Vastu Tips For Kitchen: वास्तु शास्त्र में दिशाओं और रंगों का खास महत्व है। माना जाता है कि घर की दीवारों और स्लैब पर किए गए रंगों का प्रभाव मकान के वास्तु और परिवारवालों के ऊपर पड़ता है। रसोई को घर का एक अहम हिस्सा माना गया है, जिसमें मौजूद चीजों का सीधा असर घरवालों की सेहत पर पड़ता है। खासतौर पर रसोई की दीवार और किचन में मौजूद स्लैब के रंगों का चयन वास्तु नियमों को ध्यान में रखते हुए करना चाहिए। नहीं तो घरवाले सदा परेशान रहते हैं। खासकर गृह क्लेश और सेहत संबंधी समस्याएं बनी रहती हैं। चलिए जानते हैं किचन और रसोई में मौजूद स्लैब के सही रंगों के बारे में।
किचन की स्लैब किस रंग की नहीं होनी चाहिए?
वास्तु शास्त्र के अनुसार, किचन की स्लैब काले रंग की नहीं होनी चाहिए। काला कलर कर्मफल दाता शनि का रंग है, जिसे अशुभता का प्रतीक माना जाता है। पूजा-पाठ, सगाई-शादी, मुंडन और गृह प्रवेश आदि धार्मिक अनुष्ठान में काले रंग का इस्तेमाल करना वर्जित माना गया है। इसके अलावा घर और दुकान में भी ये रंग नहीं करवाना चाहिए।
खासतौर पर किचन की स्लैब का रंग काला नहीं होना चाहिए। जिन लोगों की किचन की स्लैब का रंग काला होता है, वो हमेशा परेशान रहते हैं। आए दिन उनके घर में लड़ाई-झगड़े होते रहते हैं। घर की महिलाओं को पैरों से जुड़ी समस्याओं होने लगती हैं। साथ ही आंखों से संबंधित बीमारियों के होने का खतरा भी बढ़ जाता है।
किस रंग की बनवाएं किचन की स्लैब?
जिन लोगों की किचन की स्लैब का रंग ऑफ व्हाइट होता है, उनके घर में सदा बरकत होती है। कभी भी उन्हें पैसों की कमी का सामना नहीं करना पड़ता है। ऑफ व्हाइट के अलावा पीला, भूरा, हरा या ग्रे कलर स्लैब पर करवाना शुभ माना जाता है।
रसोई में कौन-सा रंग करवाना है शुभ?
वास्तु शास्त्र के अनुसार, सफेद, भूरा, नीला, पीला, हरा या नारंगी रंग रसोई की दीवारों पर करवाना शुभ माना जाता है।
किचन में कौन-सा रंग नहीं करवाना चाहिए?
शास्त्रों में बताया गया है कि किचन की दीवारों पर काला, स्लेटी, ग्रे या डार्क ग्रीन रंग नहीं करवाना चाहिए। इन रंगों के नकारात्मक प्रभाव के कारण घरवालों का स्वास्थ्य खराब होता है। इसके अलावा परिवारवालों के बीच मतभेद भी उत्पन्न होते रहते हैं।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।