हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Asian Games 2026election commissionBigg Boss 20

इंफोसिस के फाउंडर Kris कौन? जिनके खिलाफ SCST एक्ट में दर्ज हुई FIR

Kris Gopalakrishnan Infosys Co-Founder: इंफोसिस के को-फाउंडर क्रिस गोपालकृष्णन के खिलाफ पुलिस केस दर्ज हुआ है। उन पर जातिसूचक गालियां और धमकी देने के आरोप लगे हैं। कर्नाटक के बेंगलुरु शहर में थाने में उनके खिलाफ FIR दर्ज कराई गई है।

विज्ञापन
Kris Gopalakrishnan

SCST Act Case Against Infosys Co Founder: इंफोसिस (INFOSYS) के को-फाउंडर सेनापति क्रिस गोपालकृष्णन के खिलाफ SCST एक्ट का केस दर्ज हुआ है। उनके साथ भारतीय विज्ञान संस्थान (IISC) के पूर्व डायरेक्टर बलराम और 16 अन्य लोगों के खिलाफ भी FIR हुई है। शिकायतकर्ता दुर्गाप्पा भारतीय विज्ञान संस्थान में सेंटर फॉर सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी में फैकल्टी मेंबर है। आदिवासी बोवी समुदाय से आने वाले दुर्गाप्पा ने क्रिस पर उन्हें हनीट्रैप के झूठे मामले में फंसाने का आरोप लगाया है।

दुर्गाप्पा ने दावा किया है कि साल 2014 में उन्हें झूठे केस में फंसाया गया और फिर उस केस को आधार बनकर नौकरी से निकाल दिया गया। उन्हें जातिसूचक गालियां और जाने मारने की धमकियां भी दी गईं। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए कर्नाटक पुलिस ने 71वें सिटी सिविल एंड सेशन कोर्ट (CCH) के निर्देश पर बेंगलुरु में सदाशिव नगर पुलिस स्टेशन में क्रिस पर केस दर्ज किया। आरोपियों में गोविंदन रंगराजन, श्रीधर वारियर, संध्या विश्वेश्वरैह, हरि केवीएस, दासप्पा, बलराम पी, हेमलता मिशी, चट्टोपाध्याय के, प्रदीप डी सावकर और मनोहरन भी शामिल हैं। पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

यह भी पढ़ें:बागपत हादसे में 6 श्रद्धालुओं की मौत, 40 से ज्यादा घायल; लड्डू पर्व में गिरा लकड़ी का पैड

विज्ञापन

क्रिस गोपालकृष्णन इंफोसिस के को-फाउंडर

News18 की रिपोर्ट के अनुसार, क्रिस गोपालकृष्णन ने 1981 में नारायण मूर्ति, नंदन निलेकणी और अन्य 4 दोस्तों के साथ मिलकर पुणे में इंफोसिस की स्थापना की थी। कंपनी का हेड ऑफिस बेंगलुरु में है। गोपालकृष्णन साल 2007 से 2011 तक इंफोसिस के CEO और मैनेजिंग डायरेक्टर रहे। 2011 से 2014 तक वाइस प्रेसिडेट रहे। जनवरी 2011 में गोपालकृष्णन को भारत सरकार ने पद्म भूषण अवार्ड दिया। IIT मद्रास से फिजिक्स और कंप्यूटर साइंस में मास्टर गोपालकृष्णन इंडियन नेशनल एकेडमी ऑफ इंजीनियर्स (INAE) के फेलो हैं।

गोपालकृष्णन स्टार्टअप एक्सेलेरेटर ‘एक्सिलर वेंचर्स’ के अध्यक्ष हैं। केरल के तिरुवनंतपुरम में जन्मे क्रिस की स्कूल एजुकेशन तिरुवनंतपुरम से हुई। IIT मद्रास से डिग्री लेने के बाद 1979 में पटनी कंप्यूटर सिस्टम्स में बतौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर काम किया। उनका नाम फॉर्च्यून मैगजीन ने ‘ग्लोबल बिजनेस इन्फ्लुएंसर’ की लिस्ट में जोड़ा था। साल 2019 में केरल यूनिवर्सिटी ने उन्हें डाक्टरेट की उपाधि से सम्मानित किया था।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें:Bill Gates को तलाक पर पछतावा क्यों? 27 साल चले रिश्ते पर माइक्रोसॉफ्ट को-फाउंडर के चौंकाने वाले खुलासे

गोपालकृष्णन भारत के 73वें सबसे अमीर बिजनेसमेन

रिपोर्ट के अनुसार, अक्टूबर 2024 में भारत के 100 सबसे अमीर लोगों की फोर्ब्स की सूची जारी हुई थी। इस सूची में गोपालकृष्णन 73वें नंबर पर थे। उनकी नेटवर्थ 4.35 बिलियन डॉलर थी। फॉर्च्यून इंडिया की रिपोर्ट में बताया गया था कि क्रिस गोपालकृष्णन की नेटवर्थ 26000 करोड़ है। इंफोसिस के दूसरे को-फाउंडर NR नारायणमूर्ति की नेटवर्थ 24549 करोड़ है।

विज्ञापन

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola