Imad Wasim ex wife Sannia Ashfaq: पाकिस्तानी क्रिकेटर इमाद वसीम की एक्स वाइफ सानिया अशफाक ने पिछले 48 घंटों में सोशल मीडिया पर कई पोस्ट शेयर किए, जिसमें इस पूर्व ऑलराउंडर पर नए आरोप लगाए. उन पर कथित तौर पर अबॉर्शन के लिए मजबूर करने के लिए 'मर्डर' का आरोप लगाने के बाद, उन्होंने क्रिकेटर के कथित दर्दनाक मैसेज शेयर करने से पहले पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन मोहसिन नकवी से दखल देने की मांग की. गौरलतब है कि वसीम ने इस हफ्ते की शुरुआत में इंफ्लुएंसर नायला राजा से अपनी दूसरी शादी की घोषणा की, सानिया से तलाक के ठीक दो महीने बाद.
इमाद के बायकॉट की मांग
अपनी पहली पोस्ट में, उन्होंने हाल ही में हुए पीएसएल ऑक्शन की एक तस्वीर शेयर की, जहां इस्लामाबाद यूनाइटेड ने इमाद को 2.2 करोड़ पाकिस्तानी रुपये में साइन किया था. उन पर बेवफाई और 'मर्डर' का आरोप लगाने के बाद, जिनके बारे में उनका कहना है कि वीडियो सबूतों से पता चलता है, अशफाक ने फॉलोअर्स से वसीम जैसे खिलाड़ी को साइन करने के लिए पीएसएल फ्रैंचाइजी का बॉयकॉट करने की अपील की.
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अबॉर्शन का आरोप
पोस्ट में लिखा था, 'दिसंबर 2023 में, उसने लाहौर में मेरे बच्चे का अबॉर्शन करवा दिया. वो एक कातिल है, और मेरे पास एक वीडियो है जो ये साबित करता है. उसने मुझे धोखा दिया. इस्लामाबाद यूनाइटेड टीम ने एक कातिल और धोखेबाज को मौका दिया है. #boycottislamabadunited किसी भी धोखेबाज या हत्यारे को बचने नहीं देना चाहिए.
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'कोई सपोर्ट नहीं मिला'
बुधवार को सानिया, जिन्होंने दिसंबर 2025 में वसीम को तलाक दिया था, ने एक वीडियो शेयर किया जिसमें उन्होंने 2 साल पहले अबॉर्शन के लिए मजबूर किए जाने, इससे हुए ट्रॉमा और कैसे उन्हें क्रिकेटर से कोई सपोर्ट नहीं मिला, इस बारे में बताया.
इंसाफ की मांग
उन्होंने कहा, 'बहुत हिम्मत के साथ, मैं ये वीडियो रिकॉर्ड कर रही हूं क्योंकि मैं न सिर्फ अपने बच्चों के लिए सच्चाई चाहती हूं बल्कि इंसाफ भी चाहती हूं. दिसंबर 2023 में, मुझे अबॉर्शन के लिए मजबूर किया गया. ये मेरी पसंद नहीं थी, और इससे मुझे सीरियस फिजिकल और इमोशनल ट्रॉमा हुआ. इस मुश्किल वक्त में, जब मुझे सबसे ज्यादा सपोर्ट की जरूरत थी, तो मुझ पर भरोसा नहीं किया गया. मेरे पास इसे साबित करने के लिए सभी सबूत हैं.'
नकवी और शरीफ से अपील
ये साफ करते हुए कि वीडियो इंसाफ के लिए पोस्ट किया गया था, बदला लेने के लिए नहीं. सानिया ने इस्लामाबाद यूनाइटेड से अपने दावों का रिव्यू करने की अपील की और मोहसिन नकवी और पाकिस्तान की पीएम शहबाज़ शरीफ से दखल देने की मांग की.
'बदले की भावना नहीं'
सानिया ने आगे कहा, 'अपने बच्चे को खोने के बाद, मुझे कोई सपोर्ट नहीं मिला. जब भी मैंने हिम्मत करके आवाज उठाई, मुझे चुप करा दिया गया, और सोशल मीडिया पर मेरे ख़िलाफ़ नेगेटिव कैंपेन चलाए गए. मैं यह साफ करना चाहती हूँ कि मैं यह सिर्फ अपने बच्चों के लिए कर रही हूं. मुझे उनके लिए इंसाफ चाहिए. मैं इस्लामाबाद यूनाइटेड से रिक्वेस्ट करती हूं कि इस मामले का गंभीरता से रिव्यू करें और सही एक्शन लें. मैं शहबाज़ शरीफ और मोहसिन नकवी से भी रिक्वेस्ट करती हूँ कि वो इस पर ध्यान दें और सही जांच एनश्योर करें. मैं इज्जत चाहती हूं, बदला नहीं. मुझे उम्मीद है कि मेरी आवाज सुनी जाएगी, और भविष्य में किसी और औरत या माँ को इस दर्द से न गुजरना पड़े.'
स्क्रीनशॉट को किया पब्लिक
18 फरवरी की देर रात शेयर की गई तीसरी पोस्ट में, उन्होंने व्हाट्सऐप पर हुई बातचीत के स्क्रीनशॉट पोस्ट किए, जिसमें आरोप लगाया गया कि वसीम ने उन्हें हैरेसमेंट केस की 'धमकी' दी, जब उन्होंने वसीम से अपना और अपने होने वाले बच्चे का ख्याल रखने के लिए कहा.
'गुजारिश करने पर मिली धमकी'
सानिया ने लिखा, 'वो कहता है कि मैं उसके बच्चों को उससे दूर रखती हूं… लेकिन जब मैं प्रेग्नेंट थी, उसके बच्चे को जन्म दे रही थी, थकी हुई, इमोशनल और कमजोर थी, तो मैंने उससे बात की. मैं कुछ भी गलत नहीं मांग रही थी. मैंने बस उससे कहा कि वो आकर उसके होने वाले बेटे को देखे, वहां रहे, देखभाल करे, मेरे अंदर पल रहे जीवन के लिए थोड़ा सा प्यार दिखाए. और सपोर्ट करने के बजाय, फिक्र करने के बजाय, उसने मुझे धमकी दी. उसने कहा कि अगर मैंने उससे दोबारा कॉन्टैक्ट किया, तो वो मेरे खिलाफ हैरेसमेंट का केस करेगा, जब मैं उसके बच्चे को जन्म दे रही थी.'