दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई फ्लाइट FZ1073 के अंदर का एक नया फुटेज सामने आया है, जिसमें देख सकते हैं कि कॉकपिट में पायलट पर हमला होने के बाद विमान में कैसे अफरा-तफरी मच गई थी? फुटेज में को-पायलट के हमले में घायल पायलट कैप्टन स्मित मच्छार अपना दर्द बयां करते नजर आए, वहीं आरोपी को-पायलट भी घुटनों के बल जमीन की तरफ मुंह करके बैठा नजर आया, जिसकी वर्दी भी पायलट के खून से सनी है. आरोपी को-पायलट को सऊदी अरब पुलिस ने UAE के हवाले कर दिया गया है, जिसने घोषणा की है कि को-पायलट की हरकत आतंकी हमला करने की साजिश थी या पायलट पर हमले की कोई और वजह थी? जांच के बाद ही कोई निष्कर्ष निकाला जाएगा.
पायलट ने यात्रियों को हमले के बारे में बताया
बता दें कि नई फुटेज में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार यात्रियों से बात करते सुनाई दे रहे हैं. बता रहे हैं कि को-पायलट ने उन पर कई बार हमला किया. वे अपने हाथ की ओर इशारा करते हुए कहते हैं कि वे हाथ को हिला सकते हैं, लेकिन मुट्ठी बंद नहीं कर पा रहे और न इस पर दबाव डाल सकते हैं, न इससे कोई चीज पकड़ सकते हैं. वहीं लोग उनसे कह रहे हैं कि वे टेंशन न लें, हमलावर को-पायलट को पकड़कर बांध दिया है. सभी यात्री और क्रू मेंबर्स सुरक्षित हैं. फ्लाइट को सऊदी अरब के तबूक में इमरजेंसी लैंड कराया जा रहा है. इस बीच डॉक्टर को बुलाया जाता है, जो फर्स्ट एड देकर पायलट का खून बहने से रोक देता है. फुटेज में पायलट को अस्पताल ले जाते हुए भी देख सकते हैं.
यात्रियों और पायलट के बीच क्या बातचीत हुई?
बता दें कि नई फुटेज में यात्रियों और पायलट के बीच जो बातचीत हुई, वह इस प्रकार है. कॉकपिट में घुसे 4 लोग यात्रियों से कहते हैं कि बाहर जाओ! बाहर जाओ! हमलावर को-पायलट को बाहर ले जाओ! क्या यहां कोई डॉक्टर है? हमें एक पायलट चाहिए! इस बीच कैप्टन कहते हैं कि उसने मुझे मारा…बहुत बार मारा है. मेरा हाथ… मैं इसे हिला सकता हूं, लेकिन मैं अपना हाथ दबा नहीं सकता. मैं मुट्ठी नहीं बना सकता. वहीं यात्री कहते हैं कि पुलिस पुलिस आ रही है. उसे छोड़ना नहीं है? वह आतंकवादी है, समझ रहे हैं? हमें पुलिस चाहिए. वह बाहर नहीं जा सकता. लगभग एक घंटा 40 मिनट हो गए हैं. बस पांच मिनट और, फ्लाइट लैंड होते ही को-पायलट को पुलिस के हवाले किया जाएगा और आपको अस्पताल लेकर जाएंगे.
स्मित मच्छार ने बचाई 174 यात्रियों की जान
बता दें कि कैप्टन स्मित मच्छार पिछले 4 साल से फ्लाईदुबई एयरलाइंस के साथ काम करते हैं. जब को-पायलट पर विमान को क्रैश कराने का शक हुआ तो उन्होंने उसे रोकने का प्रयास किया. इस दौरान को-पायलट ने उन पर चाकू से हमला किया. लेकिन घायल होने पर भी स्मित मच्छार ने असाधारण बहादुरी दिखाई. गंभीर चोटों के बावजूद कॉकपिट खोल और स्थिति को संभाला. विमान में सवार 174 लोगों की जान बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. हमलावर को काबू करने के लिए कई लोगों ने मिलकर प्रयास किया और उसे सीट से बांधकर राहत की सांस ली. डॉक्टर ने पायलट का खून बहने से रोककर उसकी जान बचाई. फ्लाइट में सवार दूसरे पायलटों ने विमान को कंट्रोल में लेकर तबूक एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग कराई.