Ahoi Ashtami 2026 Today, Ahoi Mata Ki Aarti: आज 1 नवंबर को अहोई अष्टमी व्रत पर अहोई माता की पूजा का विधान है. अहोई अष्टमी व्रत संतान की लंबी उम्र और सुखी जीवन के लिए किया जाता है. हिंदू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कोई भी पूजा आरती करने के बाद ही संपन्न होती है. इसके बिना पूजा का संपूर्ण फल नहीं मिलता है. आज अहोई अष्टमी पर अहोई माता की पूजा-अर्चना के साथ ही उनकी आरती अवश्य करें. आप यहां अहोई माता की आरती के लिरिक्स पढ़ सकते हैं.
अहोई माता की आरती (Ahoi Mata Aarti Lyrics in Hindi)
जय अहोई माता जय अहोई माता।
तुमको निशिदिन सेवत हर विष्णु विधाता॥
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
ब्रह्माणी रूद्राणी कमला तू ही है जगमाता ।
सूर्य चन्द्रमा ध्यावत नारद ऋषि गाता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय होई माता।
माता रूप निरंजन सुख सम्पति दाता।
जो कोई तुमको ध्यावत नित मंगल आता।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
तू ही है पाताल वसंती, तू ही शुभदाता।
कर्मप्रभाव प्रकाशक जगनिधि से त्राता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
जिस घर थारो बासो वाही में गुण आता।
कर न सके सोई करले मन नहीं घबराता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
तुम बिन सुख न होवे पुत्र न कोई पाता।
खान पान का वैभव तुम बिन नही जाता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
शुभ गुण सुन्दर मुक्ता क्षीरनिधि जाता।
रत्न चतुर्दश तोकूं कोई नहीं पाता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
श्री अहोई माँ की आरती जो कोई भी गाता।
उर उमंग अतिं उपजे पाप उतर जाता।।
मैया जय अहोई माता, जय जय अहोई माता।
अहोई अष्टमी 2026 पूजा मुहूर्त (Ahoi Ashtami 2026 Puja Muhurat)
आज अहोई अष्टमी पर पूजा का मुहूर्त शाम को 5 बजकर 36 मिनट से लेकर शाम को 6 बजकर 54 मिनट तक है. अहोई अष्टमी पर तारों को अर्घ्य देने का महत्व होता है. आज शाम को तारों के निकलने का समय 6 बजे हैं. शाम को तारों को अर्घ्य देने के साथ ही व्रत संपन्न माना जाता है.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.