SBI Credit Card Rules Change: एसबीआई क्रेडिट कार्डधारकों के लिए बड़ी खबर! 1 जुलाई से बदल रहे हैं रिवॉर्ड पॉइंट्स के नियम; देखें नए अपडेट

SBI Card New Rules 2026: 1 जुलाई से एसबीआई क्रेडिट कार्ड के रिवॉर्ड पॉइंट्स के नियम बदल रहे हैं। रेंट पेमेंट और वॉलेट लोड समेत कई ट्रांजैक्शन्स पर लगेगी लिमिट। देखें अपडेट।

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अगर आप स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) का क्रेडिट कार्ड इस्तेमाल करते हैं, तो 1 जुलाई 2026 से आपकी जेब और कार्ड से मिलने वाले फायदों का गणित बदलने जा रहा है। एसबीआई कार्ड्स (SBI Cards) ने अपने कई लोकप्रिय और प्रीमियम क्रेडिट कार्ड्स के रिवॉर्ड पॉइंट्स (Reward Points) के नियमों में बड़ा संशोधन किया है। इसके तहत कुछ खास ट्रांजैक्शन्स पर अब रिवॉर्ड पॉइंट्स की अधिकतम सीमा (Capping) तय कर दी गई है। आइए, समझते हैं कि 1 जुलाई से आपके कार्ड पर क्या असर पड़ने वाला है।

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PhonePe SBI क्रेडिट कार्ड यूजर्स को लगा बड़ा झटका!

PhonePe SBI क्रेडिट कार्ड यूजर्स को लगा बड़ा झटका!2 / 6

एसबीआई ने विशेष रूप से फिनटेक प्लेटफॉर्म फोनपे (PhonePe) के साथ को-ब्रांडेड प्रीमियम कार्ड्स के नियमों में सख्ती की है। PhonePe SBI Credit Card PURPLE और PhonePe SBI Credit Card SELECT BLACK जैसी कैटेगरी में अब हर महीने मिलने वाले रिवॉर्ड पॉइंट्स की एक अधिकतम सीमा (मंथली कैपिंग) लागू हो जाएगी। यदि आप इन कार्ड्स के जरिए एक तय सीमा से ज्यादा की शॉपिंग या यूटिलिटी बिल पेमेंट करते हैं, तो उस लिमिट के पार जाने के बाद आपको कोई एक्स्ट्रा रिवॉर्ड पॉइंट नहीं मिलेगा।

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इन ट्रांजैक्शन्स पर अब नहीं मिलेगा कोई भी रिवॉर्ड पॉइंट!

इन ट्रांजैक्शन्स पर अब नहीं मिलेगा कोई भी रिवॉर्ड पॉइंट!3 / 6

बैंक ने कुछ चुनिंदा कैटेगरीज को रिवॉर्ड पॉइंट की लिस्ट से पूरी तरह बाहर या सीमित कर दिया है। डिजिटल वॉलेट लोड करने या क्रेडिट कार्ड के जरिए घर/दुकान का किराया (Rent Payment) चुकाने पर अब कोई रिवॉर्ड पॉइंट नहीं दिए जाएंगे। कुछ कार्ड्स पर सरकारी टैक्स भुगतान या चालान जैसी सरकारी सेवाओं (Government Services) पर भी रिवॉर्ड्स को बंद या कम किया जा रहा है।

क्यों हो रहा है नियमों में बदलाव? समझें इसके पीछे की वजह

क्यों हो रहा है नियमों में बदलाव? समझें इसके पीछे की वजह4 / 6

क्रेडिट कार्ड कंपनियों द्वारा समय-समय पर किए जाने वाले इस बदलाव (Devaluation) के पीछे कई व्यावसायिक कारण होते हैं। कई यूजर्स पर्सनल क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल बड़े कमर्शियल और बिजनेस ट्रांजैक्शन्स के लिए कर रहे थे, जिससे वे भारी मात्रा में रिवॉर्ड पॉइंट्स कमा लेते थे। इसी का लूपहोल बंद करने के लिए कैपिंग लगाई जा रही है। मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) और अन्य वित्तीय समीकरणों को संतुलित रखने के लिए बैंक अपने रिवॉर्ड स्ट्रक्चर को संशोधित करते रहते हैं।

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1 जुलाई से पहले अपने पुराने रिवॉर्ड पॉइंट्स को ऐसे करें रिडीम

1 जुलाई से पहले अपने पुराने रिवॉर्ड पॉइंट्स को ऐसे करें रिडीम5 / 6

अगर आपके खाते में पहले से ढेर सारे रिवॉर्ड पॉइंट्स जमा हैं, तो नए नियमों के लागू होने से पहले उनका सही इस्तेमाल कर लें। अपने फोन में एसबीआई कार्ड ऐप खोलें और 'Rewards' सेक्शन में जाएं। आप इन पॉइंट्स के बदले ई-गिफ्ट वाउचर (जैसे Amazon, Flipkart), होटल/फ्लाइट बुकिंग या सीधे अपने क्रेडिट कार्ड के पेंडिंग बिल (Cashback Choice) को सेटल करने के लिए रिडीम कर सकते हैं।

इन 3 बातों का ध्यान रखकर अभी भी उठा सकते हैं कार्ड का पूरा फायदा

इन 3 बातों का ध्यान रखकर अभी भी उठा सकते हैं कार्ड का पूरा फायदा6 / 6

नियम बदलने के बावजूद स्मार्ट प्लानिंग के जरिए आप अपने क्रेडिट कार्ड का बेहतर इस्तेमाल जारी रख सकते हैं। हर महीने अपने कार्ड के स्टेटमेंट या ऐप में जाकर चेक करें कि आपने मंथली रिवॉर्ड लिमिट पार की है या नहीं। बड़े खर्चों के लिए आप अपने परिवार के किसी अन्य कार्ड या दूसरे बैंक के कार्ड का उपयोग कर सकते हैं ताकि रिवॉर्ड्स का नुकसान न हो।

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लेखक के बारे में

Vandana Bharti

Vandana Bharti

वन्‍दना भारती News 24 में बतौर ड‍िप्‍टी न्‍यूज एडिटर कार्यरत हैं और मौजूदा समय में बिजनेस डेस्‍क संभाल रही हैं. वन्दना News 24 के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबरें लिखती हैं. वन्‍दना ने अपने करियर की शुरुआत दैन‍िक जागरण अखबार से की. इसके बाद देशबंधु अखबार में उन्होंने ब‍िजनेस रिपोर्टिंग में अपनी विशेषज्ञता विकसित की. साल 2010 में उन्होंने ह‍िन्‍दुस्‍तान अखबार में अपनी सेवाएं दीं, जहां उन्होंने ब‍िजनेस पेज के लिए 6 साल तक काम किया. वन्‍दना, आजतक डिजिटल, India.com और News18.com जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स में बिजनेस डेस्क से जुड़ी रही हैं. वन्दना ने दिल्ली विश्वविद्यालय से बीकॉम किया है. कॉमर्स बैकग्राउंड होने के कारण उनकी बिजनेस की खबरों में अच्छी पकड़ है और इन खबरों को वह आसान भाषा में यूजर्स तक पहुंचाती हैं. कितने साल का अनुभव: 18 साल योग्यता: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.कॉम और नई द‍िल्‍ली के YMCA संस्‍थान से पत्रकार‍िता में पीजीडीएमए की डिग्री प्राप्त की है.
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