बिहार के भोजपुर जिले के आरा में गुरुवार सुबह एक रिटायर्ड कस्टम अधिकारी की गोली मारकर हत्या कर दी गई. मृतक की पहचान राम कुमार सिंह के रूप में हुई है. वह जैन कॉलेज के पास कनकपुरी इलाके में रहते थे. वारदात उस समय हुई, जब वह अपने बेटे के साथ सुबह की सैर पर निकलने की तैयारी कर रहे थे. हमलावरों ने घर के बाहर ही उन पर गोलियां चला दीं. घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया. परिजनों ने हत्या के पीछे जमीन विवाद की आशंका जताई है. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है. हमलावरों की पहचान और उनकी गिरफ्तारी के लिए जांच की जा रही है.
घर के बाहर बेटे के सामने मारी गोली
राम कुमार सिंह के बड़े बेटे राजेश कुमार सिंह ने बताया कि वह रोज अपने पिता के साथ कार से आरा रमना मैदान में सुबह की सैर के लिए जाते थे. गुरुवार सुबह भी दोनों घर से निकल रहे थे. उनके पिता घर का मुख्य शटर बंद कर रहे थे, जबकि राजेश कार में बैठे थे. इसी दौरान करीब चार हथियारबंद बदमाश वहां पहुंचे और राम कुमार सिंह पर गोलियां चला दीं. गोली लगने से वह जमीन पर गिर पड़े. स्थानीय लोगों से जानकारी मिलने के बाद राजेश तुरंत अपने पिता के पास पहुंचे और पुलिस को सूचना दी. उन्हें आरा सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने राम कुमार सिंह को मृत घोषित कर दिया. गोली लगने की गिनती को लेकर अलग-अलग जानकारी सामने आई है. पुलिस के शुरुआती बयान के मुताबिक, उन्हें चार से पांच गोलियां लगी थीं, जबकि परिजनों ने इससे अधिक गोलियां लगने की बात कही है.
जमीन विवाद में हत्या की आशंका
भोजपुर के एसपी अवधेश कुमार दीक्षित ने बताया कि शुरुआती जांच में जमीन विवाद हत्या की वजह हो सकती है. मृतक के परिवार ने भी पुलिस को इसी विवाद के बारे में जानकारी दी है. परिजनों के अनुसार, राम कुमार सिंह ने अपने बेटे राजेश कुमार के नाम पर 13 कट्ठा जमीन खरीदी थी. परिवार का आरोप है कि कुछ लोग इस जमीन पर कब्जा करने की कोशिश कर रहे थे. इस मामले में पहले भी शिकायत की गई थी. परिजनों ने यह भी दावा किया कि जमीन विवाद के कारण राम कुमार सिंह को पहले धमकियां मिल चुकी थीं और उन पर हमला भी हुआ था. मृतक की पत्नी सुशीला देवी ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने जमीन पर कब्जा करने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार किए थे और उनके पति को जान से मारने की धमकी दी थी. हालांकि, इन आरोपों की पुलिस जांच कर रही है. अभी हत्या की वजह की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.
पुलिस जांच में जुटी, आरोपियों की तलाश जारी
घटना की जानकारी मिलते ही भोजपुर एसपी अवधेश कुमार दीक्षित, आरा सदर एसडीपीओ-1 सुशील कुमार, नवादा थाना प्रभारी कुमार रजनीकांत और अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे. पुलिस ने घटनास्थल से कुछ खाली कारतूस बरामद किए हैं. फॉरेंसिक टीम और जिला खुफिया इकाई भी वारदात की जगह से सबूत जुटा रही हैं. पुलिस जमीन विवाद के अलावा अन्य संभावित कारणों से भी मामले की जांच कर रही है. एसपी ने कहा कि जांच में किसी पुलिसकर्मी या प्रभावशाली व्यक्ति का नाम सामने आता है, तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी.
सड़क जाम कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग
राम कुमार सिंह की हत्या से नाराज परिवार के सदस्यों और स्थानीय लोगों ने गुरुवार सुबह सपना सिनेमा मोड़ के पास आरा-पटना सड़क जाम कर दिया. परिजनों ने आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की. राजेश कुमार सिंह ने कहा कि यदि आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार नहीं किया गया, तो आरा में एक सप्ताह तक सड़क जाम किया जाएगा. उन्होंने दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग भी की. राम कुमार सिंह वर्ष 2015 में कस्टम विभाग से रिटायर हुए थे. वह शाहाबाद क्षत्रिय कल्याण महासभा के अध्यक्ष थे और आरा में कई सामाजिक व सांस्कृतिक संगठनों से जुड़े हुए थे. उनकी हत्या से स्थानीय लोगों में गुस्सा और शोक है. फिलहाल, पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है और मामले की जांच जारी है.