Jyotish Shastra: मंगल और शनि, दोनों ही ग्रह हैं और वो भी बेहद शक्तिशाली. कुंडली में जब भी ये दोनों ग्रह साथ आते हैं या इनके कारण योग बनता है तो मानव जीवन के विभिन्न पहलुओं में बदलाव जरूर देखने को मिलता है. प्रश्न कुंडली विशेषज्ञ पंडित सुरेश पांडेय बताते हैं कि शनि की महादशा में मंगल की अंतर्दशा या मंगल की महादशा में शनि की अंतर्दशा जब चल रही हो तो उस दौरान कुंडली में मंगल ग्रह पर शनि ग्रह की दृष्टि पड़ना शुभ नहीं होता है. ऐसे में दुर्घटना होने की संभावना बनी रहती है. इसके अलावा कुंडली के दूसरे भाव, सातवें भाव और 12वें भाव में शनि और मंगल की युति होना भी शुभ नहीं होता है. ऐसी स्थिति में व्यक्ति के शादी टूटने की संभावना बनी रहती है.
हालांकि, मंगल ग्रह और शनि ग्रह की शांति के लिए कुछ उपायों को करके अशुभ प्रभाव से बचा जा सकता है. उपायों की जानकारी आपको ऊपर दिए गए वीडियो में मिल जाएगी.
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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.
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