Farmers Protest : किसानों की मांगों को लेकर आमरण अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल की तबीयत खराब चल रही है। अब वे चिकित्सा सहायता लेने के लिए तैयार हो गए, लेकिन उनका आमरण अनशन खत्म नहीं होगा। किसान नेता सुखजीत सिंह हरदोझंडे ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि 26 नवंबर से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे डल्लेवाल ने रविवार को चिकित्सा सहायता स्वीकार करने पर अपनी सहमति जताई।
किसान नेता हरदोझंडे ने बताया कि डल्लेवाल का आमरण अनशन 54वें दिन में प्रवेश कर गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि तब तक जगजीत सिंह अपना अनिश्चितकालीन अनशन समाप्त नहीं करेंगे, जब तक किसानों को फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर कानूनी गारंटी नहीं मिल जाती। हरदोझंडे ने चिकित्सा सहायता की अनुमति देने के निर्णय की पुष्टि करते हुए बताया कि उनकी तबीयत खराब हो गई थी और अनशन के दौरान उनका वजन करीब 20 किलोग्राम कम हो गया।
डल्लेवाल ने पहले इलाज लेने से किया था मना
डॉक्टरों ने जगजीत सिंह डल्लेवाल की हालत गंभीर बताई थी, लेकिन इससे पहले उन्होंने डॉक्टरी इलाज लेने से मना कर दिया था। आपको बता दें कि एक दिन पहले संयुक्त सचिव प्रिय रंजन के नेतृत्व में केंद्रीय कृषि मंत्रालय के अधिकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को डल्लेवाल से भेंट की और संयुक्त किसान मोर्चा एवं किसान मजदूर मोर्चा के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। वहीं, खनौरी बॉर्डर पर आमरण अनशन में 10 और किसान शामिल हो गए, जिससे अनशन कर रहे किसानों की कुल संख्या 121 हो गई।
14 फरवरी को केंद्र सरकार और किसानों की होगी बैठक
ऐसे समय में डल्लेवाल चिकित्सा सहायता के लिए तैयार हुए, जब केंद्र सरकार ने 14 फरवरी को चंडीगढ़ में पंजाब के प्रदर्शनकारी किसानों की बैठक बुलाई है। यह बैठक आंदोलनकारियों के साथ बातचीत फिर से शुरू करने को लेकर गतिरोध को समाप्त करेगी, जो फसलों के लिए एमएसपी पर कानूनी गारंटी की मांग कर रहे हैं।