हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

Chaitra Navratri 2026 (Day 3 Maa Chandraghanta): चैत्र नवरात्रि का तीसरा दिन आज; जानें मां चंद्रघंटा की पूजा का शुभ मुहूर्त, विधि, मंत्र, आरती और प्रिय फूल-रंग

Chaitra Navratri 2026: आज 21 मार्च 2026 को चैत्र नवरात्रि का तीसरा दिन है, जो कि मां चंद्रघंटा को समर्पित है. यहां पर आप मां चंद्रघंटा के स्वरूप, प्रिय फूल, पसंदीदा रंग, पूजा के शुभ मुहूर्त, पूजन विधि, मंत्र और आरती आदि के बारे में.

विज्ञापन
Credit- Social Media

Chaitra Navratri 2026 (Day 3 Maa Chandraghanta) Today Shubh Muhurat, Puja Vidhi, Mantra & Aarti: चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व चल रहा है, जो कि कुल 9 दिनों तक चलता है. इस दौरान व्रत रखने के साथ-साथ मां दुर्गा के 9 स्वरूपों की पूजा की जाती है. मान्यता है कि मां दुर्गा के आशीर्वाद से व्यक्ति को जीवन के तमाम संकटों से मुक्ति मिलती है और पाप नष्ट होते हैं. पंचांग के अनुसार, 19 मार्च 2026 से शुरू हुई चैत्र नवरात्रि का आज तीसरा दिन है, जो कि मां दुर्गा के तीसरे स्वरूप देवी चंद्रघंटा को समर्पित है.

माना जाता है कि मां चंद्रघंटा की पूजा करने से व्यक्ति को साहस, आत्मविश्वास और मानसिक शांति मिलती है. साथ ही दुखों का नाश होता है. चलिए अब जानते हैं मां चंद्रघंटा के स्वरूप, पूजा के शुभ मुहूर्त, पूजन विधि और आरती आदि के बारे में.

मां चंद्रघंटा का स्वरूप

भगवान शिव से विवाह होने के बाद देवी पार्वती ने अपने मस्तक पर अर्ध चन्द्र धारण किया था, जिसके कारण उन्हें देवी चन्द्रघण्टा का नाम मिला. बता दें कि देवी चन्द्रघण्टा की सवारी बाघिन है और उनकी 10 भुजाएं हैं.

विज्ञापन

मां चंद्रघंटा की पूजा का शुभ मुहूर्त

  • ब्रह्म मुहूर्त- सुबह 05:23 से सुबह 06:10
  • प्रातः सन्ध्या- सुबह 05:47 से सुबह 06:58
  • अभिजीत मुहूर्त- दोपहर 12:39 से दोपहर 01:28
  • सायाह्न सन्ध्या- शाम 07:09 से शाम 08:20
  • अमृत काल- सुबह 08:28 से सुबह 09:57

मां चंद्रघंटा की पूजा विधि

  • ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करने के बाद स्वच्छ सुनहरे या पीले रंग के वस्त्र धारण करें.
  • पूजा स्थल के साथ-साथ घर को गंगाजल से शुद्ध करें.
  • माता रानी को चंदन, अक्षत, वस्त्र, फूल, फल, पंचामृत और मिठाई अर्पित करें.
  • घी का दीपक जलाने के बाद मंत्र जाप करें और व्रत की कथा सुनें या पढ़ें.
  • आरती करके क्षमा याचना करें.

मां चंद्रघंटा का प्रिय फूल और रंग

मां चंद्रघंटा को लाल और पीले रंग के फूल अति प्रिय हैं, जबकि सुनहरा और पीला रंग देवी को पसंद है.

मां चंद्रघंटा का मंत्र

ॐ देवी चन्द्रघण्टायै नमः॥

विज्ञापन

ये भी पढ़ें- Navratri Vrat Galtiyan: चैत्र नवरात्रि 2026 में इन गलतियों को करने से बचें, वरना मां दुर्गा होंगी नाराज

मां चंद्रघंटा की आरती

जय माँ चन्द्रघण्टा सुख धाम। पूर्ण कीजो मेरे काम॥
चन्द्र समाज तू शीतल दाती। चन्द्र तेज किरणों में समाती॥
मन की मालक मन भाती हो। चन्द्रघण्टा तुम वर दाती हो॥
सुन्दर भाव को लाने वाली। हर संकट में बचाने वाली॥
हर बुधवार को तुझे ध्याये। सन्मुख घी की ज्योत जलाये॥
श्रद्धा सहित तो विनय सुनाये। मूर्ति चन्द्र आकार बनाये॥
शीश झुका कहे मन की बाता। पूर्ण आस करो जगत दाता॥
काँचीपुर स्थान तुम्हारा। कर्नाटिका में मान तुम्हारा॥
नाम तेरा रटूँ महारानी। भक्त की रक्षा करो भवानी॥

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola