प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को PRAGATI की 51वीं बैठक की अध्यक्षता की. इस हाई लेवल रिव्यू मीटिंग में रेलवे, पावर और सड़क क्षेत्र की सात प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं पर विस्तृत चर्चा हुई. ये परियोजनाएं नौ राज्यों में फैली हुई हैं और इनकी कुल अनुमानित लागत करीब 30000 करोड़ रुपये है. बैठक में केन-बेतवा लिंक परियोजना और स्वच्छ भारत मिशन-Urban 2.0 की भी प्रगति की समीक्षा की गई. प्रधानमंत्री मोदी ने शहरी क्षेत्रों में रूफटॉप सोलर परियोजनाओं को मिशन मोड में तेजी से लागू करने पर जोर दिया.

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PM मोदी के मीटिंग की प्रमुख बातें

  • बैठक में रेलवे, पावर और सड़क क्षेत्र की 7 बड़ी इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की समीक्षा हुई.
  • 9 राज्यों में फैली इन परियोजनाओं की कुल लागत करीब ₹30,000 करोड़ है.
  • केन-बेतवा लिंक परियोजना और स्वच्छ भारत मिशन-Urban 2.0 की भी समीक्षा की गई.
  • पीएम मोदी ने शहरी क्षेत्रों में रूफटॉप सोलर को मिशन मोड में बढ़ाने पर जोर दिया.
  • आवासीय इलाकों और सार्वजनिक संस्थानों में सोलर अपनाने की रफ्तार तेज करने को कहा.
  • वाधवन पोर्ट को मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी वाले मॉडल पोर्ट के रूप में विकसित करने पर जोर.
  • पोर्ट को हाईवे, रेलवे, एयरपोर्ट, जलमार्ग और फ्रेट कॉरिडोर से जोड़ने की बात कही गई.
  • स्वच्छ भारत मिशन 2.0 के प्रभावी क्रियान्वयन और नियमित मॉनिटरिंग पर जोर.
  • राज्यों से वेस्ट प्रोसेसिंग और GOBARdhan प्लांट जैसी परियोजनाएं तेजी से पूरी करने को कहा गया.
  • केन-बेतवा परियोजना को अंतरराज्यीय जल विवाद समाधान का मॉडल बताया गया.
  • राज्यों को नदी जोड़ो, जल संरक्षण और भूजल रिचार्ज जैसी योजनाओं पर साथ काम करने की सलाह.
  • पीएम मोदी ने कहा कि सार्वजनिक परियोजनाओं में देरी से लागत बढ़ती है और जनता विकास लाभ से वंचित होती है.
  • मंत्रालयों और राज्यों को लंबित मुद्दे जल्द सुलझाकर परियोजनाएं तेजी से पूरी करने के निर्देश.
  • नहरों के ऊपर और किनारे सोलर पैनल लगाने जैसे नवाचारों पर भी जोर दिया गया.
  • कैबिनेट सचिव ने बताया कि राज्यों में सामाजिक योजनाओं की मासिक समीक्षा व्यवस्था शुरू की गई है.
  • इस नई व्यवस्था के तहत सबसे पहले स्वच्छ भारत मिशन की समीक्षा की जा रही है.

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