टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज में क्या अंतर होता है? यहां जानिए कैसे दिखते हैं लक्षण

Type 1 vs type 2 diabetes: टाइप 1 डायबिटीज और टाइप 2 डायबिटीज एकदूसरे से कई मायनों में अलग होते हैं. ऐसे में जानिए इन दोनों में क्या अंतर है और इनके लक्षण किस तरह पहचाने जा सकते हैं. टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज के कुछ लक्षण एकजैसे होते हैं और कुछ अलग-अलग दिखाई पड़ते हैं.

Type 1 And 2 Diabetes Difference

टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज एकदूसरे से किस तरह अलग हैं.

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Type 1 And 2 Diabetes Difference: मधुमेह यानी डायबिटीज की दिक्कत में शरीर में ब्लड शुगर लेवल सामान्य से अधिक हो जाता है जिसे हाई ब्लड शुगर (High Blood Sugar) भी कहते हैं. व्यक्ति के कुछ भी खाने-पीने से उसका ब्लड शुगर प्रभावित होने लगता है और इसीलिए डायबिटीज को ठीक तरह से मैनेज करना जरूरी होता है. डायबिटीज 2 तरह की होती है, टाइप 1 डायबिटीज और टाइप 2 डायबिटीज. बहुत से लोगों को इन दोनों के बीच का अंतर नहीं मालूम होता और इसीलिए उन्हें डायबिटीज मैनेजमेंट में दिक्कत आती है. ऐसे में यहां जानिए एकदूसरे से कैसे अलग हैं टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज.

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टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज के बीच अंतर

टाइप 1 डायबिटीज

  • यह एक ओटोइम्यून कंडीशन है जिसमें शरीर इंसुलिन बनाना बंद कर देता है.
  • इसमें पैंक्रियाज की इंसुलिन को बनाने वाली कोशिकाएं नष्ट हो जाती हैं.
  • यह डायबिटीज आमतौर पर बचपन में या टीनेज में होती है.
  • इसमें मरीजों को रोजाना इंसुलिन के इंजेक्शन लेने पड़ते हैं.

टाइप 2 डायबिटीज

  • यह डायबिटीज तब होती है जब शरीर इंसुलिन का सही तरह से उपयोग नहीं कर पाता है.
  • इस डायबिटीज के होने का मुख्य कारण जीवनशैली की गलतियां, मोटापा और जेनेटिक्स है.
  • टाइप 2 डायबिटीज ज्यादातर व्यस्कों में होती है. यह 30 से 40 साल की उम्र के बाद होती है.
  • इस डायबिटीज को डाइट, एक्सरसाइज और दवाओं के साथ कंट्रोल किया जा सकता है. डायबिटीज एडवांस होने पर इंसुलिन की जरूरत पड़ सकती है.

टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज के एक जैसे लक्षण

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टाइप 1 और टाइप 2 डायबिटीज के कुछ लक्षण एक जैसे हो सकते हैं –

बार-बार प्यास लगना – शरीर एक्स्ट्रा शुगर को बाहर निकालने की कोशिश करता है जिसकी वजह से बार-बार प्यास लगती है.

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बार-बार पेशाब आना – किडनी को एक्स्ट्रा शुगर छानने के लिए ज्यादा काम करना पड़ता है जिसकी वजह से बार-बार पेशाब आने लगता है.

धुंधला नजर आना – डायबिटीज से आंखों के लेंस पर असर पड़ता है. इससे आंखों के लेंस में तरल पदार्थ का स्तर बढ़ने से देखने में दिक्कत आती है और धुंधला नजर आने लगता है.

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घाव भरने में देरी होना – डायबिटीज के कारण शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने लगती है. इससे घाव भरने में या किसी इंफेक्शन के भरने में वक्त लगता है.

टाइप 1 डायबिटीज के लक्षण

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  • टाइप 1 डायबिटीज में अचानक से वजन कम होने लगता है.
  • टाइप 1 डायबिटीज में चिड़चिड़ापन होने लगता है और मूड में बदलाव होता है.
  • जी मितलाने लगता है या उल्टी आती है.

टाइप 2 डायबिटीज के लक्षण

  • टाइप 2 डायबिटीज में लक्षण धीरे-धीरे नजर आते हैं. इसमें गर्दन पर कालापन नजर आ सकता है.
  • जांघों और बगल पर काले धब्बे पड़ते नजर आते हैं ये इंसुलिन रेजिस्टेंस का संकेत होते हैं.
  • हाथ-पैरों में झुनझुनी महसूस होती है या सुन्नपन महसूस होने लगता है.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

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लेखक के बारे में

Seema Thakur

Seema Thakur

सीमा ठाकुर पत्रकारिता से पिछले 7 सालों से जुड़ी हैं. न्यूज24 में सीमा बतौर चीफ सब एडिटर काम कर रही हैं. सीमा हेल्थ और लाइफस्टाइल बीट पर लिखती हैं और कॉन्टेन्ट क्रिएशन के साथ ही टीम लीड की भूमिका भी निभा रही हैं. न्यूज24 में सीमा ने अपनी बीट से हटकर इलेक्शंस की स्टोरीज पर भी काम किया है. हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़ी स्टडीज, लेटेस्ट न्यूज और एक्सपर्ट्स/डॉक्टर्स से बातचीत पर आधारित लेख लिखने में सीमा की मजबूत पकड़ है. सीमा हेल्थ की खबरों और लेटेस्ट अपडेट के लिए AIIMS, ICMR, WHO,  स्वास्थ्य मंत्रालय जैसे संस्थानों के विशेषज्ञों और डॉक्टरों के संपर्क में रहती हैं. अनुभव सीमा ने पत्रकारिता की शुरुआत दिल्ली प्रेस ग्रुप से की थी जहां वे सरिता, मुक्ता और गृहशोभा मैग्जीन में वुमेन ओरिएंटेड, सोशल, लाइफस्टाइल, हेल्थ और बॉलीवुड के अलावा पॉलिटकल आर्टिकल्स लिखती थीं. सीमा को प्रूफरीडिंग और एडिटिंग का भी खासा अनुभव है. प्रिंट में काम करने के दौरान सीमा की हिंदी भाषा में अच्छी पकड़ है. दिल्ली प्रेस के बाद सीमा डायमंड पब्लिशिंग हाउस से जुड़ी थीं जहां उन्होंने मैग्जीन और वेबसाइट दोनों के लिए काम किया. डायमंड पब्लिशिंग हाउस के बाद सीमा ने NDTV के साथ डिजिटल मीडिया में अपना करियर शुरू किया. NDTV में सीमा ने राइटर के साथ ही वीडियो प्रोड्यूसर, एंकर और पॉडकास्टर के तौर पर भी काम किया. लाइफस्टाइल वीडियोज और बॉलीवुड गोल्ड सीरीज को प्रोड्यूस और एंकर करने के साथ ही वे बॉलीवुड पॉडकास्ट किया करती थीं. वीडियो प्रोडक्शन में सीमा का इंटरेस्ट और पकड़ यहीं से आई है. शिक्षा सीमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज से बी.ए किया है. इसके बाद जामिया मिलिया इस्लामिया से हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा किया. जामिया की पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म डिपार्टमेंट की मैग्जीन में सीमा स्टूडेंट एडिटर और अपने बैच की कॉन्टेंट हेड रह चुकी हैं.
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