कार का इंजन आखिर कितनी दूर तक चल सकता है, कितने KM होती है इसकी कैपेसिटी?
गर्मी के मौसम में लंबी दूरी के सफर के लिए ज्यादातर लोग कार को सबसे आरामदायक विकल्प मानते हैं. लेकिन कई लोगों के मन में सवाल रहता है कि क्या कार का इंजन 500, 1000 या उससे भी ज्यादा किलोमीटर लगातार चल सकता है? जानिए एक कार का इंजन औसतन कितने लाख किलोमीटर तक चल सकता है, लगातार कितने घंटे तक सफर कर सकता है और उसकी उम्र बढ़ाने के लिए किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है.

क्या आपकी कार का इंजन 1,000 किलोमीटर लगातार चल सकता है? कई लोगों को लगता है कि ज्यादा दूरी तय करने के बाद इंजन जल्दी खराब हो जाता है, लेकिन सच्चाई इससे काफी अलग है.
इंजन की उम्र के लिए कोई तय किलोमीटर नहीं
2 / 11किसी भी कार के इंजन के लिए ऐसा कोई निश्चित नियम नहीं है कि वह सिर्फ एक तय दूरी तक ही चलेगा. आधुनिक पेट्रोल कारों के इंजन आमतौर पर 2 लाख से 3 लाख किलोमीटर तक आराम से चल सकते हैं. वहीं अच्छी देखभाल मिलने पर डीजल इंजन 4 लाख से 5 लाख किलोमीटर तक भी चल सकते हैं.
इंजन की लाइफ किन बातों पर निर्भर करती है?
3 / 11इंजन की उम्र काफी हद तक उसकी देखभाल पर निर्भर करती है. समय पर सर्विस, सही समय पर इंजन ऑयल बदलना और वाहन को सही तरीके से चलाना इंजन की लंबी उम्र के लिए बेहद जरूरी माना जाता है. ये भी पढ़ें- क्या ट्रैफिक चालान न भरने पर पुलिस आपकी गाड़ी जब्त कर सकती है? जानें नियम
15 से 20 साल तक चल सकता है इंजन
4 / 11ऑटो विशेषज्ञों का कहना है कि अगर इंजन की नियमित देखभाल की जाए तो यह 15 से 20 साल या उससे भी अधिक समय तक बिना किसी बड़ी समस्या के काम कर सकता है. यही वजह है कि कई पुरानी कारें आज भी लाखों किलोमीटर चलने के बाद सड़कों पर नजर आती हैं.
लगातार कितने घंटे तक चल सकती है कार?
5 / 11आज की आधुनिक कारें कई घंटों तक बिना किसी परेशानी के चल सकती हैं. आमतौर पर एक कार 4 से 8 घंटे तक लगातार चल सकती है. इस दौरान सबसे बड़ी जरूरत अक्सर ईंधन भरवाने की होती है, न कि इंजन को आराम देने की. ये भी पढ़ें- आपकी इन आदतों से खराब होता है कार का AC, 90% लोग रोज करते हैं ये गलतियां
लंबी दूरी में इंजन नहीं, ड्राइवर को चाहिए आराम
6 / 11विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इंजन, कूलिंग सिस्टम और इंजन ऑयल अच्छी स्थिति में हों तो कार लंबी दूरी तक बिना रुके चल सकती है. कई बार कार से ज्यादा जरूरत ड्राइवर को आराम की होती है.
लंबे सफर में ब्रेक लेना क्यों जरूरी है?
7 / 11तकनीकी रूप से कार को इंसानों की तरह आराम की जरूरत नहीं पड़ती. फिर भी लंबी यात्रा के दौरान हर 2 से 3 घंटे में कुछ मिनट का ब्रेक लेना अच्छा माना जाता है. इससे ड्राइवर को आराम मिलता है और टायर, ब्रेक व इंजन की स्थिति भी जांची जा सकती है. ये भी पढ़ें-पहाड़ों पर कार लेकर जा रहे हैं? ये छोटी गलतियां बना सकती हैं बड़ा खतरा, निकलने से पहले जानें लें ये बातें
क्या गर्मी इंजन पर असर डालती है?
8 / 11बहुत ज्यादा तापमान का असर इंजन पर पड़ सकता है. गर्म मौसम में इंजन को ठंडा रखने वाले सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है. अगर कूलेंट कम हो, रेडिएटर में समस्या हो या सर्विस समय पर न हुई हो, तो इंजन ओवरहीट हो सकता है.
गर्मियों में लंबी यात्रा से पहले क्या जांचें?
9 / 11नई कारों में बेहतर कूलिंग सिस्टम दिए जाते हैं, लेकिन फिर भी विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में लंबी यात्रा से पहले कूलेंट लेवल, इंजन ऑयल और रेडिएटर की स्थिति जरूर जांच लेनी चाहिए.
समय पर सर्विस बढ़ाती है इंजन की उम्र
10 / 11कई लोग मानते हैं कि इंजन खराब होना उसकी किस्मत पर निर्भर करता है, लेकिन असलियत में समय पर सर्विस सबसे अहम भूमिका निभाती है. पेट्रोल कारों की सर्विस आमतौर पर 7,500 से 10,000 किलोमीटर के बीच कराने की सलाह दी जाती है. साथ ही इंजन ऑयल भी समय पर बदलना जरूरी होता है.
ज्यादा किलोमीटर चलने का मतलब इंजन खराब होना नहीं
11 / 11अक्सर लोगों को लगता है कि ज्यादा दूरी तय करने के बाद इंजन बेकार हो जाता है. जबकि आज भी भारत में हजारों ऐसी कारें हैं जो 1 लाख, 2 लाख और यहां तक कि 3 लाख किलोमीटर से ज्यादा चल चुकी हैं और अब भी सड़क पर दौड़ रही हैं. कार की उम्र का फैसला केवल किलोमीटर नहीं करते. असली मायने उसकी मौजूदा स्थिति और समय-समय पर की गई मेंटेनेंस के होते हैं. सही देखभाल मिलने पर इंजन सालों तक शानदार प्रदर्शन करता रह सकता है. (All Image Credit-Freepik)