Neem Karoli Baba Teachings:उत्तर प्रदेश के एक साधारण परिवार में जन्मे नीम करोली बाबा आधुनिक भारत के प्रसिद्ध संत माने जाते हैं. उनका असली नाम लक्ष्मी नारायण शर्मा बताया जाता है. बाद में वे आध्यात्मिक जीवन की ओर मुड़ गए. उत्तराखंड के कैंची धाम आश्रम ने उन्हें विश्व स्तर पर पहचान दिलाई. उनके भक्त मानते हैं कि बाबा ने अनेक चमत्कार किए. कहा जाता है कि वे बिना साधनों के दूर की घटनाएं जान लेते थे. कई लोग उन्हें हनुमान भक्त संत के रूप में पूजते हैं. भारत ही नहीं, अमेरिका और यूरोप तक उनके शिष्य फैले. एप्पल के सह संस्थापक स्टीव जॉब्स और फेसबुक के मार्क जुकरबर्ग जैसे नाम भी उनके आश्रम से जुड़े बताए जाते हैं. आज भी लाखों लोग उनके विचारों से प्रेरणा लेते हैं.
छोटी आदतें, बड़ा असर
बाबा का मानना था कि जीवन बदलने के लिए बड़ी बातों से पहले छोटी आदतों को सुधारना जरूरी है. वे कहते थे कि इंसान अपनी रोज की सोच और व्यवहार से अपना भविष्य बनाता है. उनकी सीख सीधी थी. मन को संभालो. शब्दों को संभालो. फैसलों को संभालो.
क्रोध में जवाब न दें
अक्सर गुस्से में हम वह बोल देते हैं जो दिल में नहीं होता. बाद में पछतावा होता है. रिश्ते कमजोर पड़ जाते हैं. बाबा की सीख थी कि क्रोध के समय चुप रहना ही सबसे बड़ी बुद्धिमानी है. उस पल खुद को रोक लेना कई टूटते संबंध बचा सकता है. गुस्सा शांत होने के बाद कही गई बात ज्यादा असरदार होती है.
यह भी पढ़ें: Vidur Niti: इंसान के रूप में कौन है गीदड़? जानें किन लोगों को विदुर नीति में कहा गया है धरती पर बोझ
खुशी में वादा न करें
बहुत ज्यादा खुशी भी कई बार समझ को कमजोर कर देती है. उस समय किया गया वादा बोझ बन सकता है. बाबा कहते थे कि उत्साह में लिया गया निर्णय बाद में परेशानी दे सकता है. इसलिए जब मन बहुत प्रसन्न हो, तब भी संतुलन जरूरी है. हर वादा सोच समझकर करें.
दुख में फैसला न लें
दुख के समय मन भारी होता है. सोच साफ नहीं रहती है. ऐसे में लिया गया निर्णय अक्सर गलत दिशा देता है. बाबा ने अपने उपदेश में कहा था कि जब तक मन शांत न हो, तब तक बड़े फैसले टाल देना बेहतर है. धैर्य रखना भी साधना का हिस्सा है.
दुनिया भर में प्रभाव
उत्तराखंड के नैनीताल जिले में स्थित कैंची धाम आज एक विश्व प्रसिद्ध आध्यात्मिक आस्था का केंद्र है. हर साल हजारों लोग वहां पहुंचते हैं. सोशल मीडिया के दौर में भी उनके विचार तेजी से फैल रहे हैं. उनकी शिक्षाएं जटिल नहीं हैं. वे जीवन के साधारण नियमों की याद दिलाती हैं. गुस्सा रोको. खुशी में संभलो. दुख में ठहरो. यही तीन बातें जीवन को नई दिशा दे सकती हैं.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.
संबंधित खबरें
8वां वेतन आयोग एक्शन में, दशहरा के तुरंत बाद बुलाई बड़ी बैठक, सैलरी पर मंथन
13 hrs agoगांव की जमीन का पट्टा कैसे मिलेगा? पूरा प्रोसेस आसान भाषा में
16 hrs agoसुप्रीम कोर्ट, राजस्थान सफाई कर्मचारी व C-DAC में 26000 से ज्यादा वैकेंसी
18 hrs ago12 से 18 अक्टूबर तक कितने दिन बंद रहेंगे बैंक? देखें पूरी लिस्ट
21 hrs agoदिल्ली में सोमवार को इन 30 रास्तों पर रहेगा डायवर्जन, पढ़ लें ये एडवाइजरी
1 day agoदिल्ली में CJP के प्रदर्शन को क्यों नहीं मिली मंजूरी? DCP नेहा ने गिनाई वजह
1 day agoजिबूती तट के पास नाव पलटी, 15 बच्चों समेत 109 लोगों की मौत, 116 लापता
1 day agoदिल्ली में CEC के खिलाफ प्रदर्शन, सीपी से नेहा बोरा समेत 100 हिरासत में
1 day agoमेट्रो, हाईवे और रेलवे… PM मोदी ने तमिलनाडु को दी 13,000 करोड़ की सौगात
1 day agoअदाणी सीमेंट का नवरात्रि पर मां दुर्गा को 15000 बोरियों से एरियल ट्रिब्यूट
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines