नई दिल्ली: राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ( NHRC) ने हैदराबाद के शंकरपल्ली में एक कॉलेज के छात्रावास में रैगिंग मामले पर संज्ञान लिया है। आयोग ने तेलंगाना के डीजीपी, शिक्षा मंत्रालय, यूजीसी के सचिव को नोटिस जारी कर मामले के संबंध में रिपोर्ट भेजने को कहा है। आईबीएस कॉलेज के हॉस्टल में BBA LLB के प्रथम वर्ष के छात्र के साथ 1 नवंबर को मारपीट कर उत्पीड़न किया गया। छात्रों के एक ग्रुप पर रैगिंग, बेरहमी से मारपीट और धार्मिक नारे लगाने के लिए मजबूर करने का आरोप है। इस घटना के सामने आने के बाद आरोपी छात्रों के खिलाफ तेलंगाना निषेध अधिनियम, हत्या के प्रयास, आपराधिक धमकी और अन्य संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर भी दर्ज की गई है। अभी पढ़ें – Shraddha Walker Murder Case: श्रद्धा के पिता को ‘लव जिहाद’ एंगल पर शक, अबतक 13 टुकड़े बरामद

दस छात्रों और कॉलेज प्रबंधन के नौ सदस्यों पर मामला दर्ज 

साइबराबाद पुलिस ने एफआईआर के बाद छात्रों, कॉलेज रजिस्ट्रार, प्रशासन के निदेशक और कॉलेज के प्रोफेसरों सहित 19 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मामले में पुलिस ने दस छात्रों और कॉलेज प्रबंधन के नौ सदस्यों को आरोपी बनाया है। वहीं आठ छात्रों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दो आारोपी फरार बताए जा रहे हैं। घटना की जानकारी होने के बाद भी कार्रवाई नहीं करने पर प्रबंधन के सदस्यों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। इनके खिलाफ तेलंगाना स्टेट प्रोहिबिशन ऑफ रैगिंग एक्ट के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है। हालांकि घटना 1 नवंबर की है, लेकिन पीड़िता ने इसकी सूचना 11 नवंबर को पुलिस को दी थी। घटना का वीडियो पिछले दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें छात्रों का एक ग्रुप धार्मिक नारे लगाने के लिए मजबूर करते नजर आ रहे हैं। अभी पढ़ें Shraddha Murder Case: हत्या के बाद भी लड़कियों को घर लाकर आफताब बनाता था शारीरिक संबंध, डेटिंग ऐप से खुलेगा राज!

सात आरोपी एंटी रैगिंग स्क्वाड का हिस्सा

प्रबंधन के जिन नौ सदस्यों पर मामला दर्ज किया गया है उनमें रजिस्ट्रार, निदेशक प्रशासन, मुख्य सुरक्षा अधिकारी, अतिरिक्त रजिस्ट्रार, तीन एसोसिएट प्रोफेसर और कॉलेज के गर्ल्स हॉस्टल और बॉयज हॉस्टल के वार्डन शामिल हैं। जिन नौ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है उनमें से सात कॉलेज में एंटी रैगिंग स्क्वाड का हिस्सा थे। पीड़ित की शिकायत पर धारा 307 (हत्या का प्रयास), 323 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना), 450 (अपराध करने के लिए अतिचार), 506 (आपराधिक धमकी), धारा 34 (कई व्यक्तियों द्वारा किए गए कार्य) के तहत मामला दर्ज किया गया। अभी पढ़ें –  देश से जुड़ी खबरें यहाँ पढ़ें