पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच तनाव को लेकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) की बैठक हुई, जिसमें पहलगाम आतंकी हमले, भारत-पाकिस्तान तनाव, भारत-पाकिस्तान POK विवाद, भारत-पाकिस्तान जल विवाद पर चर्चा हुई। बैठक संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस की अध्यक्षता में हुई, जिसमें सभी मेंबर देशों के प्रतिनिधि भी शामिल रहे।
बैठक सुरक्षा परिषद के मेन रूम में नहीं, बल्कि ‘कंसल्टेशन रूम’ में हुई। इस रूम में अकसर सीक्रेट मीटिंग होती हैं। मीटिंग से पहले संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने मीडिया से बात की थी और मीटिंग के बाद भारत और पाकिस्तान के प्रतिनिधियों ने मीडिया से रूबरू होकर मीटिंग में हुई चर्चा के पॉइट्स पर ब्रीफ किया। आइए जानते हैं कि किसने क्या कहा?
पाकिस्तान ने क्या कहा?
1. पाकिस्तान ने फिर से UNSC मंच का दुरुपयोग करके भारत के खिलाफ झूठ फैलाया है। पाकिस्तान जानबूझकर पहलगाम आतंकी हमले की कहानी को कमजोर करने के लिए कश्मीर मुद्दे को UNSC में लाया।
2. UNSC की बैठक के बाद पाकिस्तान के प्रतिनिधि असीम इफ्तिखार अहमद ने मीडिया को ब्रीफ किया। 9 मिनट तक भारत विरोधी प्रचार किया। उन्होंने भारत पर युद्ध के लिए सैन्य तैयारी करने और भड़काऊ बयानों का आरोप लगाया। सिंधु जल संधि को निलंबित करने को आक्रामकता बताया।
3. पाकिस्तान ने कहा कि UNSC की बैठक बुलाने का पाकिस्तान का जो मकसद था वह पूरा हो गया है। भारत के आरोपों ‘बेसलेस’ है। कश्मीर मुद्दे के हल मिलकर सुलझाया जा सकता है। पाकिस्तान शांति चाहता है। भारत से बातचीत करके मुद्दे सुलझाना चाहता है। UNSC के मेंबर भी चाहते हैं कि भारत पाकिस्तान कश्मीर समेत सभी मुद्दों को शांति से सुलझाए।
4. पकिस्तान ने कहा कि भारत ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान के खिलाफ जो कदम उठाए। वह सही नहीं थे, बल्कि वे एकतरफा और गैर-कानूनी थे। भारत की कार्रवाई ही भारत-पाकिस्तान तनाव को चरम पर ले गई। पाकिस्तान भारत से कोई टकराव नहीं चाहता। पहलगाम आतंकी हमले में पाकिस्तान का कोई हाथ नहीं है।
5. पाक प्रतिनिधि ने कहा कि सिंधु जल संधि विश्व बैंक की मध्यस्थता के साथ हुई थी, जो युद्धों के दौरान भी बरकरार रही तो अब भारत ने किस हक से इसे एकतरफा फैसला लेकर निलंबित किया। सिंधु और इसकी सहायक नदिंया पाकिस्तान के 24 करोड लोगों के जीवन का आधार है। अगर भारत ने इन नदियों का पानी रोकने की कोशिश की तो यह आक्रामक और देश के लिए खतरा माना जाएगा।
भारत ने क्या कहा?
UNSC की बैठक से पहले भारत के पूर्व स्थायी प्रतिनिधि सैयद अकबरुद्दीन ने कहा कि आज भारत-पाकिस्तान में इंटरनेशनल लेवल पर जो चर्चा होने जा रही है, उसका कोई रिजल्ट निकलेगा, इसकी उम्मीद नहीं है। पाकिस्तान संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अपनी सदस्यता का इस्तेमाल करके अपनी धारणाओं को आकार देना चाहता है। भारत पाकिस्तान की इस कोशिश की अनदेखी करेगा।
वहीं बैठक के बाद उन्होंने कहा कि आज फिर पाकिस्तान की कोशिश फेल हो गई। पाकिस्तान की जबरदस्त किरकिरी हुई औरउसके अनुरोध पर बुलाई गई UNSC की बैठक बिना किसी नतीजे के खत्म हो गई। संयुक्त राष्ट्र की तरफ से भी बैठक के बाद कोई बयान दिया गया। साबित हो गया कि तनाव के बीच कश्मीर मसले को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर ले जाने की पाकिस्तान की कोशिश फेल हो गई।
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