सोशल मीडिया के दौर में रील और सेल्फी का क्रेज कई बार जानलेवा साबित हो जाता है. ऐसा ही एक मामला तमिलनाडु के नीलगिरी जिले से सामने आया है, जहां एक टूरिस्ट सेल्फी और रील बनाने के दौरान 150 फीट गहरी खाई में गिर गया. राहत की बात ये रही कि इंडियन आर्मी की तत्परता और बहादुरी से उसकी जान बचा ली गई. जानकारी के मुताबिक, ये घटना गुडालूर के पास स्थित ऊसिमलाई व्यूप्वाइंट की है. यहां चेंगलपेट जिले का रहने वाला शिवगुरुनाथन घूमने आया था. ये जगह गुडालूर-ऊटी नेशनल हाईवे पर मौजूद एक फेमस टूरिस्ट प्वॉइंट है, जो वन विभाग के अंतर्गत आता है. यहां पर्यटकों के आने और जाने के लिए टाइम लिमिट तय है और हर आने वाले का रजिस्टर में रिकॉर्ड रखा जाता है.
घंटों तक चला सर्च ऑपरेशन
बताया जा रहा है कि निर्धारित समय के बाद जब टूरिस्ट बाहर नहीं निकला, तो वन अधिकारियों को संदेह हुआ. रजिस्टर की जांच करने पर पता चला कि शिवगुरुनाथन अब तक बाहर नहीं आया है. इसके बाद तुरंत स्थानीय प्रशासन को सूचित किया गया और सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया. इंडियन आर्मी को भी इस अभियान में शामिल किया गया. हालांकि, रात का समय, घना जंगल और इलाके में हाथियों, बाघों जैसे जंगली जानवरों की मौजूदगी की वजह से बचाव कार्य काफी चुनौतीपूर्ण हो गया. अंधेरा बढ़ने के कारण शुरुआती खोज अभियान को रोकना पड़ा.
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कड़ी मशक्कत के बाद बचाई जान
इस पूरे ऑपरेशन की निगरानी वेलिंगटन छावनी के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा की जा रही थी. बाद में आधी रात को सेना और वन विभाग की संयुक्त टीम ने दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया. कई घंटों की कड़ी मेहनत के बाद आखिरकार शिवगुरुनाथन को खाई से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. खुशकिस्मती से उसे सिर्फ मामूली चोटें आई हैं और उसे तुरंत मेडिकल हेल्प उपलब्ध कराई गई. फिलहाल उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है. इस घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और सेना की जमकर सराहना हो रही है. वहीं, ये मामला एक बार फिर से चेतावनी देता है कि खतरनाक जगहों पर सेल्फी और रील बनाने से बचना चाहिए. थोड़ी सी लापरवाही जान के लिए खतरा बन सकती है.
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