Homemade Vaginal Wash: आजकल ज्यादातर महिलाएं अपनी इंटीमेट हेल्थ से जुड़ी परेशानियों का सामना कर रही हैं. ध्यान ना देने पर खुजली, जलन और बदबू आने लगती है और अब तो कई महिलाओं के लिए ये तमाम समस्याएं आम हो गई हैं. हालांकि, इससे बचने के लिए महिलाएं केमिकल वाले प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करती हैं या कभी-कभी नजरअंदाज भी कर देती हैं. लेकिन, आपको ऐसा नहीं करना चाहिए और अपनी वेजाइनल हाइजीन पर खास ध्यान देना चाहिए. इसके लिए आयुर्वेद में ऐसे कई नुस्खे दिए हैं जिन्हें अपनाकर इंटीमेट हेल्थ को सुधारा जा सकता है. इसको लेकर मुंबई की सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट श्वेता शाह ने अपने एक वीडियो के जरिए आयुर्वेदिक तरीके से योनि धावन को इंटीमेट केयर का आसान तरीका बताया है. इसे हम आपके साथ साझा कर रहे हैं जिसे हाइजीन के लिए अपनाया जा सकता है.
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आयुर्वेदिक वेजाइनल वॉश क्या है? | How to Make Ayurvedic Vaginal Wash
आयुर्वेदिक वेजाइनल वॉश केमिकल-फ्री होता है. इस दौरान किसी भी तरह के केमिकल का इस्तेमाल नहीं किया जाता और इंटिमेट एरिया को बाहर से साफ किया जाता है. इसे बनाने के लिए नेचुरल चीजों का इस्तेमाल किया जाता है ताकि इंटीमेट हेल्थ बेहतर हो सके.
आयुर्वेदिक Vaginal Wash कैसे तैयार करें?
इस वेजाइनल वॉश को घर पर बनाने के लिए आपको नीम, हल्दी और जीरा जैसी चीजों की जरूरत होगी. इसे बनाने के लिए आपको वक्त भी नहीं लगेगा और आप बिना किसी परेशानी से इसे बना लेंगे.
सामग्री
- नीम की पत्तियां- 10
- हल्दी- 1 चुटकी
- जीरा-1 छोटा चम्मच
- पानी- दो कप
विधि
- सबसे पहले दो कप पानी लें और उबालने के लिए रख दें.
- फिर पानी में नीम की पत्तियां, हल्दी और जीरा भी डाल दें.
- अब इसे धीमी आंच पर पांच से सात मिनट के लिए उबालें.
- गैस बंद कर दें और कुछ देर ठंडा होने के लिए रख दें.
- बस आपका आयुर्वेदिक Vaginal Wash तैयार है.
- कैसे इस्तेमाल करें Vaginal Wash?
- इस पानी का इस्तेमाल बाहरी हिस्से पर करें.
- इसका इस्तेमाल दिन में एक बार किया जा सकता है.
- हाथों से या साफ मग की मदद से हल्के-हल्के साफ करें.
वेजाइना की हाइजीन कैसे रखें?
- नहाते समय गुनगुने पानी से अपने ऊपरी हिस्सों को धोएं.
- अगर साबुन इस्तेमाल करना है, तो बिना खुशबू वाला इस्तेमाल करें.
- वॉशरूम इस्तेमाल करने के बाद हमेशा आगे से पीछे की ओर पोंछें, ताकि बैक्टीरिया न फैलें.
- मासिक धर्म के दौरान पैड, टैम्पोन या लाइनर को हर 4-5 घंटे में बदलें.
- दही खाएं और यीस्ट इन्फेक्शन से बचें.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.
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