'टोल टैक्स भरो, आने-जाने की मंजूरी लो', होर्मुज स्ट्रेट को लेकर ईरान का बड़ा फैसला, जानें क्या हैं तेल-गैस सप्लाई की शर्तें?

Hormuz Strait News: होर्मुज स्ट्रेट से तेल और गैस की सप्लाई अब ईरान की शर्तों के अनुसार होगी। जी हां, ईरान ने होर्मुज से गुजरने वाले समुद्री जहाजों से टोल टैक्स वसूलना शुरू कर दिया है। इसके अलावा ईरान ने और भी कई शर्तें होर्मुज के लिए तय की हैं।

Hormuz Strait Tension, Indian Tanker Firing, Iran US Conflict, Global Oil Supply, IRGC firing

ईरान और अमेरिका के बीच सीजफायर के बाद दुनिया को बड़ा झटका लगा है। क्योंकि ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से तेल और गैस के व्यापार की शर्तें तय कर दी हैं। रूस की सरकारी न्यूज एजेंसी TASS ने ईरानी सूत्रों के हवाले से बताया है कि ईरान ने होमुज से गुजरने वाले जहाजों से टोल टैक्स वसूलना शुरू कर दिया है। ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से तेल और गैस के टैंकरों की आवाजाही की संख्या सीमित कर दी है। ईरान के इस फैसले का वैश्विक ऊर्जा व्यापार पर असर पड़ सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

होर्मुज स्ट्रेट से आवाजाही शर्तों के अनुसार होगी

बता दें कि ईरान सरकार ने ईरान रिवॉल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को समुद्री जहाजों से टोल टैक्स वसूलने के लिए तैनात कर दिया है। जिन्हें निर्देश दिए गए हैं कि होर्मुज स्ट्रेट से आवाजाही अब शर्तों के अनुसार होगी। अब होर्मुज स्ट्रेट को वही क्रॉस कर पाएगा जो टोल टैक्स भरकर मंजूरी लेगा। वहीं अब से पहले जहां रोजाना करीब 140 जहाज होर्मुज से गुजरते थे, वहीं अब सिर्फ 15 जहाजों को ही अनुमति मिलेगी, यानी अब होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही भी सीमित रहेगी।

होर्मुज स्ट्रेट को ईरान कमाई का जरिया बनाएगा

ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई ने एक बयान जारी किया है। उन्होंने पूरी दुनिया को साफ-साफ संदेश दिया है कि अब ईरान होर्मुज स्ट्रेट को न सिर्फ कंट्रोल करेगा, बल्कि इसे कमाई का जरिया बनाएगा। इसकी सुरक्षा को और टाइट किया जाएगा, वहीं अब इससे गुजरने वाले जहाजों से एक बैरल तेल पर 1 अमेरिकी डॉलर की टोल फीस वसूली जाएगी। क्रिप्टोकरेंसी में फीस का भुगतान करना होगा। समझ लीजिए कि अब ईरान और होर्मुज स्ट्रेट दोनों जंग से पहले जैसे नहीं रहे।

विज्ञापन

अमेरिका का ईरान संग मिलकर कंट्रोल का दावा

वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि होर्मुज स्ट्रेट को अब अमेरिका और ईरान मिलकर कंट्रोल करेंगे। जहाजों से वसूली भी दोनों देश मिलकर कर रहे हैं, जिसका शेयर दोनों में बंटेगा। अमेरिका के सहयोगी यूरोपीय देश बताएंगे कि वे होर्मुज की सुरक्षा करने में अमेरिका की मदद कैसे करेंगे? बता दें कि ईरान के इस फैसले से अरब देशों से तेल-गैस लेने वाले देशों में पेट्रोल-डीजल और गैस महंगी हो सकती है, यानी वैश्विक के साथ देशों की अर्थव्यवस्था पर भी असर पड़ेगा।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ