उत्तर प्रदेश की योगी सरकार करप्शन को लेकर काफी सख्त है। बड़े से लेकर छोटे अधिकारी तक, अगर कोई भ्रष्टाचार में लिप्त पाया जाता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होती है। इसी क्रम में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को सीनियर आईएएस अधिकारी अभिषेक प्रकाश को सस्पेंड कर दिया। अभिषेक प्रकाश लखनऊ के डीएम भी रह चुके हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में डिफेंस कॉरिडोर के जमीन अधिग्रहण में हुए करप्शन मामले में बड़ा एक्शन लिया। आईएएस अधिकारी अभिषेक प्रकाश इस वक्त औद्योगिक विकास विभाग के सचिव और यूपी इन्वेस्ट के सीईओ हैं। ऐसे में भ्रष्टाचार मामले में सीएम योगी ने कार्रवाई करते हुए आईएएस अभिषेक प्रकाश को निलंबित कर दिया।
जानें क्यों नपे आईएएस अभिषेक प्रकाश?
अभिषेक प्रकाश 2006 बैच के IAS अफसर हैं। वे लंबे समय तक लखनऊ के डीएम भी रहे थे। लखनऊ डिफेंस एक्सपो जमीन घोटाले में फर्जी दस्तावेजों और करप्शन के मामले सामने आए हैं। डिफेंस कॉरिडोर के लिए भटगांव में जमीन का अधिग्रहण किया गया था। किसानों को मुआवजे देने में गड़बड़ी पाए जाने पर आईएसए अभिषेक प्रकाश नप हैं।
करप्शन के खिलाफ योगी सरकार सख्त
आईएएस अधिकारी अभिषेक प्रकाश कई जिलों में भी डीएम रह चुके हैं। सीएम योगी का साफ निर्देश है कि यूपी में किसी भी कीमत में करप्शन बर्दाश्त नहीं होगा। उन्होंने आईएएस और पीसीएस अफसरों को अलर्ट किया है कि अगर कोई अधिकारी करप्शन में शामिल पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।