूल रूप से मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की रहने वाली मिकिता ने इंदौर के देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल और जर्नलिज्म एंड मास कम्यनिकेशन (SJMC, DAVV) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म किया है. वहीं श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, इंदौर से बीएससी की डिग्री ली है. अपने करियर की शुरुआत मिकिता ने 2019 में ईटीवी भारत, हैदराबाद से की, जहां उन्होंने कई ऑटो, टेक के अलावा न्यूज के लिए कॉटेंट लिखा. इसके बाद दैनिक भास्कर सब-एडिटर के तौर पर उन्होंने न्यूज के साथ इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म के लिए भी काम किया. साइंस बैकग्राउंड होने की वजह से ऑटोमोबाइल और टेक्नोलॉजी से जुड़ी खबरें लिखने में मिकिता की गहरी रूचि है. News24 में इस पद पर रहते हुए वे ऑटो और टेक्नोलॉजी से जुड़ी प्रोडक्ट लॉन्च, इंडस्ट्री ट्रेंड्स और रिव्यूज पर रोजाना लेख लिख रही हैं. मिकिता ने ऑटो और टेक से जुड़े कई बड़े इवेंट में ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है. वह ऑटो और टेक इंडस्ट्री से जुड़े एक्सपर्ट्स के संपर्क में रहती हैं. कितने साल का अनुभव: 6+ योग्यता : SJMC, DAVV से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स श्री वैष्णव इंस्टीट्यूट से इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में बीएससी पिछला अनुभव: दैनिक भास्कर, ETV भारत
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