वर्ल्ड टूर करना हर घुमक्कड़ का सपना होता है. यात्रा के शौकीन लोगों कई देशों की यात्रा करते हैं, लेकिन बहुत कम ही ऐसे होते हैं जो दुनिया के लगभग हर देश में घूम पाते हैं. आज हम आपको ऐसे ही एक शख्स से मिलवाने जा रहे हैं, जिसने इस नामुमकिन से लगने वाली यात्रा को पूरा कर लिया. जी हां, हम बात कर रहे हैं, बेनी प्रसाद (Benny Prasad) की जिन्होंने 6 साल, 6 महीने और 22 दिन पहले दुनिया घूमने की अपनी यात्रा शुरू की और इस संकल्प को बहुत ही कम समय में पूरा भी कर लिया.

बेनी प्रसाद ने की 245 देशों की यात्रा


बेंगलुरु में जन्मे पेशे से म्यूजिशियन बेनी प्रसाद का ट्रैवल रिकॉर्ड सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है. उन्होंने दावा किया है कि उन्होंने 245 देशों की यात्रा की और इसे साबित करने के लिए उनके पास 16 भारतीय पासपोर्ट हैं, जो स्टैम्प और वीजा से भरे हुए हैं. एक इंस्टाग्राम वीडियो में उन्हें अपने पासपोर्ट का कलेक्शन दिखाते हुए देखा जा सकता है. वीडियो में देखा जा सकता है कि पुराने होने की वजह से पासपोर्ट के पन्ने पीले पड़ गए हैं और उन पर अंटार्कटिका समेत छह महाद्वीपों के एंट्री स्टैम्प, वीजा और सील दर्ज हैं.

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बेनी प्रसाद कहते हैं, 'मैं भारत से हूं और मैंने सबसे कम समय में हर देश की यात्रा की है… 6 साल, 6 महीने और 22 दिनों में अंटार्कटिका समेत 245 देशों की यात्रा की है.' Most Traveled People के शेयर किए गए वीडियो में प्रसाद ने वीजा और दूसरे डॉक्यूमेंट्स रिलेटेड चुनौतियों के बारे में बताया. वीडियो के कैप्शन में लिखा था, 'म्यूजिशियन और दुनिया घूमने वाले बेनी प्रसाद सबसे कम समय में दुनिया के हर देश की यात्रा करने वाले व्यक्ति बन गए. उन्होंने यह सफर सिर्फ 6 साल, 6 महीने और 22 दिनों में पूरा किया.'

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कैप्शन में आगे लिखा है, 'दुनिया भर में घूमते हुए उन्हें 16 पासपोर्ट बनवाने पड़े जो अब वीजा और स्टैम्प से भरे हुए हैं. बहुत से यात्रियों के लिए, यात्रा की योजना बनाने का मतलब सिर्फ फ्लाइट बुक करना होता है. दूसरों के लिए इसमें और भी बहुत कुछ करना पड़ता है और बेनी यह बात किसी और से बेहतर जानते हैं.'

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कौन हैं बेनी प्रसाद?


6 अगस्त 1975 को बेंगलुरु में जन्मे बेंनी प्रसाद एक पॉपुलर गिटारिस्ट हैं. उनकी आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार बेनी का बचपन स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्याओं और फैमिली की उम्मीदों के दबाव में गुजरा. बचपन में ही उन्हें गंभीर दमा की समस्या रही और लंबे समय तक कोर्टिसोन स्टेरॉयड लेना पड़ा. इसकी वजह से उन्हें रयूमेटॉइड अर्थराइटिस हुआ. ये स्वास्थ्य समस्याएं आज भी उनके जीवन के लिए खतरनाक बनी हुई हैं.

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एक साल में 40 से 50 देशों की यात्रा


बचपन से ही पढ़ाई से दूर भागने वाले बेनी को परिवार के गुस्से और उपेक्षा का सामना करना पड़ा, जिसकी वजह से वो डिप्रेशन के शिकार भी हो गए. इस दौरान बेनी ने खुद को चोट भी पहुंचाने की कोशिश की. जीवन का मोड़ तब आया जब उन्होंने म्यूजिक की ओर रुख किया. गिटार से जुड़ने के बाद उनकी जिंदगी में नई दिशा आई और उन्होंने कठिनाइयों के बावजूद अपनी एक अलग पहचान बनाई. आधिकारिक जानकारी के अनुसार बेनी ने एक साल में 40-50 देशों की यात्राएं कीं.