Malaria Ke Lakshan: मलेरिया मच्छरों से फैलने वाला रोग है जो जानलेवा भी साबित हो सकता है. यह प्लास्मोडियम नामक परजीवियों के कारण होता है और संक्रमित एनोफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है. संक्रमित मच्छर के काटने के लगभग 10 से 14 दिनों के बाद व्यक्ति में बीमारी के लक्षण विकसित हो सकते हैं. व्यक्ति को अगर मलेरिया हो जाए तो उसके लिवर की कोशिकाओं और लाल रक्त कोशिकाओं को प्रभावित करता है. ऐसे में मलेरिया की जल्द से जल्द जांच और फिर इलाज शुरू करना जरूरी होता है. नेशनल सेंटर फॉर वेक्टर बॉर्न डिजीज कंट्रोल ने मलेरिया के ऐसे कुछ लक्षणों (Malaria Symptoms) का जिक्र किया है जो नजर आएं तो इग्नोर नहीं करने चाहिए.
मलेरिया के लक्षण कैसे दिखते हैं
- मलेरिया होने पर आमतौर पर बुखार, सिरदर्द, उल्टी और फ्लू जैसे लक्षण दिखाई देते हैं.
- मलेरिया का परजीवी लाल रक्त कोशिकाओं यानी रेड ब्लड सेल्स को नष्ट कर देता है. इससे व्यक्ति को गंभीर अनीमिया की दिक्कत हो जाती है.
- शरीर में जल्दी थकान महसूस होती है, दौरा पड़ सकता है, ऐंठन होने लगती है और बेहोशी छा सकती है.
- परजीवी रक्त के जरिए दिमाग तक पहुंच सकते हैं जिसे सेरेब्रल मलेरिया कहा जाता है. ऐसे में शरीर के अन्य अंग भी प्रभावित हो सकते हैं.
- प्रेग्नेंसी में अगर मां को मलेरिया हो जाए तो गर्भ में पल रहे बच्चे को भी जोखिम हो सकता है.
गंभीर और जटिल मलेरिया के लक्षण
गंभील मलेरिया के संकेतों की शुरुआत (Early Signs Of Malaria) में ही पहचान करना बेहद जरूरी होता है ताकि मरीज को तुरंत इमरजैंसी मेडिकल हेल्प दी जा सके. इसके शुरुआती लक्षण और संकेतों को पहचानना जरूरी है.
गंभीर मलेरिया में अत्यधिक कमजोरी होती है, कमजोरी के कारण बैठ पाना भी मुश्किल होता है, चेतना में बदलाव आता है, सुस्ती या कोमा की स्थिति बनने लगती है, गंभीर अनीमिया हो जाता है, सांस लेने में कठिनाई होती है, पूरे शरीर में दौरे आते हैं, ऐंठन हो सकती है, पानी या तरल चीजें पीने में दिक्कत हो सकती है, पेशाब का रंग गहरा होने लगता है या पेशाब की मात्रा बहुत कम हो जाती है.
मलेरिया से खुद को कैसे रखें बचाकर
मलेरिया से बचकर रहने के लिए मच्छरों से बचकर रहना बेहद जरूरी है. मच्छर ना काटें इसके लिए पूरे कपड़े पहनकर बाहर जाएं, घर में मच्छर ना आएं इसके लिए सुबह और शाम के समय घर के खिड़की और दरवाजे बंद रखें, मच्छरों को मारने के लिए दवा या घरेलू नुस्खों को इस्तेमाल किया जा सकता है, मच्छर से बचाने वाली रेपलेंट क्रीम लगाई जा सकती है और मच्छरदानी लगाकर सोया जा सकता है.
इस बात का खास ध्यान रखें कि आपके घर के आस-पास किसी तरह का पानी ना भरे. खाली टायर, बाल्टी या टब में पानी भरकर ना छोड़ें. इसके अलावा, आस-पास के गड्ढों में या कूलर के अंदर गंदा पानी जमा ना हो इसका ध्यान रखें.
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.