Bigg Boss 18 Nomination: बिग बॉस 18 इस वक्त सुर्खियों में छाया हुआ है। इसके पीछे कंटेस्टेंट्स तो वजह हैं ही इसके अलावा खुद बिग बॉस की बॉयसनेस भी एक बड़ा कारण है। ऐसा पिछले कई सीजन में होता आया है, जब मेकर्स अपने पसंदीदा घरवाले को सरेआम सपोर्ट करते हुए दिखाई दिए हैं। वहीं कुछ घरवाले उनके टारगेट पर रहते हैं। इस सीजन में भी कुछ ऐसी ही छवि दिखाई दे रही है। चाहे रजत दलाल हों या फिर दिग्विजय सिंह राठी, यह हमेशा ही मेकर्स के निशाने पर रहते हैं। एक बार फिर बिग बॉस की पोल खुल गई जब उन्होंने दिग्विजय से नॉमिनेशन कंट्रोल करने की पावर को ही छीन लिया।
बिग बॉस की फिर खुली पोल
बिग बॉस 18 में इस वक्त घर के टाइम गॉड दिग्विजय सिंह राठी हैं। हालांकि उनके कार्यकाल में विवियन डीसेना और अविनाश मिश्रा बगावत करने से बाज नहीं आ रहे हैं। उनके ग्रुप को कई बार यह कहते देखा गया है कि दिग्विजय को टाइम गॉड की पावर खैरात में मिली है और वह अभी टाइम गॉड इंटर्न हैं। यही वजह है कि विवियन और अविनाश घर के काम भी नहीं कर रहे हैं।
दिग्विजय से छीनी बड़ी पावर
अब बिग बॉस ने बॉयसनेस दिखाते हुए दिग्विजय सिंह राठी से नॉमिनेशन कंट्रोल करने की पावर छीन ली है। जाहिर है कि जो भी सदस्य घर का टाइम गॉड बनता है, उसके पास पावर होती है कि वह घरवालों को नॉमिनेट करने की पावर अपनी मर्जी से देता है। बीते दिन घर में नॉमिनेशन टास्क हुआ। हालांकि टास्क के दौरान बिग बॉस ने टाइम गॉड दिग्विजय को इसे कंट्रोल करने की पावर देने की बजाए यह घरवालों पर छोड़ दिया कि वह किसे नॉमिनेट करेंगे।
घरवालों ने खुद लिया फैसला
नॉमिनेशन टास्क के दौरान दो दोस्तों को आपस में एक दूसरे में से किसी एक को नॉमिनेट करना था। इस दौरान चुम दरांग और श्रुतिका अर्जुन में से श्रुतिका ने नॉमिनेट होने का फैसला किया। वहीं अविनाश और ईशा में से अविनाश ने खुद को नॉमिनेट किया, जबकि विवियन और शिल्पा में से विवियन ने खुद को नॉमिनेट किया। इसी तरह से सभी घरवालों को यह पावर दी गई कि वह खुद नॉमिनेट करने का फैसला लें।
बता दें कि बिग बॉस की बॉयसनेस पहली बार देखने को नहीं मिली है। इससे पहले भी साफतौर पर देखा जा चुका है कि बिग बॉस अपने लाडले विवियन डीसेना को सपोर्ट करते आए हैं। इसके अलावा अविनाश मिश्रा, ईशा सिंह, शिल्पा शिरोडकर भी बिग बॉस के लाडले की लिस्ट में आते हैं।