BRI प्रोजेक्ट फेल होने से टेंशन में राष्ट्रपति जिनपिंग, अब क्या करेगा चीन?
Author: Pankaj Mishra
Sep 08, 2023 10:21 AM IST
Belt and Road Initiative China : चीन का महत्वाकांक्षी बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव (BRI) प्रोजेक्ट लगभग फेल हो चुका है। BRI प्रोजेक्ट के फेल होने से चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग टेंशन में है। बताया जा रहा है कि अब कोई भी नया देश अब राष्ट्रपति जिनपिंग ड्रीम प्रोजेक्ट बीआरआई में शामिल होने के लिए तैयार नहीं हो रहा है।
दरअसल शुरुआत में चीन ने अपने बीआरआई प्रोजेक्ट में शामिल होने के लिए कई देशों में कर्ज देकर शामिल करने की कोशिश की चीन ने अपनी कर्ज नीति से पाकिस्तान और श्रीलंका को अपने पक्ष में कर लिया, लेकिन इस कर्ज ने पाकिस्तान और श्रीलंका को कंगाली तक पहुंचा दिया।
बताया जा रहा है कि चीन के कर्ज जाल में पाकिस्तन और श्रीलंका के फसने के बाद अब कोई भी देश उसके झासे में आने के लिए तैयार नहीं है और चीन बीआरआई में शामिल होने से इनकार कर रहा है।
साथ ही घरेलू मंदी और कोविड महामारी के बाद चीन के पास इतने पैसे भी नहीं हैं कि वो मुफ्त में बांट सके। वहीं पाकिस्तान, श्रीलंका समेत कई देश चीन से अनुदान की मांग कर रहा है। लेकिन चीन इसे खारिज करता रहा है।
आलम यह है कि कर्ज चुका पाने की स्थिति में श्रीलंका ने हंबनटोटा बंदरगाह 99 साल की लीज पर चीन को देने के लिए मजबूर होना पड़ा। ऐसे में अन्य देश चीन के कर्ज जाल में फंसने से सावधान होते दिख रहे हैं।
इस बीच खबरें आ रही है कि राष्ट्रपति जिनपिंग अपने राजनयिकों पर बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव की परियोजनाओं के फायदे का गुनगान करने के लिए दबाव की नीति पर काम कर रहे हैं।
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आपको बता दें कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने सितंबर 2013 में चीन और यूरोप को जोड़ने वाले सिल्क रोड इकोनॉमिक बेल्ट का प्रस्ताव रखा था। इसके अगले ही महीने उन्होंने बेल्ट एंड रोड की नींव रखा था।
बताया जा रहा है कि पिछले 10 साल में चीन के बेल्ट एंड रोड इनिशिएटिव परियोजना में 150 से अधिक देश शामिल हुए। बताया जा रहा है कि बेल्ट और रोड देशों के साथ चीन को व्यापारिक फायदा भी हुआ है।
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