PM Kisan: 23वीं किस्त के 2000 रुपये नहीं आए? स्टेटस में दिख रहा है 'Withheld' या 'Under Review' तो तुरंत करें ये काम

PM Kisan Status 2026: अगर आपके खाते में भी 20 जून को 23वीं किस्त के पैसे नहीं आए हैं और स्‍टेटस में Withheld, Under Review जैसे शब्‍द ल‍िखें हैं तो जानें इन शब्दों का क्‍या मतलब होता है और सुधार करने का आसान तरीका क्‍या है।

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स्टेटस में लिखा है 'Withheld Under Verification' तो क्या है इसका मतलब?

स्टेटस में लिखा है 'Withheld Under Verification' तो क्या है इसका मतलब?2 / 6

अगर आपने अपना स्टेटस चेक किया है और वहां 'Withheld Under Verification' दिख रहा है, तो इसका सीधा मतलब यह है क‍ि राज्य सरकार या प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा आपके दस्तावेजों या पात्रता की दोबारा से जांच (Verification) की जा रही है। जब तक यह जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक सरकार ने आपकी किस्त को अस्थायी रूप से रोक (Withheld) कर रखा है। जांच में सब कुछ सही पाए जाने पर रुकी हुई रकम बाद में एक साथ ट्रांसफर कर दी जाती है।

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'Eligibility Under Review' का क्या खेल है? क्यों अटक जाता है पैसा?

'Eligibility Under Review' का क्या खेल है? क्यों अटक जाता है पैसा?3 / 6

कई किसानों के स्टेटस में इस बार 'Eligibility Under Review' लिखा हुआ दिखाई दे रहा है। इसका मतलब है कि योजना के कड़े होते नियमों (जैसे आयकर दाता होना, परिवार में किसी के सरकारी नौकरी में होना या गलत तरीके से जमीन का ब्योरा देना) के तहत आपकी योग्यता की समीक्षा की जा रही है। अगर विभाग को संदेह होता है कि कोई अपात्र व्यक्ति इस योजना का लाभ ले रहा है, तो स्टेटस को रिव्यू में डाल दिया जाता है। ऐसे में जब तक आप सही दस्तावेज पेश नहीं करते, किस्त जारी नहीं होगी।

ये 3 बड़ी गलतियां भी हैं किस्त रुकने की सबसे मुख्य वजह

ये 3 बड़ी गलतियां भी हैं किस्त रुकने की सबसे मुख्य वजह 4 / 6

अधिकारियों के मुताबिक, अधिकांश मामलों में किसानों द्वारा की गई ये तीन तकनीकी गलतियां ही उनके ₹2,000 अटकने का सबसे बड़ा कारण बनती हैं। अगर आपके बैंक खाते और पीएम किसान प्रोफाइल के साथ आपकी खेती योग्य जमीन का रिकॉर्ड (लैंड सीडिंग) 'No' दिखा रहा है, तो आपकी किस्त बिल्कुल नहीं आएगी। सरकार ने सभी लाभार्थियों के लिए e-KYC अनिवार्य कर दिया है। इसे न कराने वालों के खाते में पैसे ट्रांसफर नहीं किए जाते। आपका बैंक खाता आधार से लिंक होने के साथ-साथ एनपीसीआई (NPCI) मैपिंग से जुड़ा होना चाहिए, क्योंकि पैसा डीबीटी (DBT) के जरिए भेजा जाता है।

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किस्त नहीं आई तो कहां जाएं, क्या करें और किससे मिलें?

किस्त नहीं आई तो कहां जाएं, क्या करें और किससे मिलें? 5 / 6

अगर आपकी किस्त अटक गई है और आप परेशान हैं कि आगे की किस्तें मिलेंगी या नहीं, तो तुरंत इन तरीकों को अपनाएं। अपनी जमीन के दस्तावेज (खतौनी), आधार कार्ड और बैंक पासबुक लेकर अपने क्षेत्र के पटवारी/लेखपाल या जिला कृषि कार्यालय (Agriculture Office) में जाकर संपर्क करें। वे आपके लैंड सीडिंग और पात्रता के स्टेटस को ऑनलाइन ठीक कर देंगे। आप अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) पर जाकर भी अपनी e-KYC और बैंक मैपिंग की स्थिति की जांच कराकर उसे तुरंत अपडेट करवा सकते हैं।

घर बैठे शिकायत दर्ज करने के लिए नोट कर लें ये हेल्पलाइन नंबर

घर बैठे शिकायत दर्ज करने के लिए नोट कर लें ये हेल्पलाइन नंबर6 / 6

दफ्तरों के चक्कर काटने से पहले आप घर बैठे भी सरकार के आधिकारिक माध्यमों से अपनी शिकायत और समस्या का समाधान पा सकते हैं। सबसे पहले पीएम किसान की वेबसाइट (pmkisan.gov.in) पर जाकर 'Know Your Status' में जाकर अपनी कमियों को खुद देखें। किसी भी तकनीकी समस्या या किस्त न आने की शिकायत दर्ज कराने के लिए सरकार के आधिकारिक हेल्पलाइन नंबर 155261, 1800115526 या 011-23381092 पर कॉल कर सकते हैं। इसके अलावा pmkisan-ict@gov.in पर ईमेल भी भेज सकते हैं।

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लेखक के बारे में

Vandana Bharti

Vandana Bharti

वन्‍दना भारती News 24 में बतौर ड‍िप्‍टी न्‍यूज एडिटर कार्यरत हैं और मौजूदा समय में बिजनेस डेस्‍क संभाल रही हैं. वन्दना News 24 के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबरें लिखती हैं. वन्‍दना ने अपने करियर की शुरुआत दैन‍िक जागरण अखबार से की. इसके बाद देशबंधु अखबार में उन्होंने ब‍िजनेस रिपोर्टिंग में अपनी विशेषज्ञता विकसित की. साल 2010 में उन्होंने ह‍िन्‍दुस्‍तान अखबार में अपनी सेवाएं दीं, जहां उन्होंने ब‍िजनेस पेज के लिए 6 साल तक काम किया. वन्‍दना, आजतक डिजिटल, India.com और News18.com जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स में बिजनेस डेस्क से जुड़ी रही हैं. वन्दना ने दिल्ली विश्वविद्यालय से बीकॉम किया है. कॉमर्स बैकग्राउंड होने के कारण उनकी बिजनेस की खबरों में अच्छी पकड़ है और इन खबरों को वह आसान भाषा में यूजर्स तक पहुंचाती हैं. कितने साल का अनुभव: 18 साल योग्यता: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.कॉम और नई द‍िल्‍ली के YMCA संस्‍थान से पत्रकार‍िता में पीजीडीएमए की डिग्री प्राप्त की है.
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