मिडिल ईस्ट में होर्मुज स्ट्रेट से एक वीडियो सामने आया है, जिसमें पानी में आईफोन और लग्जरी परफ्यूम की बोतलों को तैरते हुए दिख सकते हैं. संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के स्वामित्व वाला कार्गो शिप बारूदी सुरंग से टकरा गया था और उसमें आग लग गई थी. बारूदी सुरंग से टकराते ही जहाज का बैलेंस बिगड़ा और वह पलट गया, जिससे जहाज पर लदे करीब 2500 कंटेनर पानी में गिर गए और पानी में आईफोन बॉक्स के साथ-साथ परफ्यूम की बोतलें बिखर गईं. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में छोटी नावों में सवार लोगों को समुद्र में तैरते हुए सामान को उठाते हुए देखा जा सकता है.
जहाज के 21 सदस्यीय क्रू को रेस्क्यू किया गया
सिंगापुर के झंडे वाला कंटेनर शिप GFS प्राइड दुबई से यह सामान लेकर आ रहा था. लेकिन बुधवार को शिप हादसे और हमले का शिकार हो गया. सिंगापुर के समुद्री और बंदरगाह प्राधिकरण के अनुसार, जहाज के चालक दल के 21 सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया है और किसी के घायल होने की खबर भी नहीं है. ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने पुष्टि की है कि कार्गो शिप होर्मुज स्ट्रेट से अनधिकृत मार्ग से गुजरते समय नौसैनिक खदान से टकराने के बाद डूब गया. वहीं सिंगापुर कोस्ट गार्डका कहना है कि जहाज पर किसी अज्ञात हथियार से हमला किया गया था.
अमेरिका ने ईरान की नौका पर किया था हमला
बता दें कि इससे पहले 6 अक्टूबर को अमेरिकी सेना ने ईरान की एक गश्ती नौका पर हमला किया था, जो ओमान की खाड़ी में अमेरिकी नौसेना के जहाजों की निगरानी कर रही थी और उन्हें निशाना बना रही थी. नाव को नष्ट करने से पहले चालक दल को सुरक्षित निकाल लिया गया था और किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है. एंटीगुआ और बारबुडा के ध्वज वाला एक कार्गो शिप केप डाओ 23 सितंबर को प्रोजक्टाइल से टकराने के कुछ सप्ताह बाद होर्मुज स्ट्रेट के पास डूब गया. उस हमले में चालक दल का एक सदस्य मारा गया, जबकि बाकी चालक दल को सुरक्षित निकाल लिया गया.
पिछले 10 दिन में होर्मुज स्ट्रेट में हमले बढ़ गए हैं
बता दें कि होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों पर हमले पिछले 10 दिन में तेज हो गए हैं. ईरान का कहना है कि वह अपनी बंदरगाहों की अमेरिकी नाकाबंदी और कड़े प्रतिबंधों के जवाब में हमले कर रहा है. होर्मुज स्ट्रेट से वैश्विक तेल और प्राकृतिक गैस के 5वें हिस्से की सप्लाई होती है, लेकिन होर्मुज स्ट्रेट में ईरान और अमेरिका की जंग के कारण वैश्चिक व्यापार बाधित हुआ है. 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमलों के बाद से ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को व्यापार के लिए बंद करके अपना नियंत्रण कड़ा करने की कोशिश की है, लेकिन अमेरिका होर्मुज स्ट्रेट को अपने कब्जे में लेकर राज करना चाहता है.