स्मार्टफोन हैक होने से पहले देता है ये चेतावनी, ज्यादातर लोग कर देते हैं नजरअंदाज
साइबर अपराधी अब पहले से ज्यादा स्मार्ट हो चुके हैं और कई बार फोन में वायरस या मालवेयर घुसने का पता भी नहीं चलता. लेकिन हैक होने से पहले स्मार्टफोन कुछ खास संकेत जरूर देता है. जानिए वो 5 रेड फ्लैग्स जो बता सकते हैं कि आपका फोन खतरे में है.

आज के समय में साइबर अपराध और ऑनलाइन फ्रॉड के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. कई बार फोन में वायरस या मालवेयर घुस जाता है और यूजर को इसकी भनक तक नहीं लगती. हालांकि, ऐसे मामलों में स्मार्टफोन कुछ चेतावनी संकेत जरूर देता है. अगर इन संकेतों को समय रहते पहचान लिया जाए, तो निजी डेटा, सोशल मीडिया अकाउंट और बैंकिंग जानकारी को सुरक्षित रखा जा सकता है.
बिना जानकारी के कॉल या मैसेज जाना बड़ा संकेत
2 / 7अगर आपके फोन से ऐसे कॉल या मैसेज किए जा रहे हैं जिन्हें आपने खुद नहीं भेजा, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. कई तरह के मालवेयर फोन का इस्तेमाल स्पैम मैसेज भेजने या संदिग्ध कॉल करने के लिए करते हैं. ऐसी स्थिति में कॉल लॉग और सेंट मैसेज सेक्शन की जांच करना जरूरी है.
फोन में दिखने लगें अनजान ऐप्स तो हो जाएं सतर्क
3 / 7कई बार वायरस या मालवेयर यूजर की अनुमति के बिना फोन में अतिरिक्त ऐप्स इंस्टॉल कर देते हैं. यदि आपके स्मार्टफोन में कोई ऐसा ऐप दिखाई दे, जिसे आपने कभी डाउनलोड नहीं किया, तो यह खतरे का संकेत हो सकता है. ऐसे ऐप्स की तुरंत जांच करें और जरूरत न होने पर उन्हें हटा दें.
लगातार आने वाले पॉप-अप विज्ञापन भी हो सकते हैं खतरनाक
4 / 7अगर फोन इस्तेमाल करते समय बार-बार विज्ञापन या पॉप-अप विंडो दिखाई देने लगें, तो यह एडवेयर संक्रमण का संकेत हो सकता है. साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे पॉप-अप्स पर क्लिक करने से बचना चाहिए क्योंकि इनमें फिशिंग लिंक या हानिकारक फाइलें छिपी हो सकती हैं. ये भी पढ़ें- WhatsApp चलाने के लिए अब देने पड़ेंगे पैसे? जानिए क्या मिलेगा खास जो फ्री वर्जन में नहीं, कितने का है सब्सक्रिप्शन
फोन का ज्यादा गर्म होना और बैटरी जल्दी खत्म होना
5 / 7गर्मी के मौसम में फोन का थोड़ा गर्म होना सामान्य बात है, लेकिन यदि डिवाइस जरूरत से ज्यादा गर्म होने लगे या बैटरी तेजी से खत्म होने लगे, तो सावधान हो जाना चाहिए. कई बार बैकग्राउंड में चल रहे वायरस या मालवेयर लगातार सिस्टम संसाधनों का उपयोग करते रहते हैं, जिससे फोन की परफॉर्मेंस प्रभावित होती है.
वायरस का शक हो तो तुरंत क्या करें?
6 / 7अगर आपको ऊपर बताए गए किसी भी संकेत का अनुभव हो रहा है, तो सबसे पहले फोन को फ्लाइट मोड में डाल दें. इससे संदिग्ध गतिविधियां कुछ समय के लिए रुक सकती हैं. इसके बाद फोन को सेफ मोड में बूट करें, जहां थर्ड-पार्टी ऐप्स निष्क्रिय हो जाती हैं और समस्या की पहचान करना आसान हो जाता है. ये भी पढ़ें- फ्रिज के पीछे लगी जाली कितने महीने में साफ करनी चाहिए? जानिए क्या है सफाई का सही तरीका
फोन को सुरक्षित रखने के लिए अपनाएं ये जरूरी उपाय
7 / 7स्मार्टफोन को सुरक्षित रखने के लिए हमेशा भरोसेमंद और वैरिफाइड ऐप्स ही डाउनलोड करें. किसी अनजान लिंक, APK फाइल या संदिग्ध वेबसाइट पर क्लिक करने से बचें. इसके अलावा Google Play Protect को ऑन रखें और फोन का सॉफ्टवेयर नियमित रूप से अपडेट करते रहें. नए अपडेट्स में अक्सर ऐसे सुरक्षा सुधार शामिल होते हैं, जो साइबर खतरों से बचाने में मदद करते हैं. (Images Credit-AI)