महिलाओं को सबसे ज्यादा कौन सा कैंसर होता है? जानिए कौन से लक्षण देते हैं इस Cancer की चेतावनी

Most Common Cancer In Females In India: ASCO पब्लिकेशंस में छपी स्टडी और स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट्स के मुताबिक महिलाओं में सबसे ज्यादा होने वाला कैंसर कौन सा है और इस कैंसर के शुरुआती लक्षण क्या हैं और कैसे पहचाने जा सकते हैं, जानिए यहां.

Cancer Symptoms In Women

महिलाओं में कैंसर के शुरुआती लक्षण क्या हैं? AI Generated Image

Most Common Cancer In India: भारत में महिलाओं को होने वाले मुख्य कैंसर में सर्वाइकल कैंसर, पेट का कैंसर, स्किन कैंसर, स्तन कैंसर और आंतों का कैंसर शामिल हैं. पिछले 5 सालों के आंकड़ों पर नजर डाली जाए तो ये कैंसर महिलाओं में सबसे ज्यादा देखे गए हैं. ASCO पब्लिकेशंस में छपी स्टडी के मुताबिक, भारत में साल 2025 में महिलाओं में स्तन कैंसर (Breast Cancer) के मामले सबसे ज्यादा देखे गए हैं. स्वास्थ्य मंत्रालय की जारी की गई रिपोर्ट्स में साल 2020 में भी महिलाओं में सबसे ज्यादा होने वाला कैंसर स्तन कैंसर है. ऐसे में ब्रेस्ट कैंसर क्या है और महिलाओं में इसके चेतावनी संकेत कैसे नजर आते हैं और कैंसर बढ़ने पर शरीर कैसे लक्षण देने लगता है, जानिए यहां.

विज्ञापन
विज्ञापन

स्तन कैंसर क्या होता है

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, स्तन कैंसर एक ऐसी बीमारी है जिसमें स्तन में एब्नॉर्मल सेल्स तेजी से बढ़ने लगती हैं और ट्यूमर बनाती हैं. अगर इसे समय रहते ना पहचाना जाए तो कैंसर बढ़ने लगता है और ट्यूमर पूरे शरीर में फैल सकता है. ब्रेस्ट कैंसर की की सेल्स मिल्क डक्ट्स या मिल्क प्रोड्यूसिंग लोब्यूल्स में पनपती हैं. इनकी शुरुआती फॉर्म यानी ‘इन सिटू’ जानलेवा नहीं होती है और शुरुआती स्टेज में पहचान आ जाती है. लेकिन, ये कैंसर सेल्स आस-पास के ब्रेस्ट टिशूज में फैल सकती हैं और इनके कारण ट्यूमर बन सकता है जिससे गांठ बनने लगती है. ये कैंसर सेल्स लिम्फ नॉड्स और अन्य अंगों तक फैल सकती हैं और जानलेवा बन सकती हैं. ऐसे में कैंसर की जांच करवाकर जल्द से जल्द ट्रीटमेंट करवाना जरूरी होता है.

स्तन कैंसर के क्या लक्षण होते हैं

विज्ञापन

स्तन कैंसर में कुछ सामान्य लक्षण दिख सकते हैं, जैसे –

  • स्तन, बगलों या कॉलरबोन के पास किसी तरह की गांठ बनना या मांस इकट्ठा हो जाना
  • स्तन में सूजन आना
  • इरिटेशन होना या डिम्पलिंग होना जिसके कारण स्तन के आस-पास की त्वचा संतरे के छिलके के टेक्सचर की नजर आने लगती है
  • त्वचा का मोटा हो जाना, लाल नजर आना और स्तन पर त्वचा स्केली दिखना
  • स्तन या निप्पल में दर्द होना
  • निप्पल से डिस्चार्ज होना जो दूध से अलग हो.

कैसे होती है स्तन कैंसर की जांच

विज्ञापन

स्तन पर अगर गांठ महसूस होती है तो हर महिला को जांच (Breast Cancer Test) करवानी चाहिए. इसमें एक्सपर्ट क्लिनिशियन या ब्रेस्ट सर्जन से क्लिनिकल जांच करवाना, ब्रेस्ट इमेजिंग जिसमें बिलेटरल मेमोग्राम या साथ में अल्ट्रासाउंड और MRI करवाया जाता है और कोर बायोप्सी या इंसिजन बायोप्सी शामिल है.

ब्रेस्ट इमेजिंग के बाद अगर कैंसर की संभावना नजर आती है तो इस आधार पर अन्य टेस्ट किए जाते हैं, जैसे सिस्टिक टेस्ट, सॉलिड बिनाइन की ब्रेस्ट इमेजिंग या एक्सिजन बायोप्सी और अगर कुछ संदिग्ध सॉलिड नजर आए तो उसकी जांच की जाती है.

विज्ञापन

अगर निप्पल से किसी तरह का डिस्चार्ज होता है तो इस डिस्चार्च के रंग की जांच होती है. सफेद रंग का डिस्चार्ज आमतौर पर स्तनपान करवाने वाली या प्रेग्नेंट महिला को होता है. अन्य महिलाओं में ऐसा हो तो जांच करवाना जरूरी है. इसके अलावा, हरे रंग का डिस्चार्ज, पीले रंग का डिस्चार्ज, ग्रे या खून जैसा डिस्चार्ज हो तो जांच की जाती है. जांच के लिए मेमोग्राफी या USG टेस्ट होते हैं.

विज्ञापन

अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.


विज्ञापन

Sources - ICMR, WHO, ASCO

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Seema Thakur

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा हेल्थ की खबरों और लेटेस्ट अपडेट के लिए AIIMS, ICMR, WHO,  स्वास्थ्य मंत्रालय जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों और डॉक्टरों के संपर्क में रहती हैं. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ