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शहबाज शरीफ और असीम मुनीर फंसे, रक्षा मंत्री ने ही खोली पोल, कहा- सत्ता-स्वार्थ के लिए लड़ रहे जंग

Terrorist Attack in Pakistan: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और CDS असीम मुनीर पर सवाल उठे हैं। संसद में रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने ही दोनों पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने दोनों पर सत्ता के लिए देश को युद्ध की आग में झोंकने का आरोप लगाया है।

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ख्वाजा आसिफ ने संसद में दोनों पर सवाल उठाए हैं।

Pakistan News: पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में हुए आतंकी हमले को लेकर प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और सेना प्रमुख असीम मुनीर पर सवाल उठ रहे हैं। संसद में आतंकी हमले पर चर्चा के दौरान रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने दोनों पर कठघरे में खड़ा किया और कहा कि पाकिस्तान इस समय भारत, अफगानिस्तान, बलूचिस्तान के बीच फंसा है। राजनीतिक हितों और सत्ता पाने के लिए इनसे जंग लड़ी जा रही है।

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देश को युद्ध की आग में धकेलने के आरोप लगाए

इस्लामाबाद में हुए आतंकी हमले के बाद सरकार और सेना दोनों ही विपक्ष के टारगेट पर हैं। बीते दिन संसद में सरकार और सेना पर सवाल उठाते हुए रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि देश के भले के लिए जंग कोई नहीं लड़ता, बल्कि अपने मतलब के लिए और सत्ता पाने के लिए लोग देश और लोगों को युद्ध की आग में झोंक देते हैं। इसलिए अफगानिस्तान, भारत और बलूचिस्तान को आए दिन धमकियों पर धमकियां दी जा रही हैं।

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रक्षा मंत्री विपक्षी नेता अचकजई के बयान पर भड़के

नेशनल असेंबली में विपक्ष के नेता महमूद खान अचकजई ने कहा कि पाकिस्तान की सेना सिर्फ 4 जिलों की ही सेना है, लेकिन पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ने इस बयान पर कड़ी आपत्ति जताई और यह भी स्वीकार किया कि पाकिस्तान देश इस समय 3 देशों के साथ युद्ध में फंसा हुआ है और युद्ध राजनीतिक हितों के लिए लड़ा जा रहा है। कोई कहे कि देश के लिए युद्ध लड़ा जा रहा है तो वह गलत है। पिछले 60-70 साल में जितने भी युद्ध लड़े गए हैं, उनमें से किसी भी युद्ध के लिए कोई मूलभूत सिद्धांत नहीं अपनाया गया।

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अचकजई पर लगे सेना को बदनाम करने के आरोप

रक्षा मंत्री ने कहा कि बलूचिस्तान से पंजाबी लोगों को पहचान पत्र देखते ही गोली मार दी जाती है, तब तो कोई आवाज बुलंद नहीं करता। प्रांतीय भेदभाव में विश्वास नहीं करता हूं, लेकिन अचकजई पाकिस्तानी सेना को लेकर जो कह रह हैं, उस पर मुझे आपत्ति है। विपक्षी नेता ने गैर-जिम्मेदाराना बयान दिया है और राष्ट्रीय संस्था को बदनाम करने की कोशिश की है, जबकि वह पूरे देश का प्रतिनिधित्व करती है। पाकिस्तान देश अब उन जवानों कर्जदार है, जिन्होंने सत्ता के लिए लड़े गए युद्ध में अपनी जान गंवा दी।

पाकिस्तानी सेना में किस राज्य के कितने प्रतिशत जवान?

बता दें कि साल 2023 की जनगणना के अनुसार, पाकिस्तान की सेना में पंजाब से 51.1 प्रतिशत, खैबर पख्तूनख्वा से 16.28 प्रतिशत, सिंध से 20.52 प्रतिशत, बलूचिस्तान से 6.04 प्रतिशत, आजाद जम्मू-कश्मीर और गिलगित-बाल्टिस्तान से 2.54 प्रतिशत और अल्पसंख्यकों से 3.52 प्रतिशत जवान हैं।

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लेखक के बारे में

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.
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