रियान पराग-युजवेंद्र चहल के ई-सिगरेट कांड के बाद BCCI का एक्शन, IPL 2026 की बीच बोर्ड ने जारी की एडवाइजरी
BCCI Bans E-Cigarettes During IPL: बीसीसीआई ने सभी आईपीएल को टूर्नामेंट के वेन्यू पर वेप्स और इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट के इस्तेमाल के संबंध में एक सख्त एडवाइजरी जारी की है. यह निर्देश राजस्थान रॉयल्स के कप्तान रियान पराग से जुड़े हालिया विवाद के बाद आया है, और इसका मकसद आईपीएल सीजन के दौरान अनुशासन और प्रोफेशनलिज्म बनाए रखना है.

ये मुद्दा राजस्थान रॉयल्स और पंजाब किंग्स के बीच एक मैच के दौरान सामने आया, जब टीवी कैमरों ने कथित तौर पर पराग को ड्रेसिंग रूम के अंदर वेप इस्तेमाल करते हुए कैद कर लिया. ये विजुअल्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से फैल गए, जिससे फैंस और क्रिकेट जानकारों की आलोचना शुरू हो गई. इस घटना के बाद बीसीसीआई ने लीग भर में अपने नियमों को और सख्त कर दिया.
2 / 6इस विवाद के बाद रियान पराग पर कथित तौर पर उनकी मैच फीस का 25 फीसदी जुर्माना लगाया गया, क्योंकि उनके इस बर्ताव को टूर्नामेंट की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला माना गया था. इसके तुरंत बाद बीसीसीआई ने सभी 10 फ्रेंचाइजी को इंफॉर्म किया कि ई-सिगरेट और इसी तरह के प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल अब किसी भी ऑफिशियल माहौल में मंजूर नहीं होगा.
3 / 6रिपोर्ट्स के मुताबिक बीसीसीआई ने ये चेतावनी जारी करते वक्त भारतीय कानूनों का भी हवाला दिया. अपने मैसेज में बोर्ड ने कहा, 'ड्रेसिंग रूम और टूर्नामेंट के वेन्यू के बाकी रेस्ट्रिक्टेड एरियाज में वेपिंग की घटनाओं पर बीसीसीआई की नजर गई है. ये ध्यान रखना जरूरी है कि भारतीय कानून के तहत वेप्स और इलेक्ट्रॉनिक सिगरेट का इस्तेमाल बैन है.'
4 / 6एडवाइजरी में आगे चेतावनी दी गई है कि नियमों का उल्लंघन करने पर IPL नियमों के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई के अलावा कानूनी नतीजे भी भुगतने पड़ सकते हैं. बयान में आगे कहा गया, 'टूर्नामेंट परिसर के अंदर ऐसा बर्ताव करते पाए जाने वाला कोई भी व्यक्ति न केवल BCCI और IPL नियमों का उल्लंघन कर रहा है, बल्कि वह लागू कानूनी ढांचे के तहत एक संज्ञेय अपराध भी कर रहा हो सकता है.'
5 / 6ये बैन न सिर्फ स्टेडियम पर, बल्कि टूर्नामेंट के दौरान टीम से संबंधित सभी जगहों पर भी लागू होता है. ड्रेसिंग रूम, डगआउट, होटल और प्रैक्टिस की सभी सुविधाएं इस नए प्रतिबंध के दायरे में आ गई हैं. बोर्ड ने फ्रेंचाइजी को ये भी निर्देश दिया है कि वो ये सुनिश्चित करें कि हर खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ के सदस्य को इन अपडेटेड गाइडलाइंस के बारे में पूरी जानकारी हो.
6 / 6नियमों को सख्ती से लागू करने के लिए, फ्रेंचाइजी को 48 घंटों के भीतर मैंडेटरी अवेरनेस ब्रीफिंग आयोजित करने का निर्देश दिया गया है. BCCI टूर्नामेंट के दौरान निरीक्षण और नियमों के पालन की जांच भी कर सकता है. इन उपायों के ज़रिए, बोर्ड को उम्मीद है कि वह IPL की प्रतिष्ठा की रक्षा कर पाएगा, और साथ ही यह भी सुनिश्चित करेगा कि खिलाड़ी मैदान के अंदर और बाहर, दोनों जगह प्रोफेशनल स्टैंडर्ड को मेनटेन रखें.