दिवाली से पहले रेलवे कर्मचारियों को मोदी कैबिनेट ने बड़ा तोहफा दिया है. सरकार रेलवे कर्मियों को 78 दिनों का बोनस देने जा रही है. मोदी कैबिनेट की बैठक में इस फैसले पर मुहर लगी है, जिससे 11.40 लाख कर्मचारियों को फायदा मिलेगा. केंद्र ने बोनस के लिए 2009 करोड़ रुपये को मंजूरी दी है. सरकार ने बुधवार को बताया कि यूनियन कैबिनेट ने 11,40,770 रेलवे कर्मचारियों के लिए 78 दिनों के ‘प्रोडक्टिविटी लिंक्ड बोनस’ (PLB) को मंजूरी दे दी है. ये कुल 2009.61 करोड़ रुपये का भुगतान है, जो उनके बेहतरीन काम के लिए दिया जा रहा है. योग्य रेलवे कर्मचारियों को PLB का भुगतान हर साल दुर्गा पूजा/दशहरा की छुट्टियों से पहले किया जाता है.
सरकार का बड़ा ऐलान
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, ”इस साल भी लगभग 11.40 लाख नॉन-गजेटेड रेलवे कर्मचारियों को 78 दिनों की सैलरी के बराबर PLB की रकम दी जा रही है. PLB का भुगतान रेलवे कर्मचारियों को रेलवे के कामकाज में सुधार के लिए प्रेरित करने का काम करता है.” उन्होंने आगे कहा, ”हर योग्य रेलवे कर्मचारी को 78 दिनों के लिए ज्यादा से ज्यादा 17,951 रुपये का भुगतान किया जाएगा.” ये रकम रेलवे के अलग-अलग कैटेगरी के कर्मचारियों को दी जाएगी, जैसे ट्रैक मेंटेनर, लोको पायलट, ट्रेन मैनेजर (गार्ड), स्टेशन मास्टर, सुपरवाइजर, टेक्नीशियन, टेक्नीशियन हेल्पर, पॉइंट्समैन, मिनिस्ट्रियल स्टाफ और दूसरे ग्रुप ‘C’ के कर्मचारी.
मोदी सरकार के बड़े फैसले
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, ”साल 2025-26 में रेलवे का कामकाज बहुत अच्छा रहा. रेलवे ने रिकॉर्ड 1670 मिलियन टन कार्गो की लोडिंग की और लगभग 7.41 बिलियन यात्रियों को यात्रा कराई.” उन्होंने मोदी सरकार के फैसलों के बारे में जानकारी देते हुए कहा, ”वित्तीय क्षेत्र से जुड़ा एक बड़ा फैसला लिया गया है, खासतौर से MSME और नए उद्योगों के विकास के लिए IDBI के रणनीतिक पुनर्गठन का फैसला लिया गया है. भारत के विकास की रफ्तार को देखते हुए विकास पूंजी की बेहद जरूरी है. औद्योगिक विकास बैंक के लिए एक रणनीतिक भागीदार का चयन किया गया है, एक ऐसी संस्था जिसने औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. भारत सरकार और LIC संयुक्त रूप से पुनर्गठित इकाई में 34% हिस्सेदारी बनाए रखेंगे. इस 34% हिस्सेदारी को बनाए रखने से भारत सरकार और एलआईसी दोनों के पास मौजूद हिस्सेदारी का मूल्य काफी बढ़ जाएगा.”