Kal Ka Panchang 30 March 2026: द्रिक पंचांग के अनुसार, कल 30 मार्च 2026 के दिन चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी और त्रयोदशी तिथि है. कल शाम के समय त्रयोदशी लगने से प्रदोष व्रत होगा. सोमवार को होने से यह सोम प्रदोष व्रत होगा. प्रदोष व्रत के दिन भगवान शिव की पूजा-अर्चना की जाती है. चैत्र माह की द्वादशी और त्रयोदशी तिथि पर योग, नक्षत्र, करण और शुभ-अशुभ समय क्या रहने वाला है, इसके बारे में दैनिक पंचांग से जान सकते हैं. यहां पढ़ें 30 मार्च 2026, सोमवार का पंचांग.

तिथि, करण, पक्ष और योग

तिथि – 30 मार्च को सोम प्रदोष व्रत रखा जाएगा. सुबह सुबह 7 बजकर 9 मिनट तक द्वादशी तिथि रहेगी. इसके बाद त्रयोदशी तिथि का आरंभ हो जाएगा. उदयातिथि के आधार पर द्वादशी तिथि मान्य होगी.
माह – चैत्र
पक्ष – शुक्ल पक्ष
करण – बालव, कौलव और तैतिल
नक्षत्र – मघा और पूर्वाफाल्गुनी
योग – शूल और गण्ड
दिन – सोमवार
दिशाशूल – पूर्व

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संवत और चंद्रमास

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सूर्योदय, सूर्यास्त, चन्द्रोदय और चन्द्रास्त

सूर्योदय – सुबह 06:14
सूर्यास्त – शाम 06:38
चन्द्रोदय – दोपहर 04:16
चन्द्रास्त – सुबह 05:00, 31 मार्च

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शुभ समय

अशुभ समय

नवग्रहों की स्थिति

पंचांग के अनुसार, चैत्र शुक्ल पक्ष द्वादशी तिथि दिन सोमवार को नवग्रहों की स्थिति क्या रहेगी इसके बारे में जान सकते हैं. नवग्रहों की स्थिति की बात करें तो सूर्य ग्रह मीन राशि में विराजमान रहेंगे. चंद्रमा कर्क राशि में मौजूद रहेंगे. मंगल ग्रह कुंभ राशि में विराजमान रहेंगे. बुध ग्रह कुंभ राशि में मौजूद रहेंगे. देवगुरु बृहस्पति मिथुन राशि में रहेंगे. शुक्र ग्रह मेष राशि में विराजमान रहेंगे. शनि ग्रह मीन राशि में विराजमान हैं. केतु ग्रह सिंह और राहु ग्रह कुंभ राशि में विराजमान रहेंगे. 30 मार्च की ग्रह इस प्रकार से रहने वाली है.

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.