रेलवे कर्मचारियों के संगठन नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन रेलवे मैन (एनएफआईआर) मांग की है कि उनका वेतन बढ़ाया जाए. एनएफआईआर के महासचिव डॉ. एम रघुवैया ने रेलवे के सभी कर्मचारियों के बारे में कहा कि रेल कर्मचारी पूरे निष्ठा और मेहनत लगन के साथ पूरी रेलवे की सेवा करते हैं लेकिन इसके बावजूद उनको जो पारिश्रमिक मिलना चाहिए वह नहीं मिल रहा है. उन्होंने बताया कि आज जो न्यूनतम वेतन है वह 18000/- रुपए है जो डीए मिलकर मुश्किल से तीस हजार बनता है. एक कर्मचारी का घर इसमें कैसे चल पाएगा.
उन्होंने कहा कि हमारी फेडरेशन की सरकार से मांग है कि वह इस वेतन को 8वें पे कमीशन में बढ़ाकर 69000/- कर दिया जाए, जिससे हमारे रेल कर्मचारियों का सही तरीके से उनके परिवार का गुजर बसर हो सके. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार से मांग है कि आठवां वेतन आयोग जल्द से जल्द लागू किया जाए. इसके अलावा ओल्ड पेंशन स्कीम को भी लागू किया जाए जिससे हमारे रेलवे के सभी कर्मचारियों को लाभ मिल सके और सुचारू रूप से अपने परिवार को चला सके.
---विज्ञापन---
एनएफआईआर के मीडिया प्रभारी सोमनाथ मलिक ने बताया कि पहले रेलवे में 17 लाख से अधिक कर्मचारी कार्यरत थे जो अब घटकर सिर्फ 12:30 लाख रह गए हैं जबकि इस दौरान रेलवे ट्रैक में भारी विस्तार हुआ है और ट्रेनों की संख्या भी बढ़ी है. इसकी वजह से कर्मचारियों के ऊपर काम का दबाव बढ़ता जा रहा है. उन्होंने सरकार से मांग की कि वह कर्मचारियों की भी नियुक्ति करें ताकि काम का लोड कर्मचारियों पर कम पड़े.
---विज्ञापन---
उन्होंने कहा कि हमारे रेल कर्मचारी चाहे दिन हो चाहे रात हो चाहे त्यौहार हो निरंतर काम करते रहते हैं. उन्होंने कहा कि हमारी फेडरेशन ने सरकार से मांग की है कि आठवां वेतन आयोग को जल्दी से जल्दी लागू किया जाए और न्यूनतम वेतन को बढ़ाया जाए. कर्मचारियों की नियुक्ति किया जाए ताकि रेलवे भी सुचारू रूप से चले और हमारे कर्मचारियों का भरण पोषण भी सही तरीके से हो सके.
---विज्ञापन---
---विज्ञापन---