US में 13 लोगों को गोलियों से भूनने वाले को सब के सामने मिलेगी मौत की सजा, की जाएगी लाइवस्ट्रीमिंग

Nidal Malik Hasan: अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कहा कि फोर्ट हुड में गोलीबारी के दोषी निदाल हसन को उसी टेक्सास बेस पर सबके सामने ‘फायरिंग स्क्वाड’ के जरिए मौत की सजा दी जाएगी और इसकी लाइव-स्ट्रीमिंग भी की जाएगी, जहां उसने 2009 में 13 लोगों की हत्या की थी और 32 लोगों को घायल किया था. ट्रंप ने इस महीने की शुरुआत में उसकी सजा-ए-मौत को मंजूरी दी थी.

Nidal Hasan bell county sheriff department

निदाल हसन (Photo-Bell County Sheriff Department)

US to Livestream Nidal Hasan’s Execution: अमेरिका में पूर्व आर्मी मेजर निदाल मलिक हसन की सजा-ए-मौत की लाइव-स्ट्रीमिंग करने का प्लान बनाया जा रहा है. हसन को 2009 में टेक्सास के फोर्ट हुड में मास शूटिंग करके 13 लोगों की हत्या करने का दोषी ठहराया गया था. सजा-ए-मौत 3 दिसंबर, 2026 को दी जानी है और बताया जा रहा है कि इसे उसी मिलिट्री बेस पर ‘फायरिंग स्क्वाड’ के जरिए अंजाम दिया जाएगा जहां हमला हुआ था.

विज्ञापन

लाइवस्ट्रीमिंग का प्लान

अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने इस प्लान का ऐलान, जबकि पेंटागन के एक अधिकारी ने कंफर्म किया कि सजा-ए-मौत की लाइव-स्ट्रीमिंग की जाएगी. अगर ऐसा होता है, तो अमेरिकी सेना की तरफ से दी जाने वाली सजा-ए-मौत को सार्वजनिक रूप से दिखाने का ये एक अनोखा कदम होगा.

विज्ञापन

फोर्ट हुड में दी जाएगी सजा-ए-मौत

8 अक्तूबर 2026 को ‘रियल अमेरिकाज वॉयस’ से बात करते हुए हेगसेथ ने कहा कि आम लोग इस सजा को देख सकेंगे. उन्होंने तर्क दिया कि सजा-ए-मौत को सबके लिए लाइवस्ट्रीम कराने से ऐसे अपराधों के अंजाम का पता चलेगा. हेगसेथ ने ये भी कहा कि फोर्ट हुड इसके लिए सही जगह है क्योंकि हसन ने वहीं जानलेवा हमला किया था. अमेरिकी सेना के मुताबिक सजा-ए-मौत 3 दिसंबर को दोपहर 1 बजे (सेंट्रल स्टैंडर्ड टाइम) दी जानी है. सेना ने बताया कि हेगसेथ की सिफारिश के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 2 अक्टूबर को हसन की मौत की सजा को मंजूरी दी थी.

2009 की मास शूटिंग में क्या हुआ था?

5 नवंबर 2009 को सेना के पूर्व साइकेट्रिस्ट निदाल हसन ने फोर्ट हुड में अपने साथी सैनिकों पर गोलीबारी की थी. इस हमले में 13 लोगों की मौत हो गई थी और 32 अन्य घायल हो गए थे. ये अमेरिकी सैन्य ठिकाने पर हुई सबसे घातक गोलीबारी की घटनाओं में से एक थी. एक सैन्य जूरी ने 2013 में हसन को पहले से योजना बनाकर हत्या करने के 13 मामलों और हत्या की कोशिश के 32 मामलों में दोषी ठहराया था. उसे मौत की सजा सुनाई गई थी और तब से वो सैन्य ‘डेथ रो’ में है.

विज्ञापन

क्यों की थी हत्या?

अपने ट्रायल के दौरान निदाल हसन ने गोलीबारी करने की बात मानी और कहा कि उसने लड़ाई में अपना पक्ष बदल लिया था, ताकि तालिबान लड़ाकों और दूसरे मुसलमानों को अमेरिकी सेना से बचाया जा सके. अगर तय समय पर ऐसा होता है, तो हसन को दी जाने वाली सजा-ए-मौत 1961 के बाद अमेरिकी सेना की पहली और 1945 के बाद आर्मी की फायरिंग स्क्वाड के जरिए दी जाने वाली पहली सजा-ए-मौत होगी.

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Shariqul Hoda

Shariqul Hoda

न्यूज़ 24 डिजिटल में शारिकुल होदा सीनियर सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं. मुख्य तौर पर वह राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खबरें लिखते हैं. शारिकुल ने 2008 में दूरदर्शन में बतौर इंटर्न अपनी शुरुआत की, इसके बाद वह दैनिक जागरण, टीवी टुडे नेटवर्क, जनसंदेश, श्री न्यूज़, भारत खबर, स्पोर्ट्सकीड़ा, WION और ज़ी न्यूज़ में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. उन्होंने 3 लोकसभा चुनाव और कई विधानसभा चुनाव से लेकर देश की बड़ी घटनाओं को कवर किया है. अपने डेढ़ दशक के मीडिया करियर में शारिकुल ने देश की राजनीति, इंटरनेशनल डिप्लोमेसी, खेलकूद से जुड़ी घटनाओं की अच्छी समझ हासिल की है. कितने साल का तजुर्बा: 16 साल शिक्षा: शारिकुल ने बैंगलोर यूनिवर्सिटी (आचार्य इंस्टीट्यूट) से बीए जर्नलिज्म और गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी (एपीजे इंस्टीट्यूट) से मास्टर्स इन जर्नलिज्म और मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई की है.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ