अमेजन ने एक बार फिर अपनी कर्मचारियों की छंटनी की है. इस बार रिटेल बिजनेस समेत कंपनी के कई विभागों से छंटनी की गई है. इस छंटनी का असर भारत, अमेरिका और यूके में काम करने वाले कर्मचारियों पर पड़ा है. ‘बिजनेस इनसाइडर’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया भर में एक हजार कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया है. कंपनी ने छंटनी की पुष्टि करते हुए बताया कि ये बदलाव मुख्य रूप से उसके स्टोर्स बिजनेस में किए गए हैं. गौर करने वाली बात यह है कि यह ताजा छंटनी अमेजन के ‘ग्रेट इंडियन फेस्टिवल’ शॉपिंग इवेंट के दौरान हुई है. कर्मचारियों ने स्लैक जैसे इंटरनल कम्युनिकेशन चैनलों के रिए इस कटौती की जानकारी शेयर करना शुरू कर दिया था.
दोबारा से क्यों की छंटनी?
खबरों के मुताबिक, कस्टमर सर्विस, सेलिंग पार्टनर सर्विस और मार्केटप्लेस सपोर्ट से जुड़ी टीमों में से कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया है. कंपनी के रिटेल ऑपरेशन्स में इंजीनियरिंग से जुड़े कर्मचारियों की भी छंटनी की गई है. बड़े पैमाने पर कंपनी में हुई रीस्ट्रक्चरिंग के बाद यह फैसला लिया गया है. कंपनी ने लागत कम करने के लिए 2025 के आखिर और जनवरी 2026 के बीच करीब 30000 कॉर्पोरेट कर्मचारियों को नौकरियों से निकाला था.
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेजन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर कदम बढ़ा रहा है. साथ ही कंपनी AI के लिए डेटा सेंटर्स, चिप्स और दूसरे इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी निवेश करने की तैयारी कर रही है. इन क्षेत्रों में करीब 220 अरब डॉलर खर्च करने की योजना बना रहा है.
वहीं, ये छंटनी ऐसे समय में हुई है जब अमेजन भारत में बड़े पैमाने पर निवेश कर रहा है. मार्च में अमेजन ने बेंगलुरु में एक नया कैंपस खोला था. इसे एशिया में अपना दूसरा सबसे बड़ा ऑफिस बताया था. 11 लाख स्क्वेयर फीट के इस कैंपस में ई-कॉमर्स, पेमेंट, टेक्नोलॉजी और सेलर सर्विस से जुड़े 7000 से ज्यादा कर्मचारियों के बैठने की क्षमता है.