पूर्व पीएम मनमोहन सिंह का निगम बोध घाट पर 28 जनवरी को सुबह अंतिम संस्कार किया जाना तय किया गया है। इस पर कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कहा कि इससे पहले आज सुबह कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर सुझाव दिया था कि पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का अंतिम संस्कार ऐसे स्थान पर किया जाए, जहां उनकी विरासत को सम्मान देने के लिए एक स्मारक बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि हमारे देश के लोग यह समझ नहीं पा रहे हैं कि भारत सरकार उनके अंतिम संस्कार और स्मारक के लिए ऐसा स्थान क्यों नहीं ढूंढ पाई जो उनकी वैश्विक प्रतिष्ठा, उत्कृष्ट उपलब्धियों के रिकॉर्ड और दशकों से देश के लिए उनकी अनुकरणीय सेवा के अनुरूप हो। उनका कहना था कि यह भारत के पहले सिख प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का जानबूझकर किया गया अपमान है।
पूर्व पीएम मनमोहन सिंह का अंतिम संस्कार 28 दिसंबर को राजकीय सम्मान के साथ दिल्ली के निगम बोध घाट पर होगा। जानकारी के अनुसार सुबह 11.45 बजे पूर्व पीएम का अंतिम संस्कार होगा। बता दें पूर्व प्रधानमंत्री के निधन पर केंद्र सरकार ने 7 दिन का राष्ट्रीय शोक घोषित किया हुआ है।
कांग्रेस कार्य समिति द्वारा डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर शोक प्रस्ताव पास किया गया है। समिति ने पूर्व पीएम के निधन पर गहरा शोक जताते हुए कहा कि वह देश के एक सच्चे राजनेता थे। उनके जीवन और कार्यों ने भारत के भविष्य को दिशा दिखाई है। 1990 के दशक में वह आर्थिक उदारीकरण के शिल्पकार थे। बता दें समिति ने AICC मुख्यालय में मनमोहन सिंह को श्रद्धांजलि देने के लिए बैठक बुलाई थी।
पंजाब सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर 1 जनवरी, 2025 तक सात दिनों के राजकीय शोक की घोषणा की है। सरकार के प्रवक्ता ने शुक्रवार को कहा कि केंद्रीय गृह मंत्रालय के निर्देशानुसार इस शोक अवधि के दौरान पंजाब सरकार के कार्यालयों में कोई भी आधिकारिक मनोरंजन नहीं होगा और राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका हुआ रहेगा।
दिल्ली के AICC मुख्यालय में कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) की बैठक बुलाई गई है। ये बैठक पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए बुलाई गई है। बैठक में सोनिया गांधी, राहुल गांधी, कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे समेत वरिष्ठ कांग्रेस नेता मौजूद हैं।
पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के निधन पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने वीडियो जारी कर उन्हें श्रद्धांजलि दी है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पूर्व पीएम का जाना देश के लिए बड़ी क्षति है। उन्होंने कहा कि मनमोहन सिंह ने अपने जीवनकाल में शैक्षणिक उच्चाईयों को छुआ और देश की सेवा की। उन्होंने उच्च पदों पर पहुंचकर अर्थशास्त्र की थ्योरी को प्रैक्टिकल कर दिखाया और वित्त मंत्री रहते हुए 1991 में उदारीकरण की नीति अपनाई।
पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर बीजद सांसद सस्मित पात्रा ने शोक जताते हुए कहा कि हम सभी उनके निधन से व्यथित और दुखी हैं। जब वे पूर्व प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री थे, तब मैं उनके काम और जीवन के बारे में अधिक जानने के लिए उनके पास चुपचाप बैठा करता था। 90 के दशक की शुरुआत में जब उदारीकरण हुआ था लाखों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने के साथ-साथ उदारीकरण के एक नए युग को लाने में उनका योगदान रह है।
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के निधन पर शोक जताया। उन्होंने ट्वीट लिखा कि भारत ने डॉ. मनमोहन सिंह के रूप में एक महान व्यक्ति और फ्रांस ने एक सच्चा दोस्त खो दिया है। उन्होंने अपना जीवन अपने देश के लिए समर्पित कर दिया था। हमारी संवेदनाएं उनके परिवार और भारत के लोगों के साथ हैं।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर हिमाचल प्रदेश से भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने शोक जताया। उनका कहना है कि वह आरबीआई गवर्नर, वित्त मंत्री थे और देश में आर्थिक सुधार लाए। वह शांत स्वभाव के व्यक्ति थे। संसद में अक्सर शायराना अंदाज में जवाब देते हैं, वह एक अच्छे सांसद भी थे।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने शोक जताया। उनका कहना है कि उन्होंने चेहरे पर मुस्कान के साथ अपने रास्ते में आने वाली सभी चुनौतियों का सामना किया। वह एक सरल और शांत स्वभाव के व्यक्ति थे। उन्होंने देश को एकजुट रखा। इतिहास उन्हें अलग तरह से देखेगा।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर एनसीपी-एससीपी प्रमुख शरद पवार ने शोक जताया है। उनका कहना है कि आज देश की जनता शोक में है। वह सोचते थे कि देश के लिए सबसे अच्छा क्या है। जब मैं महाराष्ट्र का सीएम था, वह आरबीआई गवर्नर थे। उस दौरान मैं उनसे बात करता था, तब से मेरे मन में उनके लिए सम्मान था।
पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह जी का पार्थिव शरीर आज उनके निवास स्थान 3, मोतीलाल नेहरू रोड, नई दिल्ली में जनता के अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। कल 28 दिसंबर को सुबह 8 बजे उनका पार्थिव शरीर AICC मुख्यालय ले जाया जाएगा, जहां जनता तथा कांग्रेस कार्यकर्ताओं को सुबह 8.30 से 9.30 बजे के बीच उनको श्रद्धांजलि अर्पित करने का अवसर मिलेगा। डॉ. सिंह की अंतिम यात्रा कल सुबह 9.30 बजे AICC मुख्यालय से श्मशान घाट तक जाएगी। जहां 10 बजे उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ने श्रद्धांजलि दी। उनका कहना है कि यह बेहद दुखद खबर है। वह चाहे किसी भी पार्टी से रहे हों, उन्होंने लोगों के दिलों को छुआ है। पीएम के रूप में उनका कार्यकाल जाना जाएगा। इतनी सारी बातों के लिए पीएम मोदी ने 7 दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर एनसीपी-एससीपी सांसद सुप्रिया सुले ने शोक जताया। उनका कहना है कि वह एक असाधारण व्यक्ति थे। सौभाग्यशाली हूं कि मुझे उनसे मिलने, उनसे बात करने और संसद में कई बार उन्हें सुनने का अवसर मिला।
केंद्रीय कैबिनेट की बैठक आज सुबह ठीक 11 बजे हुई। प्रधानमंत्री मोदी ने इसकी अध्यक्षता की। इसमें डॉ मनमोहन सिंह के योगदान को याद किया गया और एक शोक प्रस्ताव भी पारित किया गया। वहीं दिल्ली में आज शाम 5 बजे CWC कांग्रेस कार्यसमिति की बैठक होगी। इस बैठक में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को श्रद्धांजलि दी जाएगी।
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि मैं अपनी पार्टी की तरफ से मनमोहन सिंह के परिवार को इस मुश्किल घड़ी में संबल प्रदान करता हूं। मनमोहन सिंह भारत-पाकिस्तान के विभाजन के वक्त रिफ्यूजी थे। ईमानदारी और मेहनत से वे तरक्की करते गए और साल 2004 में प्रधानमंत्री बने। वे पहले प्रधानमंत्री थे, जिन्होंने अल्पसंख्यकों खासकर मुस्लिमों को ऊपर उठाने का काम किया।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत और महासचिव दत्तात्रेय होसबाले ने पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के निधन पर शोक जताया। दोनों ने एक संयुक्त बयान जारी किया। इसमें उन्होंने कहा कि वे सामान्य परिवार से थे और देश के सर्वोच्च पद पर पहुंचे। वे विख्यात अर्थशास्त्री थे। उनके योगदान को देश हमेशा याद रखेगा। ईश्वर उनकी आत्मा को सद्गति दें।
समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव का कहना है कि डॉ. मनमोहन सिंह ऐसे पीएम थे, जिन्होंने देश को आर्थिक रूप से मजबूत किया। देश में अभी जो बहुत कुछ दिख रहा है, वो पूर्व पीएम मनमोहन सिंह की वजह से है। उनके द्वारा लिए गए फैसलों की वजह से आर्थिक नीतियों में, आज परिणाम यह है कि हम दुनिया में एक समान हैं… वह एक आर्थिक भी थे… वह कम बोलते थे लेकिन उस समय उन्होंने जो फैसले लिये, वह आज हमें दिखाते हैं कि उन्होंने कितने सोच-समझकर फैसले लिये थे… उन्हें देश के एक अच्छे पीएम के रूप में हमेशा याद किया जाएगा
देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू पूर्व PM मनमोहन सिंह को श्रद्धांजलि देने उनके आवास पर पहुंचीं। इससे पहले सेना के अफसरों ने मनमोहन सिंह के पार्थिव शरीर को तिरंगा से लपेटा।
पूर्व पीएम डॉ. मनमोहन सिंह के निधन पर पीएम मोदी ने कहा कि एक सांसद के तौर पर उनकी निष्ठा हर किसी के लिए प्रेरणा है। अहम मौकों पर वह व्हीलचेयर पर संसद आते थे और एक सांसद के तौर पर अपना कर्तव्य निभाते थे। उन्होंने हमेशा विभिन्न दलों के नेताओं के साथ अपने संबंध बनाए रखे और जब मैं मुख्यमंत्री था तो मैं विभिन्न राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय विषयों पर चर्चा करता था। मैं देश के प्रत्येक नागरिक की ओर से अपनी संवेदनाएं व्यक्त करता हूं। मैं डॉ. मनमोहन सिंह को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।