Who is SR Parthiban: संसद में गुरुवार के दिन सुरक्षा उल्लंघन का विरोध करने पर 13 सांसदों को सस्पेंड कर दिया गया। इससे पहले लिस्ट में लोकसभा से 14 और राज्यसभा से एक सांसद का नाम शामिल था। इस दौरान एक चूक भी सामने आई। दरअसल, लोकसभा से सस्पेंड किए गए सांसदों में से एक एसआर पार्थिबन सदन में मौजूद ही नहीं थे। हालांकि बाद में अहसास होने पर यह गलती सुधारी गई और पार्थिबन का निलंबन वापस ले लिया गया। आइए जानते हैं कि एसआर पार्थिबन कौन हैं और वह लोकसभा में उपस्थित क्यों नहीं थे।
लोकसभा सांसद एसआर पार्थिबन के अनुसार, वह बीमार होने के चलते उपस्थित नहीं थे। संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी के मुताबिक, सदस्य की पहचान करने में स्टाफ से गलती हो गई थी इसलिए उनका नाम शामिल कर लिया गया।
कौन हैं एसआर पार्थिबन?
डीएमके सांसद एसआर पार्थिबन तमिलनाडु के सेलम निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं। इससे पहले वह मेट्टूर निर्वाचन क्षेत्र से विधायक रह चुके हैं। वह खेल विकास विंग के उप सचिव भी हैं। उन्होंने 2019 में सलेम निर्वाचन क्षेत्र में 6,06,302 वोट (48.3%) प्राप्त करके लोकसभा चुनाव जीता था। उन्होंने 2019 में 1.46 लाख वोटों के बड़े अंतर से जीत हासिल की थी।
पार्थिबन लॉ और एग्रीकल्चर बैकग्राउंड से आते हैं। उन्हें ऋण माफी, उचित मूल्य निर्धारण और बेहतर कामकाजी परिस्थितियों जैसे मुद्दों को उठाने के लिए जाना जाता है। स्थानीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और बुनियादी ढांचा जैसे इश्यूज पर वे काम करते हैं।
पार्थिबन सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव हैं। उन पर 2019 में तत्कालीन मुख्यमंत्री एडप्पादी के पलानीसामी को बदनाम करने का आरोप लग चुका है। हालांकि मद्रास हाई कोर्ट ने 2022 में मामले को रद्द कर दिया था।
मुख्यमंत्री और डीएमके प्रमुख एमके स्टालिन ने सांसदों के निलंबन पर सवाल उठाए। उन्होंने लिखा- "डीएमके सांसद कनिमोझी सहित 15 विपक्षी सांसदों का निलंबन अलोकतांत्रिक है और संसदीय लोकतंत्र की भावना को कमजोर करता है।''
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