गाजियाबाद के भारत सिटी सोसायटी में तीन नाबालिग बहनों की मौत का मामला दिन-ब-दिन और गंभीर होता जा रहा है. पुलिस जांच में अब ये सामने आया है कि बहनों के पिता चेतन ने घटना से जुड़ी एक और बात में गलत जानकारी दी थी. इससे पुलिस का शक और गहरा हो गया है और मामले की जांच कई नए एंगल से की जा रही है.
ये भी पढ़ें: कानपुर में रील बनाने के लिए रच डाला बच्चे की किडनैपिंग का नाटक, फिरौती कॉल से परिवार के छूट गए पसीने
---विज्ञापन---
क्या है पूरा मामला?
ये दर्दनाक घटना 4 फरवरी की रात की है, जब 16, 14 और 12 साल की तीन बहनों ने अपने फ्लैट की नौवीं मंजिल से कूदकर जान दे दी. शुरुआत में पिता ने पुलिस को बताया था कि उनकी बेटियां मोबाइल गेम, सोशल मीडिया और कोरियन कल्चर से बहुत प्रभावित थीं. उनका कहना था कि बेटियों को पढ़ाई में रुचि नहीं थी और वो स्कूल में फेल हो गई थीं, इसलिए घर में तनाव रहता था.
---विज्ञापन---
पुलिस जांच में क्या सामने आए ?
पुलिस की ताजा जांच में ये बात झूठी निकली. पुलिस ने जब स्कूल से संपर्क किया तो पता चला कि तीनों बहनें फेल नहीं हुई थीं. स्कूल रिकॉर्ड के मुताबिक उन्होंने परीक्षाएं दी थीं और उन्हें अगली कक्षा में प्रमोट किया गया था. यानी पढ़ाई को लेकर पिता का दावा सही नहीं था. पुलिस ये भी जांच कर रही है कि बहनें स्कूल क्यों नहीं जा रही थीं. क्या उन्होंने खुद स्कूल जाना छोड़ा था या घर की किसी मजबूरी की वजह से ऐसा हुआ, इस पर भी सवाल उठ रहे हैं. इसके अलावा ये भी सामने आया है कि तीनों बहनें पिता के मोबाइल फोन से एक यूट्यूब चैनल चलाती थीं, जिसे अब पुलिस ने जांच के दायरे में ले लिया है.
ये भी पढ़ें: ‘शिवम मिश्रा नहीं चला रहे थे कार…’, कानपुर लेम्बोर्गिनी कांड में नया मोड़, घायल ने बदला बयान; समझौते की दी अर्जी
तीन बहनों की मौत का जिम्मेदार कौन?
जांच के दौरान पिता के बयानों पर कई बार पुलिस को शक हुआ. उन्हें ये भी जानकारी मिली है कि पिता की प्राइवेट लाइफ और पारिवारिक हालात सामान्य नहीं थे. उनकी पिछली शादियों और परिवार से जुड़े कुछ पुराने मामलों की भी जांच की जा रही है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ये मामला सिर्फ मोबाइल गेम या सोशल मीडिया का नहीं है. इसमें पारिवारिक दबाव, मानसिक तनाव और घरेलू हालात की भी बड़ी भूमिका हो सकती है. फिलहाल पुलिस हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है, ताकि ये साफ हो सके कि आखिर तीन मासूम बहनों को इतना बड़ा कदम उठाने पर मजबूर किसने किया.