'देश हमेशा एकजुट रहा...', CJI बीआर गवई ने संविधान और बाबा साहेब पर कही बड़ी बात

Ambedkar centralized constitution: भारत के मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई ने संविधान और बाबा साहेब को लेकर बड़ा बयान दिया है। सीजेआई ने कहा कि संविधान की केंद्रीकृत व्यवस्था को लेकर बार-बार बाबा साहेब की आलोचना की जाती है लेकिन आज हम सभी देख रहे हैं कि वह हमारे लिए कितना जरूरी था।

CJI BR Gavai speech

भारत के मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई

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CJI BR Gavai speech: सीजेआई बीआर गवई इन दिनों तीन दिन की नागपुर यात्रा पर है। इस दौरान उन्होंने कई कार्यक्रमों को संबोधित किया। एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीजेआई ने संविधान को लेकर बड़ी बात कही। सीजेआई ने कहा कि बाबासाहेब आंबेडकर की लोग आलोचना करते हैं क्योंकि उन्होंने हमारे देश को केंद्रीकृत संविधान दिया। जबकि बाबा साहेब ने स्वयं एक दिन संविधान की केंद्रीकृत व्यवस्था को लेकर बड़ी बात कही थी। बाबा साहेब ने आलोचना पर कहा कि हम देश को सभी चुनौतियों के लिए उपयुक्त संविधान दे रहे हैं। मैं आपको आश्वस्त करना चाहता हूं कि यह युद्ध और शांतिकाल के समय देश को एकजुट रखेगा।

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सीजेआई ने आगे कहा कि आज हम हमारी 75 साल की यात्रा में देख रहे हैं कि हमारे आसपास की स्थिति क्या है? जब भी देश ने किसी भी संकट का सामना किया है यह हमेशा से एकजुट रहा है।

सीजेआई ने माता-पिता के प्रभाव पर की बात

इससे पहले शुक्रवार को सीजेआई ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र के तीनों अंगों विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका को उनकी सीमाएं दी गई हैं। तीनों को कानून के अनुसार ही काम करना होगा। जब संसद कानून या नियमों से परे होती है तो न्यायपालिका हस्तक्षेप करती है। सीजेआई बार एसोसिएशन के एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान सीजेआई ने अपने जीवन पर माता-पिता के प्रभाव के बारे में बात की।

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सीजेआई ने कहा कि मैं आर्किटेक्ट बनना चाहता था, लेकिन मेरे पिता ने मेरे लिए कुछ और ही सपने देखे थे। वे हमेशा चाहते हैं कि मैं वकील बनूं। ऐसा सपना जो वे खुद पूरा नहीं कर सके। मेरे पिता ने खुद को आंबेडकर की सेवा में समर्पित कर दिया। वे खुद वकील बनना चाहते थे, लेकिन अपनी इच्छा पूरी नहीं कर सके।

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