गुजरात में 63 से ज्यादा शिक्षक लंबी छुट्टी पर, 31 बिना बताए गायब, सरकारी शिक्षा भगवान भरोसे

Gujarat Government School Latest News Update: गुजराते सरकारी स्कूल से गायब 50 से ज्यादा शिक्षकों की पोल खुल गई है। कोई महीनों से स्कूल नहीं आया तो कोई विदेश में सालों से छुट्टियां मना रहा है।

Gujarat Government School
विज्ञापन

Gujarat Government School Latest News: (भूपेंद्र सिंह ठाकुर, अहमदाबाद) सरकारी स्कूल में शिक्षकों की अनुपस्थिति कोई बड़ी बात नहीं है। मगर गुजरात के स्कूलों से हैरान करने वाली खबरें सामने आ रही हैं। सरकारी स्कूल में शिक्षकों की गैरमौजूदगी का भंडाफोड़ हो गया है। आलम यह है कि शिक्षक कई महीनों से स्कूल नहीं आए लेकिन उनको पगार पूरी मिल रही है। वो भी तब जब गुजरात की राजधानी गांधीनगर में शिक्षकों पर नजर रखने के लिए लाखों का मॉनिटरिंग रूम मौजूद है।

17 जिलों में शिक्षक गायब

यह मामला गुजरात के एक-दो नहीं बल्कि दर्जनों स्कूलों का है। 17 जिलों में 63 से ज्यादा शिक्षक लंबी छुट्टी पर हैं और उन्हें हर महीने पूरी पगार मिल रही है। यही नहीं 31 टीचर छुट्टी की मंजूरी लिए बिना ही महीनों से स्कूल नहीं आ रहे हैं। गुजरात के यह सरकारी स्कूल भगवान भरोसे चलते हैं। इनकी शिकायत करने वाला भी कोई नहीं है।

Advertisment

8 साल पहले विदेश में बसी शिक्षिका

गुजरात के बनासकांठी की दांता तहसील में एक शिक्षका 8 साल से स्कूल नहीं पहुंची। पूछताछ में पता चला कि वो 8 साल से विदेश में रह रही हैं। मगर वो आज भी सरकारी स्कूल की टीचर हैं और पूरी सैलरी भी लेती हैं। शिक्षकों की शिकायत के बाद राज्य के शिक्षा विभाग की नींद टूटी है। डीईओ और डीपीओ ने स्कूलों से गैरहाजिर रहने वाले शिक्षकों की लिस्ट तैयार की है। इस लिस्ट में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं।

विदेश दौरे पर शिक्षक

अहमदाबाद के सरकारी स्कूल में पढ़ाने वाले 4 शिक्षक विदेश घूमने गए हैं। इनमें से एक शिक्षक 177 दिन की छुट्टी पर है। अब सवाल यह है कि मैनेजमेंट ने इतनी लंबी छुट्टी कैसे मंजूर कर दी? अहमदाबाद गांव के सरकारी स्कूलों में 8 से ज्यादा शिक्षिक 90 दिन से छुट्टी पर हैं। इनमें 7 शिक्षक विदेश यात्रा पर हैं। सरकारी स्कूलों से शिक्षकों की गैरमौजूदगी के किस्सों ने अधिकारियों के भी होश उड़ा दिए हैं।

विज्ञापन

कंट्रोल और कमांड सेंटर पर उठे सवाल

हैरानी की बात तो यह है कि गुजरात सरकार ने सरकारी शिक्षकों पर नजर रखने के लिए एक कंट्रोल रूम बनाया है। गुजरात की राजधानी गांधीनगर में 2 लाख 4 हजार रुपये की लागत से कंट्रोल और कमांड सेंटर बनकर तैयार हुआ है। इस सेंटर में राज्य के टॉप 50 शिक्षकों को नियुक्त किया गया है, जिनका काम सरकारी स्कूलों की मॉनिटरिंग करना है। शिक्षकों की छुट्टियों की लिस्ट देखकर अब कंट्रोल सेंटर पर भी सवाल उठने लगे हैं।

विज्ञापन

शिक्षकों की कमी का मुद्दा

बता दें कि गुजरात में अक्सर खबरें सामने आती हैं कि राज्य में शिक्षकों की कमी है। सरकारी स्कूलों में शिक्षक ना होने के कारण बच्चों की पढ़ाई नहीं हो पाती है। कई स्कूलों में सिर्फ 1 ही शिक्षक मौजूद हैं। मगर अब जो सामने आया उसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। उम्मीद है कि अब प्रशासन इन शिक्षकों पर कड़ी कार्रवाई करेगा।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ