केंद्र सरकार के कर्मचारियों (Central Government Employees) के वेतन और भत्तों में हाउस रेंट अलाउंस (HRA) एक बेहद अहम और बड़ा हिस्सा होता है. महंगाई और शहरों में बढ़ते मकान के किराए को देखते हुए कर्मचारी लंबे समय से इसमें संशोधन की मांग कर रहे हैं. 7वें वेतन आयोग (7th Pay Commission) के तहत फिलहाल X, Y और Z श्रेणी के शहरों के लिए HRA की दरें क्रमशः 30%, 20% और 10% लागू हैं.
हालांकि, दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और कोलकाता जैसे बड़े महानगरों में जिस रफ्तार से घर के किराए बढ़े हैं, उस हिसाब से यह रकम अब काफी कम पड़ने लगी है. इसी कमी को दूर करने के लिए विभिन्न केंद्रीय कर्मचारी संगठनों और पेंशनभोगी यूनियनों ने 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को अपने ज्ञापन और प्रस्ताव सौंप दिए हैं, जिनमें HRA स्लैब और दरों में भारी बढ़ोतरी की जोरदार सिफारिश की गई है.
2.1 फिटमेंट फैक्टर और 40% HRA का पूरा गणित
अगर 8वें वेतन आयोग में अनुमानित 2.1 फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) को मंजूरी मिलती है और X-श्रेणी के प्रमुख महानगरों में HRA को मौजूदा 30% से बढ़ाकर 40% बेसिक पे कर दिया जाता है, तो निचले से लेकर मध्यम स्तर (पे-लेवल 1 से 5) तक के कर्मचारियों की इन-हैंड सैलरी में जबरदस्त उछाल आएगा. आइए समझते हैं कि अलग-अलग पे-लेवल पर इसका कितना फायदा मिलेगा:
पे-लेवल 1 (मासिक बढ़ोतरी: 9720 रुपये):
वर्तमान में लेवल-1 के कर्मचारी का शुरुआती बेसिक पे 18,000 रुपये है, जिस पर 30% की दर से 5,400 रुपये HRA मिलता है. 2.1 फिटमेंट फैक्टर लागू होने पर अनुमानित नया बेसिक पे 37,800 रुपये हो जाएगा. इस नए बेसिक पे पर 40% HRA की गणना करें तो यह 15,120 रुपये बनेगा. यानी हर महीने HRA में सीधे 9720 रुपये की बढ़ोतरी होगी.
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पे-लेवल 2 (मासिक बढ़ोतरी: 10746 रुपये):
इस लेवल पर कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी 19900 रुपये है और उसे 5970 रुपये HRA मिलता है. नया बेसिक पे 41790 रुपये होने पर 40% HRA लगभग 16716 रुपये हो जाएगा. इस प्रकार कर्मचारी को हर महीने 10746 रुपये का अतिरिक्त फायदा मिलेगा.
पे-लेवल 3 (मासिक बढ़ोतरी: 11,718 रुपये):
फिलहाल इस श्रेणी का बेसिक पे 21700 रुपये है और HRA 6510 रुपये बनता है. नया बेसिक पे 45570 रुपये होने के बाद 40% की दर से HRA 18228 रुपये हो जाएगा, जिससे मासिक आय में 11718 रुपये का इजाफा देखने को मिलेगा.
पे-लेवल 4 (मासिक बढ़ोतरी: 13,770 रुपये):
लेवल-4 के कर्मचारियों का मौजूदा बेसिक पे 25,500 रुपये है, जिस पर 7,650 रुपये HRA मिलता है. 2.1 फिटमेंट के हिसाब से नया बेसिक पे 53,550 रुपये हो जाएगा. इस पर 40% HRA 21,420 रुपये बनेगा, यानी HRA में सीधे 13,770 रुपये प्रति माह की बढ़ोतरी होगी.
पे-लेवल 5 (मासिक बढ़ोतरी: 15,768 रुपये):
इस स्तर पर कर्मचारी का मौजूदा बेसिक पे 29,200 रुपये है और उसे 8760 रुपये मकान किराया भत्ता मिलता है. नया बेसिक पे बढ़कर 61320 रुपये होने पर 40% HRA 24528 रुपये हो जाएगा. इसका मतलब है कि पे-लेवल 5 के कर्मचारियों को हर महीने 15,768 रुपये यानी सालाना आधार पर लगभग 1.89 लाख रुपये का बंपर अतिरिक्त HRA फायदा मिल सकता है.
अंतिम फैसला आयोग और सरकार की सिफारिशों पर
फिलहाल 2.1 का फिटमेंट फैक्टर और HRA की 40% दरें विभिन्न कर्मचारी संगठनों द्वारा रखे गए प्रस्तावों पर आधारित अनुमान हैं. 8वें वेतन आयोग का अंतिम ड्राफ्ट और केंद्र सरकार की आधिकारिक मंजूरी के बाद ही वास्तविक सैलरी और HRA वृद्धि की सटीक तस्वीर साफ होगी.
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