The Hundred League: आर्थिक तंगी से जूझ रही इंग्लैंड क्रिकेट क्लब (ईसीबी) की जैसे लॉटरी लग गई है। ईसीबी की 'द हंड्रेड' लीग की टीमों को बेचने की प्रक्रिया जारी है, जहां उसने आठ टीमों में हिस्सेदारी बेचकर 975 मिलियन पाउंट की भारी भरकम राशि जुटाने में कामयाब हासिल की है। पिछले दो हफ्तों में फ्रेचाइजी में हिस्सेदारी के लिए ईसीबी की बिक्री प्रक्रिया अपने आखिरी दौर में पहुंच गई है। आइए एक नजर डालते हैं कि 'द हंड्रेड' लीग में अब तक किन आईपीएल फ्रेंचाइजी ने हिस्सेदारी खरीदी है।

मुंबई इंडियंस

पांच बार की आईपीएल चैम्पियंन मुंबई इंडियंस की मालिक रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने 'द हंड्रेड' ओवल इनविंसिबल्स में 49% हिस्सेदारी खरीद रही है। इसके अलावा सरे के पास 51% हिस्सेदारी रहेगी।

लखनऊ सुपर जायंट्स

लखनऊ सुपर जायंट्स टीम के मालिक संजीव गोयनका ने 'द हंड्रेड' की टीम मैनचेस्टर ओरिजिनल्स में 70 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी है। इसके अलावा लंकाशायर के पास 30% हिस्सेदारी रहेगी। यह भी पढ़ें: WPL 2025: RCB की बढ़ी टेंशन, टीम से बाहर हुए ये बड़े नाम

सनराइजर्स हैदराबाद

सनराइजर्स हैदराबाद का मालिक सन ग्रुप ने 'द हंड्रेड' में नॉर्दर्न सुपरचार्जर्स की 100% हिस्सेदारी खरीदी है। इस तरह यॉर्कशायर इसमें वित्तीय हिस्सेदार नहीं रहेगा।

दिल्ली कैपिटल्स

दिल्ली कैपिटल्स का मालिक हक रखने वाली जीएमआर ग्रुप 'द हंड्रेड' में साउथर्न ब्रेव में 49% हिस्सेदारी खरीद रहा है। इसके अलावा जीएमआर मेजबान काउंटी हैम्पशायर का भी अधिग्रहण कर रहा है। यह भी पढ़ें: IPL 2025: कप्तान के रूप में Rajat Patidar की आसान नहीं राह, इन ‘मुश्किलों’ से पार पाना होगी टेड़ी खीर

कैसे काम करेगा सौदा

ईसीबी का कहना है कि निवेशकों ने कम से कम पांच साल के लिए प्रतिबद्धता जताई है, जो 2030 के अंत तक चलेगी। इस सौदे में आईपीएल फ्रेंचाइजी द्वारा बीसीसीआई को सालाना भुगतान की जाने वाली फ्रेंचाइजी फीस शामिल नहीं है।

ECB की क्या है योजना

ईसीबी को जो 975 मिलियन पाउंड मिले हैं, उसमें से वो 520 मिलियन पाउंड काउंटी क्रिकेट, जमीनी स्तर और मनोरंजक क्रिकेट के विकास के लिए खर्च करेगा। इसके अलावा 450 मिलियन पाउंड 18 इंग्लिश काउंटी टीमों को मिलेगा।