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Kaalchakra Today: गुण मिलाने के बाद भी क्यों टूटती है शादी? पंडित सुरेश पांडेय ने बताई वजह

Kaalchakra News24 Today: कुंडली मिलाने के बाद भी क्यों टूटती हैं शादियां? आज के कालचक्र में पंडित सुरेश पांडेय आपको इसी सवाल के बारे में बताएंगे। इसी के साथ आपको कुंडली, गुण और शादी से जुड़ी अहम बातों के बारे में भी जानने को मिलेगा।

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पंडित सुरेश पांडेय (Kaalchakra News24 Today): सनातन धर्म के लोग आज भी अपने बच्चों का रिश्ता पक्का करने से पहले लड़का-लड़की की कुंडली में गुण मिलाए जाते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शादी से पहले लड़के और लड़की की कुंडली में 24 से ज्यादा गुण मिलते हैं, तो उनके वैवाहिक जीवन में प्रेम बरकरार रहता है। साथ ही उनका वैवाहिक जीवन भी सुखमय रहता है, लेकिन आपने देखा होगा कि कई बार 30 से ज्यादा गुण मिलाने के भी रिश्ते टूट जाते हैं। आखिर ऐसा क्यों होता है? आज के कालचक्र में पंडित सुरेश पांडेय आपको ये ही बताएंगे कि गुण मिलाने के बाद शादियां क्यों टूटती हैं।

गुण के अलावा इन चीजों का मिलन भी है जरूरी

पंडित सुरेश पांडेय बताते हैं कि शादी करने से पहले कुंडली में केवल गुण ही नहीं मिलाए जाते हैं। गुण के अलावा कुंडली में वर्ण, तारा, योनि, ग्रह, मैत्री, गण, भकूट और नाड़ी का मिलन भी जरूरी होता है। अगर इनमें से कोई एक गुण भी नहीं मिलता है, तो उसका नकारात्मक प्रभाव कभी न कभी विवाहित जीवन पर पड़ता ही है।

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इन दो दोष के कारण विवाह में आती हैं परेशानियां

कुंडली में वर्ण, तारा, योनि, ग्रह, मैत्री, गण, भकूट, नाड़ी के अलावा भाव और ग्रह का भी विशेष महत्व होता है। शादी से पहले जब किसी व्यक्ति की कुंडली में नाड़ी दोष या भकूट दोष होता है, तो उनके वैवाहिक जीवन में परेशानियां बढ़ने की संभावना बढ़ जाती हैं।

नाड़ी दोष के बाद भी की जा सकती है शादी? 

वैसे तो नाड़ी दोष का प्रभाव विशेषकर संतान पर पड़ता है, लेकिन माना जाता है कि जिन लोगों की कुंडली में नाड़ी दोष होता है, उनकी शादी होने में समस्या आती है। नाड़ी दोष होने पर वर-वधू दोनों की जन्म कुंडली में शादी से पहले संतान योग भी देखना चाहिए। हालांकि कुछ परिस्थितियों में नाड़ी दोष का प्रभाव कम हो जाता है। जब कुंडली में नक्षत्र चरण भेद पर होता है, तो ऐसे में नाड़ी दोष होने पर भी विवाह किया जा सकता है।

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वहीं कुंडली में भकूट दोष होने पर वर-वधू के आपसी संबंधों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। लेकिन भकूट दोष होने पर अगर राशियों के स्वामियों मे परस्पर मित्रता हो जाती है, तो ऐसी परिस्थिति में शादी की जा सकती है।

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

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