मोकामा के बाहुबली विधायक अनंत सिंह को पटना हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है. दुलारचंद यादव मर्डर केस में अदालत ने उन्हें जमानत दे दी है, जिसके बाद उनके शुक्रवार या शनिवार तक जेल से बाहर आने की उम्मीद है. विधायक फिलहाल पटना की बेऊर जेल में बंद थे और इस फैसले के बाद उनके समर्थकों में जश्न का माहौल है. अदालती आदेश के बाद अब कागजी कार्रवाई पूरी की जा रही है. संभावना जताई जा रही है कि शुक्रवार (20 मार्च) या शनिवार (21 मार्च) तक वे जेल की सलाखों से बाहर आ जाएंगे. अपने चहेते नेता के स्वागत के लिए मोकामा से लेकर पटना तक समर्थकों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं.
राज्यसभा चुनाव में दिया था बड़ा संकेत
अनंत सिंह की यह जमानत इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि हाल ही में उन्होंने खुद इसकी भविष्यवाणी की थी. कुछ समय पहले राज्यसभा चुनाव के दौरान जब वे वोट डालने के लिए भारी सुरक्षा के बीच विधानसभा पहुंचे थे. तो पत्रकारों ने उनसे जेल से बाहर आने को लेकर सवाल किया था. उस वक्त मुस्कुराते हुए अनंत सिंह ने बड़े आत्मविश्वास से कहा था. “कोई उदास न रहे. हम बस एक से दो महीने के भीतर बाहर आ रहे हैं.” आज हाईकोर्ट के फैसले ने उनकी उस बात पर मुहर लगा दी है. उसी दौरान उन्होंने यह बड़ा ऐलान भी किया था कि अब उनके बच्चे राजनीति की कमान संभालेंगे. जिससे बिहार के सियासी गलियारों में नई चर्चा शुरू हो गई थी.
यह भी पढ़ें: पूर्व राज्यपाल राजशेखरन, रॉबिन आरवी पर लगाया दांव; केरल चुनाव के लिए BJP ने जारी की 39 उम्मीदवारों की सूची
क्या है दुलारचंद यादव हत्याकांड?
यह पूरा मामला साल 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव के वक्त का है. चुनाव प्रचार के दौरान दुलारचंद यादव की हत्या कर दी गई थी. जिसमें अनंत सिंह को मुख्य आरोपी बनाया गया था. इस मामले ने उस वक्त काफी तूल पकड़ा था और पुलिसिया कार्रवाई के बाद उन्हें जेल जाना पड़ा था. दिलचस्प बात यह है कि जेल में बंद रहने के बावजूद मोकामा की जनता ने उन पर अटूट भरोसा जताया और उन्हें भारी मतों से जीत दिलाकर विधानसभा भेजा. अनंत सिंह से पहले उनकी पत्नी नीलम देवी भी मोकामा का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं. जिससे यह साफ है कि इस क्षेत्र में सिंह परिवार की राजनीतिक पकड़ बेहद मजबूत है.
सियासी समीकरणों पर पड़ेगा असर
अनंत सिंह का जेल से बाहर आना बिहार की राजनीति में कई समीकरणों को बदल सकता है. जेडीयू विधायक के तौर पर उनकी सक्रियता सत्ता पक्ष को मजबूती देगी. तो वहीं उनके दबदबे से विरोधी खेमे में हलचल तेज होना लाजिमी है. समर्थकों का मानना है कि ‘छोटे सरकार’ के बाहर आने से मोकामा और आसपास के इलाकों में विकास कार्यों में तेजी आएगी. कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही वे एक बार फिर अपने चिर-परिचित अंदाज में जनता के बीच नजर आएंगे. फिलहाल सबकी नजरें बेऊर जेल के गेट पर टिकी हैं. जहां से अनंत सिंह का काफिला निकलने वाला है.
संबंधित खबरें
JDU से बाहर निकाले गए MLA अनंत सिंह, पार्टी विरोधी गतिविधियों पर हुआ एक्शन
2 hrs agoबिहार के सिवान में पटाखे बनाते वक्त घर में ब्लास्ट, 5 की मौत, SHO सस्पेंड
1 day agoबिहार का पहला एक्सप्रेस-वे, पटना से पूर्णिया का सफर होगा आसान
1 day ago4 राज्यों की 28 विधान परिषद सीटों पर मतदान जारी, 27 को आएंगे परिणाम
1 day agoबिहार में पीएम सूर्य घर योजना से बिजली बिल में बड़ी बचत
2 days agoBihar Pension News: 1.03 करोड़ पेंशनधारियों का जीवन प्रमाणीकरण पूरा
3 days agoवीबी-जी राम जी योजना के तहत बिहार के सभी 38 जिलों में काम पर लगी रोक हटी
3 days agoलॉरेंस बिश्नोई गैंग के रडार पर कैसे आया बिहार? दिल्ली से मुंबई तक नेटवर्क
3 days agoबिहार के तेलडीहा दुर्गा मंदिर में 15000 बकरों की बलि, 5000 बच्चों का मुंडन
3 days agoदिल्ली से पटना के लिए आज से शुरू हुई स्पेशल वंदे भारत, चेक करें रूट और समय
3 days agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines