भारत के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज में न्यूजीलैंड को 2-3 से हार का सामना करना पड़ा. हालांकि, हैमिल्टन में खेले गए आखिरी मुकाबले में जीत हासिल करने के बाद कीवी कप्तान मिचेल सैंटनर ने अपनी टीम के प्रदर्शन पर संतोष जताया. उनका मानना है कि सीरीज का नतीजा न्यूजीलैंड के पक्ष में भी जा सकता था. सैंटनर ने शुरुआती मुकाबलों का जिक्र करते हुए कहा कि क्राइस्टचर्च में खेले गए पहले दो मैचों में उनकी टीम के पास जीतने के अच्छे मौके थे, लेकिन उन अवसरों का फायदा नहीं उठाया जा सका. अगर न्यूजीलैंड उन मैचों को अपने नाम कर लेता तो सीरीज की तस्वीर अलग हो सकती थी.
शुरुआती मैचों में मिली हार पर सैंटनर ने क्या कहा?
मैच के बाद सैंटनर ने माना कि भले ही सीरीज का स्कोर 3-2 भारत के पक्ष में रहा, लेकिन दोनों टीमों के बीच मुकाबला काफी करीबी था. उनके मुताबिक, कुछ अहम मौकों पर बेहतर प्रदर्शन करने से न्यूजीलैंड सीरीज में आगे रह सकता था. हालांकि, टीम के लिए इस दौरे पर कई अच्छी बातें भी रहीं.
सैंटनर ने आखिरी दो मुकाबलों में खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना की. उन्होंने कहा कि शुरुआती मैचों में पिछड़ने के बाद टीम ने वापसी की और बल्लेबाजी तथा गेंदबाजी दोनों विभागों में बेहतर खेल दिखाया. उनके लिए यह बात अहम रही कि खिलाड़ियों ने मुश्किल परिस्थितियों में खुद को संभाला और सीरीज के आखिरी मुकाबलों में अच्छा प्रदर्शन किया.
ग्लेन फिलिप्स की बल्लेबाजी से प्रभावित हुए कप्तान
सीरीज में शानदार प्रदर्शन करने वाले प्लेयर ऑफ द सीरीज ग्लेन फिलिप्स की सैंटनर ने खास तौर पर तारीफ की. उन्होंने कहा कि भारत के मजबूत गेंदबाजी आक्रमण के खिलाफ लगातार रन बनाना आसान नहीं होता, लेकिन फिलिप्स ने पूरी सीरीज में अपनी काबिलियत दिखाई.
सैंटनर के अनुसार, फिलिप्स शुरुआत में पिच और परिस्थितियों को समझने के लिए समय लेते हैं. इसके बाद वह मैदान के चारों तरफ बड़े शॉट लगाने की क्षमता रखते हैं. न्यूजीलैंड को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में उनकी भूमिका काफी अहम रही. खासकर 200 से अधिक और 260 रन के बड़े स्कोर तक पहुंचने में उनके योगदान को कप्तान ने महत्वपूर्ण बताया.
नए खिलाड़ियों के प्रदर्शन से भी खुश हैं सैंटनर
सैंटनर ने टीम के युवा और रिजर्व खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर भी खुशी जताई. व्यस्त क्रिकेट कार्यक्रम के कारण न्यूजीलैंड को इस सीरीज में कुछ नए खिलाड़ियों को मौका देना पड़ा. कप्तान के मुताबिक, इन खिलाड़ियों ने मिले अवसर का अच्छा इस्तेमाल किया और दिखाया कि उनमें अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में प्रदर्शन करने की क्षमता है.