हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

Surya Mahadasha: कुंडली में सूर्य ग्रह रहने के क्या हैं मायने, जानें लोगों पर क्या पड़ता है प्रभाव

Surya Mahadasha Effect: सूर्य देव को ग्रहों का राजा कहा जाता है। ऐसे में यदि कुंडली में सूर्य देव की महादशा ठीक रहती है तो जातक अच्छे मुकाम हासिल कर पाता है लेकिन वहीं जब सूर्य की महादशा खराब होती है तो जातक परेशान रहता है।

विज्ञापन

Surya Mahadasha Effect: वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, पूरे ब्रह्मांड में कुल ग्रहों की संख्या 9 है। नौ ग्रहों की दशाओं का प्रभाव पृथ्वी पर मौजूद सभी प्राणियों पर कुछ न कुछ प्रभाव पड़ता है। इसमें कुछ लोगों को सकारात्मक प्रभाव पड़ता है, तो वहीं कुछ राशियों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। ज्योतिषियों के अनुसार, किसी भी जातक की कुंडली में कौन से ग्रह किस स्थान में विराजमान है, ग्रह की महादशा शुभ है या अशुभ, उस आधार पर व्यक्ति को शुभ और अशुभ फल की प्राप्ति होती है।

यह भी पढ़ें- कुंभ राशि में 30 साल बाद बनेगा शनि और मंगल की युति, इन राशियों को मिलेगी सभी कष्टों से मुक्ति

वैदिक शास्त्र के अनुसार, सभी ग्रहों में सूर्य देव को राजा माना गया है। सूर्य देव को मान-सम्मान और प्रतिष्ठा के कारक माना गया है। मान्यता है कि सूर्य देव की महादशा 6 साल तक की होती है। माना जाता है कि जिस जातक की कुंडली में सूर्य देव की स्थिति उच्च होती है वैसे जातक समाज में मान-सम्मान के साथ किसी भी पद पर प्रशासनिक पद प्राप्त करते हैं। साथ ही उस जातक के अंदर में लोगों को नेतृत्व करने की छमता होती है। आज इस खबर में जानेंगे सूर्य देव की महादशा का जीवन में क्या प्रभाव पड़ता है।

विज्ञापन

यह भी पढ़ें- शनि की राशि मकर में बुध ग्रह की एंट्री, आज से इन राशियों के शुरू होंगे अच्छे दिन

कुंडली में सूर्य की स्थिति शुभ होने पर

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब किसी जातक की कुंडली में सूर्य देव की स्थिति उच्च होती है, तो जातक को शुभ फल की प्राप्ति होती है। माना जाता है कि सूर्य की स्थिति ठीक होने से जातक के अंदर आत्मविश्वास भरा रहा है साथ ही उच्च फल भी प्रदान करते हैं। कुंडली में सूर्य की स्थिति ठीक रहने से बिगड़े कार्य भी बनने लगते हैं।

विज्ञापन

कुंडली में सूर्य की स्थिति ठीक न होने पर

वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब किसी जातक की कुंडली में सूर्य की स्थिति ठीक नहीं होती है तो वैसे जातक के जीवन में नकारात्मक घटनाएं होने लगती हैं। जातक को अशुभ फल की प्राप्ति होती है। इस दौरान व्यक्ति को हृदय और आंख से संबंधित रोग होने लगते हैं। साथ ही व्यक्ति मोटापे से परेशान होता है।

यह भी पढ़ें- तीन माह बाद होगा गुरु ग्रह का गोचर, 3 राशियों को रहना होगा सावधान

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola