Teldiha Durga Mandir: बिहार के प्रसिद्ध तेलडीहा दुर्गा मंदिर में शारदीय नवरात्र की अष्टमी और नवमी के अवसर पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली. 2 दिनों के दौरान 15 हजार से ज्यादा बकरों की बलि दिए जाने और करीब 5 हजार बच्चों का मुंडन संस्कार कराए जाने की जानकारी सामने आई है. इस दौरान लंबी कतारों, श्रद्धालुओं की तबीयत बिगड़ने और मुंडन व पार्किंग के नाम पर कथित रूप से अधिक पैसे वसूलने की शिकायतें भी मिलीं. बांका जिले में मंदिर न्यास समिति ने इन मामलों की जांच कराने की बात कही है.
अष्टमी की शाम से नवमी की सुबह तक चला अनुष्ठान
तेलडीहा दुर्गा मंदिर में पाठा बलि का सिलसिला अष्टमी की शाम करीब 7 बजे शुरू हुआ और पूरी रात जारी रहा. इसके बाद नवमी को दोपहर 12 बजे से अनुष्ठान शुरू हुआ, जो अगले दिन सुबह 7 बजे तक चलता रहा. इस तरह धार्मिक अनुष्ठानों के दौरान मंदिर परिसर में लगभग 18 घंटे तक गतिविधियां जारी रहीं.
मंदिर न्यास समिति के कोषाध्यक्ष दिलीप दासु के मुताबिक, इस साल बलि और मुंडन संस्कार की संख्या पिछले साल के मुकाबले ज्यादा रही. हालांकि रसीदों की गिनती पूरी नहीं होने के कारण अंतिम आंकड़ों की पुष्टि नहीं की जा सकी है. बताया गया कि कुछ बलियां बिना रसीद के भी दी गईं, जिससे असल संख्या का अनुमान लगाना मुश्किल हो सकता है.
श्रद्धालु की तबीयत बिगड़ी
बलि देने के लिए श्रद्धालुओं को लंबा इंतजार करना पड़ा. इस दौरान कई लोगों को चक्कर आने और तबीयत बिगड़ने की शिकायत हुई. समुखिया मोड़ के ककना निवासी विष्णु पंडित और मालतेघड़ा निवासी बीजो मंडल समेत कुछ श्रद्धालुओं के गिरने की जानकारी सामने आई. बीजो मंडल ने मीडिया को बताया कि वो नवमी पर बलि देने के लिए रात से कतार में खड़े थे. करीब 10 घंटे इंतजार करने के बाद उन्हें चक्कर आ गया.
मुंडन और पार्किंग चार्ज को लेकर शिकायतें
नवमी के दिन मंदिर परिसर में कुमारी कन्या भोज का आयोजन भी किया गया. सुबह 7 बजे से मुंडन संस्कार शुरू हुआ, लेकिन भारी भीड़ के कारण जगह की कमी महसूस हुई. कुछ मेढ़पति सदस्यों और बिचौलियों पर निर्धारित राशि से अधिक वसूली करने के आरोप लगे. वहीं तेलडीहा बगीचे में वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था की गई थी. शुल्क निर्धारित नहीं होने के कारण वाहन चालकों से मनमानी रकम वसूलने की शिकायतें आईं. पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद और हाथापाई की स्थिति बनने की भी जानकारी मिली.
न्यास समिति कराएगी शिकायतों की जांच
मंदिर न्यास समिति के सचिव मनोज कुमार सिंह ने बताया कि मुंडन संस्कार के दौरान ज्यादा पैसे वसूलने और पाठा बलि की रसीदों में गड़बड़ी की शिकायतें मिली हैं. उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और दोषी पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. मंगलवार को विधि-विधान के साथ नवरात्र की पूर्णाहुति हुई. शाम को सुरक्षा इंतजाम के बीच मां दुर्गा की प्रतिमा का बदुआ नदी में विसर्जन किया गया. पुजारी श्याम आचार्य के मुताबिक, 9 दिनों बाद नदी से मेढ़ की दोबारा वापसी होगी.