नींद में खर्राटे लेना कब बन सकता है आपकी जिंदगी के लिए खतरनाक? इन 5 संकेतों को भूलकर भी न करें नजरअंदाज

क्या आपको भी रात को सोते वक्त बहुत तेज-तेज खर्राटे आते हैं, जिस कारण आपके आसपास वाले लोगों को परेशानी होती है? इस दौरान होने वाले कुछ संकेतों को अगर आप नजरअंदाज कर देते हैं और इससे आम समझते हैं, तो यह आपकी बड़ी भूल हो सकती है. आइए जानते हैं इन संकतों के बारे में.

Snoring Causes

खर्राते के पीछे की खतरनाक वजहें. (Image: AI)

Snoring warning signs: अक्सर लोग सोते समय आने वाले खर्राटों को सामान्य बात समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन कई बार यह शरीर की किसी छिपी हुई समस्या का संकेत भी हो सकता है. अगर खर्राटे रोज आते हैं या बहुत तेज होते हैं, तो यह सिर्फ थकान नहीं बल्कि नींद से जुड़ी बीमारी का लक्षण भी हो सकता है. कई स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार खर्राटे लेना स्लीप एपनिया जैसी समस्या का संकेत हो सकता है, जिसमें नींद के दौरान सांस लेने में रुकावट आती है. इसी के साथ कुछ आम लेकिन लागाकर साामान्य से दिखने वाली समस्याएं भी हो रही हैं, तो समय रहते सावधान होना जरूरी है. इस स्टोरी में हम आपको 5 ऐसे संकेतों के बारे में बताएंगे, जिन्हें गलती से भई नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.

विज्ञापन
विज्ञापन

नींद में सांस रुकना या अचानक हांफना

अगर सोते समय खर्राटों के बीच अचानक सांस रुकने लगे या व्यक्ति हांफते हुए जाग जाए, तो यह एक गंभीर चेतावनी संकेत हो सकता है. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि कुछ सेकंड के लिए सांस का रास्ता बंद हो जाता है, इससे शरीर को ऑक्सीजन कम मिलती है और दिमाग तुरंत शरीर को जगा देता है. यह स्थिति बार-बार होने लगे तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और सुबह होते ही तुंरत डॉक्टर से इसका सलाह लेनी चाहिए.

विज्ञापन

बहुत तेज और रोज आने वाले खर्राटे

अगर कभी-कभार खर्राटे आते हैं तो चिंता की बात नहीं होती, लेकिन अगर यह रोज और बहुत तेज आवाज में आने लगें तो यह सांस की नली में रुकावट का संकेत हो सकता है. इस स्थिति में नींद के दौरान हवा का प्रवाह ठीक से नहीं हो पाता, जिससे कंपन की आवाज पैदा होती है. यह समस्या आगे चलकर स्लीप एपनिया में बदल सकती है, इसलिए ऐसे लक्षण दिखने पर डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर होता है.

विज्ञापन

पूरी नींद के बाद भी थकान रहना

अगर आप पूरी रात सोने के बाद भी सुबह तरोताजा महसूस नहीं करते और दिनभर सुस्ती या नींद आती रहती है, तो इसका कारण खराब नींद हो सकता है. स्लीप एपनिया जैसी स्थिति में व्यक्ति कई बार नींद में जागता है, जिससे गहरी नींद पूरी नहीं हो पाती. इसका असर आपकी काम करने की क्षमता, याददाश्त और मूड पर भी पड़ सकता है.

विज्ञापन

सुबह सिरदर्द और मुंह सूखना

कुछ लोगों को सुबह उठते ही सिर भारी लगना, हल्का सिरदर्द होना या मुंह का सूखना जैसी समस्याएं होती हैं. इसका कारण नींद के दौरान मुंह से सांस लेना या शरीर में ऑक्सीजन का स्तर कम होना हो सकता है. अगर यह समस्या रोज हो रही है, तो इसे सामान्य समझकर नजरअंदाज नहीं करना है.

विज्ञापन

दिल और ब्लड प्रेशर से जुड़ा हो सकता है खतरा

लंबे समय तक लगातार खर्राटे लेने की समस्या को नजरअंदाज करने से दिल की सेहत पर भी असर पड़ सकता है. सामान्य जानकारी के अनुसार, स्लीप एपनिया से पीड़ित लोगों में हाई ब्लड प्रेशर, दिल की बीमारी और स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है. इसलिए अगर आपको बताए गए लक्षणों में से कोई भी समस्या महसूस हो, तो समय पर जांच कराना जरूरी है. सही इलाज और लाइफस्टाइल में बदलाव से इस समस्या को काफी हद तक कंट्रोल किया जा सकता है.

विज्ञापन

अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Azhar Naim

Azhar Naim

अज़हर नईम एक डिजिटल पत्रकार हैं. अज़हर नईम News24 Bag Convergence में सब-एडिटर के रूप में कार्यरत हैं. यहां वह मुख्य रूप से लाइफस्टाइल, हेल्थ और वायरल सेक्शन से जुड़ी खबरें लिखते हैं. उन्होंने साल 2024 में श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) की डिग्री हासिल की. पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान उन्होंने इंडिया न्यूज और खबरफास्ट जैसे मीडिया संस्थानों के साथ काम किया, जहां उन्हें डिजिटल न्यूज रिपोर्टिंग और कंटेंट लेखन का अनुभव मिला. इसके बाद उन्होंने एक साल से ज्यादा समय तक (2024-2026) इंडिया डॉट कॉम (Zee Media) में ट्रेनी के तौर पर काम किया और हेल्थ, लाइफस्टाइल, वायरल, ट्रेंडिंग, न्यूज और टेक्नोलॉजी समेत कई बीट्स पर डिजिटल कंटेंट तैयार किया. अपने अब तक के अनुभव में अज़हर डिजिटल मीडिया के बदलते ट्रेंड्स को समझने, SEO-फ्रेंडली कंटेंट तैयार करने और पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए उपयोगी व आकर्षक स्टोरीज लिख रहे हैं. अज़हर नईम का पत्रकारिता में अनुभव कुल अनुभव: 2 साल से ज्यादा योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: उन्होंने श्री वेंकटेश्वर यूनिवर्सिटी से बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (BJMC) की डिग्री हासिल की. पिछला अनुभव: अज़हर ने न्यूज 24 से पहले इंडिया न्यूज़, खबरफास्ट और इंडिया डॉट कॉम (Zee Media) में अपनी पत्रकारिता की समझ और अनुभव को और मजबूत किया. अपने प्रोफेशनल सफर में उन्होंने दिल्ली ब्लास्ट, जम्मू-कश्मीर ब्लास्ट, ईरान-अमेरिका युद्ध, रूस-यूक्रेन युद्ध और कई विधानसभा चुनावों के अलावा लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसे विविध विषयों पर कंटेंट तैयार किया है. विशेषज्ञता और फोकस अज़हर नईम को लाइफस्टाइल और हेल्थ का खासा अनुभव है, वह इन खबरों को आसान भाषा में समझाने में माहिर हैं और इन्हीं से जुड़ी स्टोरी पर लगातार काम कर रहे हैं. इसके अलावा उन्हें टिप्स और ट्रिक्स, स्किन केयर, हेयर केयर, किचन-गार्डनिंग और फैशन से जुड़ी खबरों में भी महारत हासिल है.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ