Sandeshkhali Violence Suvendu Adhikari News In Hindi (मनोज पांडे): पश्चिम बंगाल की राजनीति में इन दिनों संदेशखाली चर्चा का विषय बना हुआ है। संदेशखाली में मचा बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। बीजेपी के नेता लगातार संदेशखाली जाने का प्रयास कर रहे हैं। अब कलकत्ता हाईकोर्ट ने विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी को उत्तर 24 परगना जिले के संदेशखाली जाने की अनुमति दे दी है। आज शुभेंदु अधिकारी संदेशखाली का दौरा करेंगे। जिन इलाकों में धारा 144 लागू नहीं है, वहां सुवेंदु पीड़ित परिवार के लोगों से मुलाकात करेंगे। बताया जा रहा है कि 19 इलाकों में धारा 144 लगी हुई है।
सुकांता मजूमदार की बिगड़ी तबीयत
इससे पहले, बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांता मजूमदार संदेशखाली जाना चाह रहे थे, लेकिन बीच रास्ते में पुलिस के साथ धक्कामुक्की में उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें वापस कोलकाता में अस्पताल में भर्ती कराया गया। सुवेंदु अधिकारी भी संदेशखाली जा रहे थे, लेकिन बीच रास्ते में उन्हें पुलिस ने रोक लिया। विपक्ष के सभी नेताओं के संदेशखाली जाने पर रोक लगी हुई थी।
शेख शाहजहां पर महिलाओं ने लगाए गंभीर आरोप
संदेशखाली की महिलाओं का आरोप है कि शेख शाहजहां और उसके करीबी लोगों ने उनका यौन उत्पीड़न किया है। इसके साथ ही, उनकी जमीन पर कब्जा कर लिया है। महिलाओं का विरोध प्रदर्शन जारी है। पिछले कुछ दिनों से शाहजहां शेख और टीएमसी के नेताओं के खिलाफ संदेशखाली में विरोध-प्रदर्शन हो रहे हैं। इस बीच विपक्ष के नेता संदेशखाली जाने को लेकर आमादा हैं, लेकिन उन्हें रोका जा रहा है।
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सुवेंदु अधिकारी को करना पड़ेगा कोर्ट के निर्देश का पालन
बंगाल में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी को भी जाने से रोका गया, लेकिन उन्होंने कोर्ट का रुख किया और अब उन्हें संदेशखाली जाने की अनुमति मिल गई है। कोर्ट ने सोमवार को उन्हें संदेशखाली जाने की मंजूरी देते हुए अपनी यात्रा के मार्ग की जानकारी राज्य सरकार को मुहैया करने का निर्देश दिया है। न्यायमूर्ति कौशिक चंद ने बीजेपी नेता को निर्देश दिया कि दौरे पर वो कोई भड़काऊ भाषण नहीं देंगे और अशांत इलाके में कानून व्यवस्था की समस्या पैदा नहीं करेंगे। कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया कि शुभेंदु अधिकारी को संदेशखाली के दौरे के दौरान पर्याप्त सुरक्षा मुहैया कराई जाए।
राज्यपाल ने पीड़ितों के लिए खोला राजभवन का दरवाजा
वहीं, इन सब मामलों को लेकर पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने राजभवन में पीस कक्ष खोल रखा है, जहां पर संदेशखाली की महिलाएं अपनी शिकायत दर्ज करा सकती है। महिलाओं का आरोप है कि वह थाने में जाकर अपनी शिकायत दर्ज कराना चाहती हैं, लेकिन उनकी शिकायत दर्ज नहीं हो पा रही है इसी को लेकर राज्यपाल ने संदेशखाली का दौरा किया था, जिसके बाद उन्होंने निर्णय लिया है कि जिनकी शिकायत थाने में दर्ज नहीं हो रही हैं, वो राजभवन में आकर दर्ज करा सकता है। राज्यपाल के द्वारा इस पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
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